शिमला। हिमाचल प्रदेश के बजट सत्र के दौरान मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने स्वास्थ्य क्षेत्र को मजबूत बनाने के लिए कई बड़े ऐलान किए। सरकार ने डॉक्टरों, नर्सों और पैरामेडिकल स्टाफ के वेतन में बढ़ोतरी के साथ-साथ बड़े पैमाने पर नई भर्तियों की घोषणा की है, जिससे प्रदेश की स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार की उम्मीद जताई जा रही है।
स्टाफ नर्सों का मानदेय लगभग दोगुना बढ़ाया
बतौर रिपोर्टर्स, सबसे अहम घोषणा स्टाफ नर्सों के मानदेय को लेकर रही, जिसे लगभग दोगुना बढ़ाकर 25 हजार रुपये तक किया गया है। इसके अलावा स्वास्थ्य विभाग में रिक्त पदों को भरने के लिए व्यापक भर्ती अभियान चलाया जाएगा।
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सरकार ने 300 डॉक्टरों के पद ट्रेनी रिजर्व के रूप में सृजित करने, 64 चिकित्सा अधिकारियों, 900 स्टाफ नर्सों, 150 सहायक नर्सों, 154 पैरामेडिकल कर्मियों, 20 रेडियोग्राफर और 40 फार्मेसी अधिकारियों की भर्ती का ऐलान किया है।
शुरू किया जाएगा विशेष डिजिटल मॉनिटरिंग सिस्टम
स्वास्थ्य ढांचे को आधुनिक बनाने के लिए मेडिकल कॉलेजों में ई-लाइब्रेरी स्थापित की जाएंगी, ताकि छात्रों को डिजिटल संसाधनों का लाभ मिल सके। मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर करने के लिए विशेष डिजिटल मॉनिटरिंग सिस्टम शुरू किया जाएगा, जिससे हाई-रिस्क गर्भवती महिलाओं की समय पर पहचान हो सके।
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हमीरपुर में डेंटल कॉलेज खोलने की घोषणा
इसके अलावा हमीरपुर में 200 करोड़ रुपये की लागत से डेंटल कॉलेज खोलने की घोषणा की गई है। वहीं, प्रमुख मेडिकल कॉलेजों में एडवांस टेस्टिंग लैब और बोन मैरो ट्रांसप्लांट जैसी सुविधाएं शुरू की जाएंगी। शिमला शहर में चरणबद्ध तरीके से 24 घंटे पेयजल आपूर्ति देने की योजना भी सामने रखी गई है।
इनके बढ़े मानदेय
मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने दिहाड़ी को 750 रुपये करने की घोषणा की। इसके साथ ही आउटसोर्स कर्मियों के वेतन में भी बढ़ोतरी की गई। आउटसोर्स कर्मियों को अब 13,750 मिलेंगे। इसी तरह से इन्हें
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आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के मानदेय में 1000 रुपये की बढ़ोतरी, अब हर महीने 11,500 रुपये मिलेंगे।
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मिनी आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं का मानदेय 1000 रुपये बढ़कर 8,300 रुपये हो गया।
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आंगनबाड़ी सहायिकाओं को 1000 रुपये की वृद्धि के बाद 6,800 रुपये प्रतिमाह मिलेंगे।
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आशा वर्करों का मानदेय भी 1000 रुपये बढ़ाकर 6,800 रुपये कर दिया गया।
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सिलाई शिक्षकों के मासिक मानदेय में 1000 रुपये की बढ़ोतरी की गई।
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मिड-डे मील वर्करों को 500 रुपये की वृद्धि के साथ अब 5,500 रुपये मिलेंगे।
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शिक्षा विभाग के जल वाहकों का मानदेय 500 रुपये बढ़कर 6,000 रुपये हो गया।
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जल रक्षकों को 500 रुपये की बढ़ोतरी के बाद 6,100 रुपये प्रतिमाह मिलेंगे।
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जल शक्ति विभाग के बहुउद्देशीय कर्मचारियों को 500 रुपये बढ़ाकर 6,000 रुपये दिए जाएंगे।
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लोक निर्माण विभाग के मल्टी टास्क वर्करों के मानदेय में 500 रुपये की वृद्धि की गई।
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पैरा फिटर और पंप ऑपरेटर का मानदेय 500 रुपये बढ़कर 7,100 रुपये हो गया।
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पंचायत चौकीदारों को 500 रुपये बढ़ोतरी के बाद 9,000 रुपये प्रतिमाह मिलेंगे।
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राजस्व चौकीदारों का मानदेय 500 रुपये बढ़कर 6,800 रुपये हो गया।
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राजस्व लंबरदारों को 500 रुपये बढ़ोतरी के बाद 5,000 रुपये मिलेंगे।
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एसएमसी शिक्षकों के मानदेय में 500 रुपये प्रतिमाह बढ़ाए गए हैं।
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आईटी शिक्षकों को भी 500 रुपये प्रतिमाह की बढ़ोतरी दी गई।
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एसपीओ (Special Police Officers) के मानदेय में 500 रुपये प्रतिमाह की वृद्धि हुई।
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अंशकालिक मल्टी टास्क वर्करों को भी 500 रुपये प्रति माह अतिरिक्त दिए जाएंगे।
आंगनबाड़ी और मिड-डे मील वर्कर्स को राहत
जहां एक ओर सरकार खर्च घटा रही है, वहीं सामाजिक क्षेत्र में काम करने वाले कर्मचारियों को राहत भी दी गई है।
आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं के मानदेय में 1000 रुपये की बढ़ोतरी
मिड-डे मील वर्कर्स को अब 5500 रुपये मानदेय मिलेगा
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