शिमला। हिमाचल प्रदेश विधानसभा के बाहर आज का दिन हंगामेदार रहा। सदन की कार्यवाही शुरू होने से पहले ही विपक्ष ने सरकार की आर्थिक नीतियों और टैक्स बढ़ोतरी के खिलाफ मोर्चा खोल दिया। तख्तियां लेकर प्रदर्शन कर रहे विधायकों ने सरकार पर जनता पर बेवजह आर्थिक बोझ डालने और जल्दबाजी में फैसले लेने का आरोप लगाया। 

पेट्रोल-डीजल और एंट्री टैक्स पर आर-पार

नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर के नेतृत्व में भाजपा विधायकों ने सरकार द्वारा प्रस्तावित 5 रुपये पेट्रोल-डीजल सेस और एंट्री टैक्स में बढ़ोतरी का विरोध किया।

  • विपक्ष का आरोप: जयराम ठाकुर ने कहा कि केंद्र सरकार ने कीमतें घटाने के लिए 10 रुपये की राहत दी है जबकि राज्य सरकार इसे बढ़ा रही है। 
  • बॉर्डर पर असर: एंट्री टैक्स बढ़ने से पड़ोसी राज्यों की सीमाओं पर रहने वाले लोगों और व्यापारियों में भारी गुस्सा है।

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रोबोटिक सर्जरी और MRI मशीनों पर घेराबंदी

स्वास्थ्य क्षेत्र में हुई भारी-भरकम खरीद को लेकर आज प्रश्नकाल में तीखी बहस के आसार हैं। सत्ता और विपक्ष दोनों तरफ के विधायकों ने सवाल पूछे हैं:

  • लागत और टेंडर: करोड़ों की लागत से खरीदी गई रोबोटिक सर्जरी मशीनों के टेंडर की प्रक्रिया क्या थी ?
  • सुविधा: ये मशीनें किन मेडिकल कॉलेजों में लगाई जा रही हैं और क्या इन्हें चलाने के लिए स्टाफ तैयार है ?

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किसानों के दूध का भुगतान रुका

राज्य के पशुपालकों की आर्थिक स्थिति का मुद्दा भी सदन में गूंजेगा।

  • बकाया राशि: भाजपा विधायक सतपाल सत्ती ने मुद्दा उठाया कि 'मिल्कफेड' ने पिछले दो महीनों से किसानों को दूध की पेमेंट नहीं की है जिससे ग्रामीण अर्थव्यवस्था पर बुरा असर पड़ रहा है।
  • विंटर स्पोर्ट्स: लाहौल-स्पीति में विंटर गेम्स को बढ़ावा देने पर चर्चा।
  • विस्थापितों का दर्द: भाखड़ा बांध के कारण सालों पहले उजड़े परिवारों की समस्याओं को विधायक त्रिलोक जम्वाल सदन के पटल पर रखेंगे।
  • ऑफिस शिफ्टिंग: PWD के थलोट ऑफिस को पंडोह शिफ्ट करने के फैसले पर भी विपक्षी विधायक पूर्ण चंद ठाकुर सरकार को घेरेंगे।

कुल मिलाकर आज का सत्र सरकार के लिए चुनौतीपूर्ण रहने वाला है जहां उसे टैक्स बढ़ोतरी से लेकर स्वास्थ्य विभाग की खरीद-फरोख्त तक के कड़े सवालों का सामना करना होगा।