शिमला। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे कुछ आपत्तिजनक वीडियो और लगातार बढ़ती शिकायतों के बीच हिमाचल की छवि और देवसंस्कृति को लेकर सरकार सख्त तेवर दिखाने लगी है। लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने साफ शब्दों में कहा है कि हिमाचल घूमने आने वाले पर्यटकों का स्वागत है, लेकिन देवभूमि की मर्यादा तोड़ने वाले व्यवहार को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। मंत्री ने चेतावनी दी कि धार्मिक स्थलों, सार्वजनिक स्थानों और सड़कों पर अशोभनीय गतिविधियों पर पुलिस को सख्त कार्रवाई करनी चाहिए।

मर्यादा में रहें पर्यटक

मंत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर वायरल हो रहे वीडियो का हवाला देते हुए चिंता जताई और कहा कि इस तरह की घटनाएं समाज को गलत संदेश देती हैं और हिमाचल की सांस्कृतिक पहचान को ठेस पहुंचाती हैं। 

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देवसंस्कृति के खिलाफ आचरण बर्दाश्त नहीं

लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने कहा कि हिमाचल प्रदेश सभी पर्यटकों का दिल से स्वागत करता है, लेकिन यहां की धार्मिक परंपराएं, सामाजिक मर्यादाएं और सार्वजनिक शालीनता सर्वोपरि हैं। उन्होंने कहा कि कुछ वायरल वीडियो बेहद चिंताजनक हैं और इस तरह के कृत्य देवभूमि की भावना के खिलाफ हैं। जरूरत पड़ी तो पुलिस को और सख्त कदम उठाने चाहिए।मंत्री ने साफ किया कि पर्यटन का मतलब अनुशासनहीनता नहीं हो सकता और जो लोग हिमाचल की संस्कृति का अपमान करेंगे, उनके खिलाफ कार्रवाई तय है।

महिला के वायरल वीडियो ने मचाई थी खलबली

बता दें कि एक महिला पर्यटक द्वारा पोस्ट की गई वीडियो ने पूरे प्रदेश में हलचल मचा दी थी। जिसमें वह अभ्रद कपड़े पहन बर्फबारी में वीडियो बनाती नजर आई, जिसके बाद सोशल मीडिया में इसके खिलाफ लोगों ने कई कमेंट किए। 

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बर्फबारी को बताया प्रदेश के लिए राहत

मंत्री ने लंबे शुष्क दौर के बाद प्रदेश में हुई बर्फबारी को हिमाचल के लिए बेहद अहम बताया। उन्होंने कहा कि यह बर्फबारी किसानों, बागवानों और प्रदेश की अर्थव्यवस्था के लिए संजीवनी की तरह है। इससे जलस्रोतों को मजबूती मिलेगी और आने वाले महीनों में खेती-बागवानी को लाभ पहुंचेगा।

हालांकि, भारी बर्फबारी के कारण जनजीवन पर असर भी पड़ा है। वर्तमान में प्रदेश में 1,291 सड़कें यातायात के लिए बाधित हैं और करीब 4,800 बिजली ट्रांसफॉर्मर ठप पड़े हुए हैं।

युद्धस्तर पर सड़कों की बहाली

लोक निर्माण विभाग युद्धस्तर पर सड़कों को बहाल करने में जुटा हुआ है। मंत्री ने बताया कि बर्फबारी की चेतावनी को देखते हुए पहले ही अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की गई थी और ऊंचाई वाले क्षेत्रों में मशीनरी तैनात कर दी गई थी।

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फिलहाल प्रदेशभर में 385 मशीनें, जिनमें जेसीबी, डोजर और स्नो ब्लोअर शामिल हैं, लगातार सड़कों को खोलने में लगी हुई हैं। इसके साथ ही एक विशेष मॉनिटरिंग सेल भी बनाया गया है, जो जिलों से जमीनी रिपोर्ट जुटा रहा है।

जल्द बहाल होंगी सड़के

मंत्री ने बताया कि सड़कों की बहाली के लिए चरणबद्ध लक्ष्य निर्धारित किए गए हैं। 24 जनवरी को 625 सड़कों, 25 जनवरी को 290 सड़कों और 27 जनवरी तक 324 सड़कों को बहाल करने का लक्ष्य रखा गया है। जरूरत पड़ने पर अतिरिक्त मशीनरी और स्टाफ भी लगाया जाएगा।

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