शिमला। हिमाचल प्रदेश की सुक्खू सरकार में खाली चल रहे कैबिनेट मंत्री के पद को लेकर चल रहा लंबा इंतजार अब जल्द ही खत्म होने वाला है। प्रदेश में साल 2027 में होने वाले आगामी विधानसभा चुनाव की उल्टी गिनती शुरू होते ही मंत्रिमंडल के इस इकलौते खाली पद को भरने के लिए चौतरफा दबाव बढ़ गया था। इसी बीच आज शिमला में आयोजित कांग्रेस की महत्वपूर्ण जनरल मीटिंग में शामिल होने पहुंचे मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने एक बड़ा बयान देकर साफ कर दिया है कि हिमाचल को जल्द ही एक नया कैबिनेट मंत्री मिलने वाला है। सीएम के इस खुलासे के बाद से ही नए मंत्री के नाम को लेकर सियासी गलियारों में चर्चाएं बेहद तेज हो गई हैं।

16-17 जुलाई को महामंथन

कैबिनेट विस्तार के मुद्दे पर खुलकर बात करते हुए मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने कहा कि मंत्रिमंडल में खाली पड़े इस एक पद को अब भरा जाना बेहद महत्वपूर्ण है और इसे जल्द ही भर दिया जाएगा। हालांकि, उन्होंने यह भी साफ किया कि यह विस्तार अंतिम रूप से कब होगा, इसका अंतिम फैसला कांग्रेस हाईकमान की मंजूरी के बाद ही किया जाएगा।

 

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सीएम ने आगे बताया कि अगर हिमाचल में मौसम अनुकूल रहा, तो आगामी 16 और 17 जुलाई को शिमला में एक हाई-लेवल राजनीतिक मामलों की बैठक प्रस्तावित है। प्रदेश में लगातार हो रही खराब बारिश और मौसम के मिजाज को देखते हुए ही इस बैठक की तारीखों की अंतिम पुष्टि की जाएगी, जिसमें कैबिनेट विस्तार और आगामी चुनावी रोडमैप पर मुहर लग सकती है।

2027 में भाजपा की सीटें होंगी और कम

मुख्यमंत्री से कांग्रेस के 'मिशन रिपीट' को लेकर पूछे सवाल पर उन्होंने बेहद बेबाक अंदाज में जवाब दिया। सीएम सुक्खू ने कहा, "कोई भी राजनीतिक दल खुद 'मिशन रिपीट' नहीं करता है, यह सब केवल और केवल जनता तय करती है।" इसके साथ ही उन्होंने दावा किया कि साल 2027 के विधानसभा चुनाव में भाजपा किसी भी कीमत पर सत्ता में वापसी नहीं कर पाएगी। मुख्यमंत्री ने तंज कसते हुए कहा कि वर्तमान में भाजपा के पास जितने विधायक हैं, अगले चुनाव में उनकी संख्या घटकर इससे भी काफी कम रह जाएगी।

 

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किन्नौर के 'शीतयुद्ध' पर बोले सीएम: 

पिछले कुछ दिनों से राजस्व मंत्री जगत सिंह नेगी और किन्नौर जिला कांग्रेस अध्यक्ष निगम भंडारी के बीच चल रहे मतभेदों की खबरों पर विराम लगाते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि संगठन में कोई अंदरूनी कलह नहीं है। उन्होंने कहा कि जगत सिंह नेगी हमारे बेहद वरिष्ठ और सम्मानित मंत्री हैं और निगम भंडारी राष्ट्रीय स्तर पर युवा कांग्रेस के महासचिव हैं। लोकतंत्र में विचारों में भिन्नता होना स्वाभाविक है, लेकिन इसे आपसी मनमुटाव नहीं कहा जा सकता। उन्होंने भरोसा जताया कि दोनों नेताओं को एक साथ बिठाकर बातचीत के माध्यम से सभी मुद्दों को सुलझा लिया जाएगा।

 

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भाजपा के झूठे प्रचार के खिलाफ कांग्रेस का चक्रव्यूह तैयार

मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि मंत्री जगत सिंह नेगी ने प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष की नियुक्ति को लेकर हाईकमान पर कोई सवाल नहीं उठाया है। उन्होंने बताया कि प्रदेश अध्यक्ष विनय कुमार द्वारा नवनिर्वाचित कार्यकारिणी के गठन के बाद यह जनरल हाउस की पहली औपचारिक बैठक थी। इस बैठक में सरकार के मंत्रियों, जिला अध्यक्षों और वरिष्ठ पदाधिकारियों ने हिस्सा लिया। बैठक का मुख्य एजेंडा आगामी चुनावों की रणनीति तैयार करने के साथ-साथ विपक्ष (भाजपा) द्वारा फैलाए जा रहे कथित झूठे प्रचार का मुंहतोड़ और प्रभावी जवाब देने की रूपरेखा तैयार करना था।

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