चिंतपूर्णी। हिमाचल प्रदेश जिसे देवभूमि के नाम से जाना जाता है, अपनी अलौकिक शक्ति और प्राचीन शक्तिपीठों के लिए विश्वविख्यात है। यहां के मंदिरों के प्रति न केवल प्रदेश के लोगों की, बल्कि देश और विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं की भी अगाध श्रद्धा है। इस आस्था का जीवंत प्रमाण अक्सर इन शक्तिपीठों में देखने को मिलता है, जहां भक्त अपनी मन्नतें पूरी होने पर विशेष भेंट या सेवा कार्य के माध्यम से माता रानी के प्रति अपना आभार व्यक्त करते हैं। इसी कड़ी में पंजाब के अमृतसर से आए माता रानी के भक्तों ने विश्वविख्यात शक्तिपीठ मां चिंतपूर्णी के दरबार में अपनी आस्था का अनूठा उदाहरण पेश किया है।

भक्त ने मंदिर में चढ़ाई 5 किलो चांदी

पंजाब के अमृतसर से आए श्रद्धालुओं ने अपनी मन्नत पूरी होने की खुशी में मंदिर के मुख्य दर्शन स्थल पर लगभग 5 किलोग्राम चांदी अर्पित की है। इस सेवा कार्य के तहत मंदिर के उस हिस्से को भव्य स्वरूप प्रदान किया गया है जहां पुजारी खड़े होकर भक्तों को माता रानी के दर्शन करवाते हैं। यहां लगी पाइपदार रेलिंग पर नई चांदी मढ़ने का कार्य विधिवत संपन्न किया गया।

 

यह भी पढ़ें : 'जीते तो लोकतंत्र - हार में EVM हैक'; सुक्खू के बयान पर बोले जयराम, हारने का गम मिटाने को ढूंढ रहे बहाने

पुरानी परंपरा और आधुनिक सजावट का संगम

मंदिर प्रशासन के अनुसार दर्शन स्थल पर पहले लगी चांदी समय के साथ खराब हो गई थी। श्रद्धा के सम्मान को देखते हुए पुरानी चांदी को पूरी सावधानी के साथ हटाकर मंदिर के दान पात्र में सुरक्षित जमा करवा दिया गया और उसके स्थान पर चमचमाती नई चांदी स्थापित की गई।

यह भी पढ़ें- हिमाचल : सड़क पर खड़ी मशीन से टकराई तेज रफ्तार कार, उड़े परखच्चे- 3 युवकों की मौ*त

पूजा.अर्चना के साथ हुआ कार्य

इस पुनीत कार्य का शुभारंभ मंदिर के पुजारी जीत लाल कालिया और विनोद कालिया द्वारा करवाई गई विधिवत पूजा.अर्चना के साथ हुआ। पूजा संपन्न होने के बाद देर रात चांदी लगाने का कार्य शुरू किया गया ताकि श्रद्धालुओं को दर्शन में असुविधा न हो। यह संपूर्ण कार्य पूर्व सैनिक विधि चंद की कड़ी निगरानी में पूरा हुआ, जिससे कार्य की गुणवत्ता और सुचिता बनी रही।

यह भी पढ़ें- हिमाचल : सड़क किनारे खेल रही थी 4 साल की मासूम, सामने से आई कार ने मारी टक्कर- तोड़ा दम

श्रद्धा की पराकाष्ठा

मंदिर अधिकारी संजीव प्रभाकर ने श्रद्धालुओं के इस योगदान की सराहना करते हुए कहा कि मां चिंतपूर्णी के भक्तों की आस्था अटूट है। उन्होंने कहा कि बाहरी राज्यों से आने वाले श्रद्धालु समय.समय पर अपनी श्रद्धा के अनुसार मंदिर में विशेष सेवा कार्य करवाते रहते हैं, जिससे न केवल मंदिर की भव्यता बढ़ती है, बल्कि अन्य भक्तों को भी सेवा की प्रेरणा मिलती है। इस नए बदलाव के बाद दर्शन स्थल अब और भी दिव्य और आकर्षक दिखाई दे रहा है।

नोट : ऐसी ही तेज़, सटीक और ज़मीनी खबरों से जुड़े रहने के लिए इस लिंक पर क्लिक कर हमारे फेसबुक पेज को फॉलो करें