शिमला। हिमाचल प्रदेश में कांग्रेस प्रभारी रजनी पाटिल के स्वागत को लेकर नया विवाद खड़ा हो गया है। BJP ने इस पूरे मामले को लेकर कांग्रेस सरकार पर सवाल उठाए हैं और दावा किया है कि स्वागत कार्यक्रम में शिक्षा बोर्ड के कर्मचारियों का इस्तेमाल किया गया। इस आरोप के बाद प्रदेश की राजनीति गरमा गई है।

'कर्मचारियों से नहीं कराया जा रहा उनका असली काम'

BJP के मुख्य प्रवक्ता राकेश जम्वाल ने कहा कि शिक्षा बोर्ड के कर्मचारियों को अपने नियमित काम की बजाय राजनीतिक कार्यक्रमों में लगाया जा रहा है। उनका कहना है कि यही वजह है कि बोर्ड परीक्षाओं के नतीजे घोषित हुए करीब दो महीने बीत चुके हैं, लेकिन अब भी बड़ी संख्या में छात्रों को उनकी मूल डीएमसी और मार्कशीट नहीं मिल पाई है। 

यह भी पढ़ें : पंजाबी संग चिट्टा बेचने निकले थे 5 यार, देर रात पुलिस से हुआ सामना- मन्नत भी अरेस्ट

'शिक्षा बोर्ड को राजनीति का हिस्सा बनाया जा रहा'

राकेश जम्वाल ने आरोप लगाया कि सरकार ने शिक्षा बोर्ड प्रशासन को कांग्रेस नेताओं के स्वागत-सत्कार में व्यस्त कर रखा है। उन्होंने कहा कि शिक्षा जैसे महत्वपूर्ण संस्थानों को राजनीतिक गतिविधियों का केंद्र नहीं बनाया जाना चाहिए। उनके मुताबिक शिक्षा बोर्ड का काम छात्रों से जुड़े जरूरी कार्य समय पर पूरे करना है, न कि राजनीतिक मेहमानों के स्वागत की व्यवस्था करना।

मार्कशीट नहीं मिलने से छात्र परेशान

बीजेपी प्रवक्ता ने कहा कि कई छात्र कॉलेजों में दाखिला लेने की प्रक्रिया पूरी कर चुके हैं। कॉलेज प्रशासन उनसे मूल डीएमसी और मार्कशीट मांग रहा है, लेकिन दस्तावेज समय पर नहीं मिलने की वजह से छात्र और उनके अभिभावक लगातार स्कूलों और शिक्षा बोर्ड के कार्यालयों के चक्कर लगाने को मजबूर हैं। इससे विद्यार्थियों की पढ़ाई और भविष्य पर भी असर पड़ रहा है।

यह भी पढ़ें : पेपर लीक पर सियासी संग्राम : जयराम बोले- CM सुक्खू दें हिसाब, मित्रों ने खोल रखी हैं एजेंसियां

मार्कशीट में देरी की वजह बताने की मांग

राकेश जम्वाल ने कहा कि अगर डीएमसी और मार्कशीट की छपाई या वितरण में कोई तकनीकी या प्रशासनिक दिक्कत है तो शिक्षा बोर्ड को इसकी जानकारी सार्वजनिक करनी चाहिए। साथ ही यह भी साफ करना चाहिए कि छात्रों को उनके मूल दस्तावेज आखिर कब तक मिलेंगे।

दो दिन पहले धर्मशाला पहुंची थीं रजनी पाटिल

गौरतलब है कि कांग्रेस प्रभारी रजनी पाटिल दो दिन पहले धर्मशाला पहुंची थीं। इस दौरान कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने उनका जोरदार स्वागत किया। इसी स्वागत कार्यक्रम को लेकर बीजेपी ने आरोप लगाया है कि शिक्षा बोर्ड के कर्मचारियों को भी स्वागत के लिए खड़ा किया गया। हालांकि, इस मामले में शिक्षा बोर्ड या कांग्रेस की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।