शिमला। जब घर में बेटी पैदा होती है तो मां-बाप को ये चिंता सताने लगती है इसकी शादी कैसे करेंगे। हालांकि वक्त के साथ लोगों की सोच बदली और अब बेटी को अलग नजर से देखा जाने लगा है लेकिन अभी भी कई परिवार ऐसे हैं जो गरीबी के कारण इसी जाल में फंसे हैं कि बेटी की शादी कैसे होगी।

बेटी की शादी के लिए आर्थिक सहायता

इन परिवारों की इसी चिंता को दूर करने के लिए प्रदेश की सुक्खू सरकार ने एक योजना चला रखी है जो बेटी की शादी के लिए परिवारों को आर्थिक सहायता प्रदान करती है। ऐसे में गरीब परिवारों पर पड़ने वाला आर्थिक बोझ कम होगा।

यह भी पढ़ें: इस बार विस सत्र में शामिल नहीं होंगे डिप्टी सीएम मुकेश अग्निहोत्री ! जानिए क्या है वजह

सुक्खू सरकार बेटी को देगी देगी शगुन

सरकार इस योजना के तहत गरीबी रेखा से नीचे रहने वाले और पिछड़े वर्ग के लोगों को बेटी की शादी पर शगुन देती है। इस योजना का लाभ-

  • BPL परिवारों की बेटियों को दिया जाता है 
  • बेटी की उम्र 18 साल से ज्यादा होनी चाहिए
  • बेटी हिमाचल प्रदेश की स्थाई निवासी होनी चाहिए
  • लड़के को हिमाचल का स्थाई निवासी होना आवश्यक नहीं

शगुन में परिवार को मिलेंगे 31,000

योजना के तहत सरकार की ओर से परिवार को बेटी की शादी के लिए 31 हजार रुपये दिए जाएंगे। ये राशि लड़की के माता-पिता या अभिभावकों को दी जाती है। संबंधित जिले का जिला कार्यक्रम अधिकारी इस राशि को स्वीकृत कर सकते हैं।

यह भी पढ़ें: हिमाचल : पहले फोन कर घर से बुलाया, फिर नहर में फेंक दिया युवक- परिजनों को मिली देह

शगुन योजना के लिए ऐसे करें अप्लाई

सरकारी की इस योजना का नाम है- शगुन योजना। इसका लाभ पाने के लिए लड़की के माता-पिता या अभिभावक संबंधित बाल विकास परियोजना अधिकारी को आवेदन कर सकते हैं। यही आवेदन पत्र का सत्यापन कर सकते हैं।

शादी के 6 महीनों के बाद लाभ नहीं

शादी की तारीख से 2 महीने पहले राशि माता-पिता को मिल सकती है। वहीं अगर शादी पहले ही हो चुकी है तो शादी के 6 महीनों के अंदर भी अनुदान राशि के लिए आवेदन किया जा सकता है। अगर इसमें देरी की जाती है तो लाभ नहीं मिलेगा।

यह भी पढ़ें: विंटर सेशन का दूसरा दिन: सदन में जाने से पहले सुक्खू सरकार पर बरसा विपक्ष, जमकर की नारेबाजी

योजना के लाभ के लिए क्या चाहिए ?

  • आवेदक या लड़की, माता-पिता या अभिभावक का हिमाचली प्रमाण पत्र या
  • लड़की का स्वयं का BPL प्रमाण पत्र
  • प्रमाण पत्र सक्षम अधिकारी द्वारा जारी किया गया हो
  • लड़की की जन्म तिथि का प्रमाण पत्र
  • शादी की प्रस्तावित तिथि जो संबंधित पंचायत प्रधान, पार्षद, प्रभारी नारी सेवा सदन और बालिका आश्रम अधीक्षक द्वारा सत्यापित होना चाहिए
  • जिस व्यक्ति से लड़की की शादी हो रही है- उसका नाम, पता, प्रमाण पत्र
  • प्रस्तावित वर की आयु 21 साल से कम नहीं होनी चाहिए