ऊना। हिमाचल प्रदेश के ऊना जिले से एक बेहद चिंताजनक और झकझोर देने वाला मामला सामने आया है। बेहतर भविष्य और रोजगार की उम्मीद में विदेश गए जिले के दो युवक आज अपने परिवारों के लिए चिंता और भय का कारण बन गए हैं।
रुस गए ऊना के 2 युवक लापता
ऊना जिले के जोल क्षेत्र के रहने वाले ये दोनों युवक ट्रैवल एजेंटों के भरोसे रूस तो पहुंच गए, लेकिन अब वहां से उनके लापता होने और सेना की हिरासत में होने की खबरें सामने आ रही हैं। इस अनिश्चितता ने दोनों परिवारों को मानसिक रूप से तोड़कर रख दिया है।
यह भी पढ़ें : हिमाचल में बड़ा हाद.सा: पैरापिट से टकराई पर्यटकों की कार, 5 साल की बच्ची समेत 3 की मौ.त
रोजगार के सपने दिखा- लिए लाखों रुपए
परिजनों के अनुसार, दोनों युवकों ने चंडीगढ़ के सेक्टर-34 में स्थित दो ट्रैवल एजेंटों से संपर्क किया था। एजेंटों ने रूस में वर्क वीजा और अच्छी नौकरी दिलाने का भरोसा दिलाया। इस भरोसे के बदले प्रत्येक युवक से चार-चार लाख रुपये लिए गए। एजेंटों ने तमाम औपचारिकताएं पूरी करने का दावा करते हुए 20 सितंबर 2025 को दोनों युवकों को रूस भेज दिया।
शुरुआत में सब ठीक
रूस पहुंचने के बाद शुरुआती कुछ महीनों तक युवकों की परिजनों से नियमित बातचीत होती रही। वे काम और रहन-सहन को लेकर सामान्य जानकारी देते रहे, जिससे परिवारों को राहत थी। लेकिन अचानक एक दिन दोनों के फोन बंद हो गए।
यह भी पढ़ें : हिमाचल में ड्राइवर की लापरवाही से एक और हाद.सा- ढलान में बस खड़ी कर खुद उतरा, 20 थे सवार
फिर अचानक टूटा संपर्क
लगातार कॉल करने के बावजूद कोई संपर्क नहीं हो पाया। यह स्थिति परिजनों के लिए बेहद डरावनी बन गई। फिर कुछ दिनों बाद परिजनों को एक अज्ञात अंतरराष्ट्रीय नंबर से कॉल आई।
अज्ञात कॉल ने बढ़ाई दहशत
कॉल करने वाले व्यक्ति ने दावा किया कि दोनों युवक सीमा पार करने की कोशिश कर रहे थे, तभी उन्हें सेना ने पकड़ लिया और अब वे हिरासत में हैं। इस कॉल ने परिजनों की चिंता को और गहरा कर दिया।
यह भी पढ़ें : हिमाचल पुलिस का खनन माफिया पर चला 'डंडा' : एक साथ 39 ट्रैक्टर-ट्राले किए सीज
रिहाई के नाम पर शुरू हुई ठगी
कॉलर ने युवकों को छुड़वाने के बदले लाखों रुपये की मांग की। अपने बेटों की जान को लेकर डरे-सहमे परिजनों ने बिना देरी किए बताए गए खाते में 40 हजार रुपये की पहली किस्त भेज दी। लेकिन पैसे भेजने के बावजूद न तो युवकों से बात करवाई गई और न ही उनकी रिहाई को लेकर कोई ठोस जानकारी दी गई।
परिवारों पर टूटा दुखों का पहाड़
इसके बाद जब लगातार और अधिक रकम की मांग होने लगी और युवकों का कोई सुराग नहीं मिला, तो परिजनों ने पैसे भेजना बंद कर दिया। इस पूरी घटना ने दोनों परिवारों को गहरे सदमे में डाल दिया है।
यह भी पढ़ें : पंचायत चुनाव पर फिर घमासान : आयोग मांग रहा वोटर लिस्ट, लेट-लतीफी कर रही सुक्खू सरकार!
चिंता में युवकों के परिजन
घरों में दोनों युवकों की माएं रो-रोकर बेहाल हैं और बुजुर्ग माता-पिता अपने बेटों की सलामती के लिए दिन-रात दुआएं कर रहे हैं। परिजनों को अब आशंका है कि उनके साथ बड़ी ठगी हुई है और युवकों की जान भी खतरे में हो सकती है।
सरकार से लगाई गुहार
हताश और परेशान परिवारों ने अब जिला प्रशासन, स्थानीय सांसद और केंद्र सरकार से मदद की गुहार लगाई है। उन्होंने युवकों के पासपोर्ट नंबर, यात्रा से जुड़े दस्तावेज और अन्य जानकारियां संबंधित अधिकारियों को सौंपते हुए मांग की है कि इस मामले में तत्काल हस्तक्षेप किया जाए। परिवारों का कहना है कि यदि समय रहते कार्रवाई नहीं हुई, तो किसी बड़ी अनहोनी से इनकार नहीं किया जा सकता।
