शिमला। हिमाचल प्रदेश की राजनीति में जल्द बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है। CM सुखविंद्र सिंह सुक्खू की कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के साथ दिल्ली में हुई अहम बैठक के बाद मंत्रिमंडल विस्तार और फेरबदल की चर्चाओं ने जोर पकड़ लिया है।
सुक्खू कैबिनेट में फेरबदल
माना जा रहा है कि लंबे समय से खाली चल रहे कैबिनेट मंत्री के पद को भी जल्द भरा जा सकता है। इस मुलाकात को केवल औपचारिक बैठक नहीं, बल्कि आने वाले राजनीतिक समीकरणों और संगठनात्मक रणनीति से जोड़कर देखा जा रहा है।
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दिल्ली में हुई अहम मंत्रणा
मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने गुरुवार को कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे से मुलाकात कर प्रदेश सरकार की प्राथमिकताओं, विकास कार्यों और संगठन की गतिविधियों पर विस्तार से चर्चा की।
मल्लिकार्जुन खरगे से मिले CM
बैठक में सरकार की योजनाओं के क्रियान्वयन और राजनीतिक हालात को लेकर भी विचार-विमर्श हुआ। बता दें कि सुक्खू कैबिनेट में अभी एक मंत्री पद खाली चल रहा है, जिसे लेकर कई प्रकार की अटकलें लग रही है।
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मंत्रिमंडल विस्तार की अटकलें तेज
सूत्रों के अनुसार प्रदेश मंत्रिमंडल में फेरबदल को लेकर भी चर्चा हुई है। लंबे समय से खाली पड़े कैबिनेट मंत्री के पद को भरने और सरकार में कुछ नई जिम्मेदारियां तय करने पर जल्द फैसला लिया जा सकता है। हालांकि आधिकारिक तौर पर कोई घोषणा नहीं हुई है, लेकिन राजनीतिक गलियारों में इसे बड़े संकेत के रूप में देखा जा रहा है।
एक कुर्सी के लिए कई दिग्गज
कैबिनेट में खाली एक कुर्सी के लिए कई दिग्गज लाइन में हैं। समीकरणों को देखें तो मुकाबला कड़ा है: प्रदेश का सबसे बड़ा जिला कांगड़ा अपनी हिस्सेदारी मांग रहा है। यहां से विधायक संजय रत्न और पालमपुर के विधायक आशीष बुटेल का नाम सबसे आगे चल रहा है।
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वहीं, वरिष्ठता के आधार पर कुल्लू से विधायक सुंदर ठाकुर भी मंत्री पद की रेस में मजबूती से डटे हुए हैं। मंत्री पद के अलावा विधानसभा उपाध्यक्ष का पद भी खाली है। माना जा रहा है कि जो नेता मंत्री नहीं बन पाएंगे, उन्हें इस संवैधानिक पद या किसी बड़े निगम की जिम्मेदारी देकर संतुष्ट किया जा सकता है।
पंचायत चुनाव से विधानसभा चुनाव तक चर्चा
बैठक में हाल ही में हुए पंचायत चुनावों के नतीजों की भी समीक्षा की गई। कांग्रेस नेतृत्व का मानना है कि बड़ी संख्या में कांग्रेस समर्थित प्रतिनिधियों की जीत संगठन की जमीनी पकड़ को मजबूत करने का संकेत है। साथ ही अगले विधानसभा चुनावों को लेकर भी रणनीतिक चर्चा हुई और संगठन को अभी से मजबूत करने पर जोर दिया गया।
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खालसा टैक्स मुद्दे पर पंजाब सरकार से बातचीत
इस बीच CM सुक्खू ने सीमावर्ती क्षेत्रों में कथित खालसा टैक्स वसूली के मुद्दे पर पंजाब के CM भगवंत मान से भी बात की है। राजस्व मंत्री जगत सिंह नेगी ने बताया कि हिमाचल सरकार ने पंजाब सरकार से इस मामले में उचित कार्रवाई करने का आग्रह किया है। उन्होंने कहा कि इस तरह की गतिविधियां स्वीकार्य नहीं हैं और सरकार इस मुद्दे को गंभीरता से देख रही है।
