शिमला। हिमाचल की मंडी सीट से भाजपा सांसद कंगना रनौत के महीने के 1 लाख रुपए का बिजली बिल भरने के दावे पर हिमाचल प्रदेश राज्य बिजली बोर्ड (HPSEB) ने सफाई दी है। बोर्ड ने कंगना को जारी बिजली बिलों की कॉपियों के साथ दावा किया है कि वे हर महीने बिजली सब्सिडी लेती हैं, बल्कि कभी टाइम पर बिल नहीं भरा।
HPSEB का यह भी कहना है कि कंगना ने एक महीने का नहीं, बल्कि दो महीने का 90 हजार 384 रुपए बिल भरा है। HPSEB का दावा है कि कंगला के मनाली के सिमसा स्थित मकान में बिजली की खपत 5,000 यूनिट से लेकर 9,000 यूनिट प्रतिमाह की है।
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1500 गुना ज्यादा लोड
HPSEB ने अपनी सफाई में कहा है कि कंगना के मकान का कनेक्टेड लोड 94.82 किलोवाट है, जो कि आम उपभोक्ता के मीटर पर लोड का 1500 गुना अधिक है। इसके बाद भी भाजपा सांसद बिजली की सब्सिडी लेती हैं, जबकि हिमाचल प्रदेश के सीएम सुखविंदर सिंह सुक्खू, डिप्टी सीएम समेत राज्य के कई अधिकारी, नेता, विधायक बिजली की सब्सिडी छोड़ चुके हैं।
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कल यह बयान दिया था कंगना ने
आपको बता दें कि कंगना रनौत ने मंगलवार को मंडी की जनसभा में दावा किया था कि मनाली स्थित उनके मकान में एक लाख रुपए का बिजली बिल आया है, जबकि वे वहां रहती नहीं हैं। इसके बाद उन्होंने लोगों से प्रदेश को भेड़ियों से आजाद करवाने के लिए भाजपा को सहयोग करने की अपील की थी।
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तीन महीने का बिल चुकाया
HPSEB ने कंगना के बयान को गलत बताया है। उसके अनुसार, कंगना ने मार्च में फरवरी का 32 हजार 287 रुपए, अप्रैल में 58096 रुपए मार्च का बिल चुकाया। इसमें सरचार्ज को मिलाकर भाजपा सांसद को 90 हजार 384 रुपए का बिल दिया गया।
