चंबा। हिमाचल प्रदेश में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश जहां जनजीवन को अस्त.व्यस्त कर रही है, वहीं पहाड़ी क्षेत्रों में हो रहे भूस्खलन और सड़क हादसे जानलेवा साबित हो रहे हैं। चंबा.भरमौर राष्ट्रीय राजमार्ग पर शनिवार देर रात एक ऐसा ही दिल दहला देने वाला हादसा पेश आया, जिसमें एक पोस्ट ऑफिस कर्मचारी की दर्दनाक मौत हो गई। हादसे के बाद मृतक के परिजनों ने दुर्घटना के पीछे साजिश की आशंका जताई है और मामले की गहन जांच की मांग की है।

प्रदेश में बढ़े सड़क हादसे 

प्रदेश के कई जिलों की तरह चंबा में भी भारी बारिश के चलते जगह-जगह सड़कें फिसलन भरी और खतरनाक हो गई हैं। नालों का पानी सड़कों पर बह रहा है और पहाड़ी मलबा हर रोज नई घटनाओं को जन्म दे रहा है। इन्हीं खतरनाक हालातों के बीच शनिवार रात करीब 1 बजे चंबा-भरमौर मार्ग पर जांघी गांव पंचायत के समीप बन्नी माता मंदिर के पास एक तेज रफ्तार मोटरसाइकिल सड़क किनारे पहाड़ी से टकरा गई।

 

यह भी पढ़ें : आपदा राहत राशि पर जयराम ने घेरी सुक्खू सरकार, कहा- झूठ बोल रहे सीएम, 7 लाख में से चार लाख केंद्र के

युवक पोस्ट ऑफिस कर्मी 

मोटरसाइकिल (HP 46 4274) सवार युवक की मौके पर ही मौत हो गई। मृतक की पहचान दिनेश कुमार (उम्र 34 वर्ष), पुत्र कूंजू राम, निवासी गांव व डाकघर परंघाला, तहसील भरमौर के रूप में हुई है। दिनेश कुमार चंबा स्थित पोस्ट ऑफिस में कार्यरत था और किसी  कार्य के चलते चंबा मुख्यालय गया हुआ था। लौटते वक्त यह दुखद घटना हुई।

सड़क किनारे लहूलुहान मिला शव

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार जब अन्य वाहन चालक रात के समय मौके से गुजरे, तो उन्होंने सड़क किनारे घायल और लहूलुहान हालत में पड़े दिनेश को देखा। तुरंत पुलिस को सूचित किया गया। सूचना मिलते ही पुलिस की टीम घटनास्थल पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भिजवाया।

यह भी पढ़ें : हिमाचल में एक बार फिर बादल फटने से मचा हाहाकार : हर तरफ फैला मलबा- अलर्ट पर 5 जिले

परिजनों ने जताई साजिश की आशंका

इस हादसे ने मृतक दिनेश के परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया है। परिजनों का कहना है कि यह कोई सामान्य हादसा नहीं, बल्कि किसी अज्ञात वाहन द्वारा मारी गई टक्कर का नतीजा है। उनके अनुसार दिनेश जिस मार्ग से लौट रहा था, वहां देर रात आमतौर पर ट्रैफिक कम होता है, ऐसे में मोटरसाइकिल का इस तरह से पहाड़ी से टकरा जाना संदिग्ध प्रतीत होता है। उन्होंने पुलिस प्रशासन से गहराई से जांच कर सच्चाई सामने लाने की मांग की है।

 

यह भी पढ़ें : हिमाचल के इस जिला में बाढ़ जैसे हालात: घरों-खेतों में घुसा पानी, आशियाने छोडने को मजबूर हुए लोग

प्रशासन की कार्रवाई और लोगों की अपील

पुलिस ने फिलहाल मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। घटनास्थल की फॉरेंसिक जांच कराई जा रही है और आसपास के सीसीटीवी फुटेज भी खंगाले जा रहे हैं। वहीं स्थानीय लोगों ने मांग की है कि भारी बारिश के चलते खतरनाक हो चुके मार्गों पर चेतावनी बोर्ड लगाए जाएं और रात के समय भारी वाहनों की आवाजाही पर रोक लगाई जाए।

 

यह भी पढ़ें : हिमाचल के जवान को J&K में मिली शहादत, आज शाम तिरंगे में लिपटी देह पहुंचेगी घर

बारिश बनी अभिशाप

हिमाचल प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में हो रही भारी बारिश ने अब तक सैकड़ों करोड़ का नुकसान किया है। जहां कई सड़कें ध्वस्त हो चुकी हैं, वहीं दर्जनों लोगों की मौत हो चुकी है। चंबा से लेकर किन्नौर तक सड़कों पर खड़े वाहन बह गए हैं और कई स्थानों पर लोगों को सुरक्षित बाहर निकालना पड़ा है। इस बीच चंबा में हुई यह दुर्घटना इस बात की गवाही देती है कि बारिश के साथ-साथ लापरवाही और असुरक्षित सड़कों का मेल आम जन के लिए जानलेवा बनता जा रहा है। स्थानीय प्रशासन को चाहिए कि वह ऐसे मार्गों पर निगरानी बढ़ाए और संवेदनशील क्षेत्रों की पहचान कर उचित सुरक्षा उपाय करे।

नोट : ऐसी ही तेज़, सटीक और ज़मीनी खबरों से जुड़े रहने के लिए इस लिंक पर क्लिक कर हमारे फेसबुक पेज को फॉलो करें।