शिमला। हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला से एक सनसनीखेज खबर सामने आई है। यहां स्कूल के बाहर 4 साल की बच्ची के साथ एक ऐसी घटना पेश आई है- जिसने लोगों की नींद उड़ा दी है। इस घटना के बाद लोगों में हड़कंप मचा हुआ है।
बच्चा गिरोह चोर सक्रिय
दरअसल, जिले की नेरवा तहसील में बच्चा चोर गिरोह सक्रिय हो गया है। इस गिरोह के सदस्य चेहरे पर नकाब लगा कर बच्चों को किडनैप कर रहे हैं। घटना के बाद बच्ची काफी सहमी हुई है। जबकि, उसके परिजन काफी चिंता में हैं।
यह भी पढ़ें : गजब हिमाचल! घर पर आराम कर रहा था व्यक्ति, गैराज में खड़ी थी कार- फिर भी कट गया टोल
स्कूल से घर आ रही थी बच्ची
यह घटना बीते शनिवार दोपहर को नेरवा तहसील में पेश आई है। जब एक चार साल की बच्ची को स्कूल से छुट्टी के बाद घर लौट रही थी। इस दौरान उसे रास्ते में अगवा करने की कोशिश की गई।
गाड़ी में आए थे नकाबपोश
बताया जा रहा है कि काली गाड़ी में सवार तीन नकाबपोश युवक बच्ची को जबरन उठा ले जाने का प्रयास कर रहे थे, लेकिन उसके भाई और अन्य बच्चों की सूझबूझ और बहादुरी से बच्ची अपहरणकर्ताओं के चंगुल से बच निकली।
यह भी पढ़ें : हिमाचल में भारी बारिश ने मचाई तबाही, अलर्ट पर कई जिले- स्कूलों में छुट्टियां घोषित
बच्ची को दिया चॉकलेट का लालच
जानकारी के मुताबिक, प्री-नर्सरी में पढ़ने वाली बच्ची छुट्टी के बाद अकेले घर लौट रही थी। स्कूल से कुछ ही दूरी पर खड़ी एक काली गाड़ी से एक युवक उतरा और पहले बच्ची को चॉकलेट देने की कोशिश की। जब बच्ची ने मना कर दिया तो आरोपी ने अचानक उसका मुंह दबाकर कंधे पर उठाने की कोशिश की।
10 साल के भाई ने बचाई बहन
इसी दौरान बच्ची का 10 वर्षीय भाई और उसके साथ खेल रहे दो अन्य छात्र गेट के बाहर मौजूद थे। उन्होंने बहन को हाथापाई में फंसा देखा और तुरंत शोर मचाते हुए आरोपी पर पत्थर बरसाने लगे।
यह भी पढ़ें : हिमाचल में बादल फटने से मचा हाहाकार, सवारियों से भरी HRTC बस के सामने गिरे पहाड़ी से पत्थर
हमलावर पर बरसाए पत्थर
बच्ची के भाई ने हिम्मत दिखाते हुए बड़ा पत्थर उठाकर हमलावर के पैर पर दे मारा। अन्य दोनों बच्चों ने भी आरोपी पर हमला कर बच्ची को खींच लिया। अफरा-तफरी में बच्ची आरोपी के चंगुल से छूट गई और नकाबपोश युवक गाड़ी में बैठकर फरार हो गए।
परिजनों के उड़े होश
बच्ची ने घर जाकर पूरे घटनाक्रम की जानकारी दी। शुरुआत में परिजनों को इस बात पर यकीन नहीं हुआ, लेकिन अगले दिन उन्होंने स्कूल जाकर चश्मदीद बच्चों से पूछताछ की। इसके बाद मामला स्कूल प्रबंधन समिति और पंचायत तक पहुंचा और फिर पुलिस में शिकायत दर्ज करवाई गई।
यह भी पढ़ें : हिमाचल : कबाड़ खरीदने के बहाने गांव में घुसा शातिर, थैली में डाला डेढ़ साल का मासूम; फिर...
नेरवा पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण किया है और इलाके के CCTV की फुटेज खंगाली जा रही है। फिलहाल आरोपियों का कोई सुराग नहीं लग पाया है। पुलिस का कहना है कि बच्चों की बहादुरी ने एक बड़ी अनहोनी को टाल दिया है।
कबाड़ खरीदने के बहाने आए
आपको बता दें कि बीते कल ऐसा ही एक मामला सोलन जिले के नालागढ़ से भी सामने आया था। यहां बीते मंगलवार दोपहर करीब 3 बजे रामशहर तहसील के जांडू गांव में ऐसी घटना पेश आई। मगर मामले की शिकायत बीते शुक्रवार को पुलिस थाने में दर्ज करवाई गई है। लोगों ने बताया कि काले कपड़े से मुंह ढके दो अज्ञात व्यक्ति कबाड़ खरीदने के बहाने गांव में घुसे।
यह भी पढ़ें : हिमाचल : पिता ने गरीबी में काटे दिन, तीनों बच्चों ने कड़ी मेहनत कर निकाली डॉक्टरी का सीट
सफेद थैले में डाला बच्चा
इसी दौरान एक घर में अकेला बैठे करीब 1 साल 4 महीने के मासूम बच्चे को उठाकर सफेद थैले में डालने की कोशिश की। लेकिन जैसे ही बच्चे ने जोर-जोर से रोना और चिल्लाना शुरू किया, तभी स्कूल से लौट रहे अन्य बच्चों ने शोर मचाना शुरू कर दिया। शोरगुल सुनते ही आरोपी घबरा गए और बच्चे को जमीन पर छोड़कर मौके से फरार हो गए।
घर पर अकेला था बच्चा
मासूम के पिता राजीव कुमार, जो पेशे से चालक हैं, ने बताया कि उनका बेटा 15 साल बाद पैदा हुआ है। घटना के समय उनकी पत्नी पड़ोस में गई हुई थी और बच्चा घर में अकेला था। राजीव ने कहा कि इस घटना ने पूरे परिवार को हिलाकर रख दिया।
यह भी पढ़ें : मणिमहेश यात्रा करने जा रहे थे दो यार, रावी नदी में समाई बाइक- एक के निकले प्राण
डर के मारे नहीं करवाई शिकायत
हम इतने डर गए थे कि तुरंत पुलिस में शिकायत दर्ज नहीं करवा पाए, लेकिन अब हमने हिम्मत कर कंट्रोल रूम नंबर 112 पर कॉल करके शिकायत कर दी है। हमारी मांग है कि पुलिस आरोपियों को जल्द गिरफ्तार करे और गांव में सुरक्षा बढ़ाई जाए।
गांव में फैली दहशत
इस घटना के बाद पूरे गांव में भय और असुरक्षा का माहौल है। ग्रामीणों का कहना है कि यह पहली बार नहीं है जब जांडू क्षेत्र में बच्चा चोरी की चर्चा हुई हो। गांव के एक बुजुर्ग ने बताया कि पहले इसे अफवाह माना जाता था, लेकिन इस बार तो बच्चा उठाने की कोशिश सामने आई है।
