सोलन। हिमाचल प्रदेश में अभी बरसात का मौसम शुरू भी नहीं हुआ है। मगर सोलन जिले के न्यू कथेड़ में जमीन खिसकने का सिलसिला शुरू हो गया है। कड़कती धूप और सूखे मौसम के बीच हो रहे इस भूस्खलन ने स्थानीय लोगों की चिंता बढ़ा दी है।

सूखे में खिसक रही जमीन

आमतौर पर पहाड़ी इलाकों में ऐसी घटनाएं मानसून के दौरान देखने को मिलती हैं, लेकिन बरसात से पहले ही जमीन का धंसना किसी बड़े खतरे का संकेत माना जा रहा है। खिसकती जमीन को देख स्थानीय लोग बेहद चिंता में हैं।

यह भी पढ़ें : हिमाचल को नहीं मिलेगा LPG सिलेंडर...केंद्र से फरमान जारी- जानिए क्या है वजह

कई घरों पर मंडराया खतरा

स्थानीय लोगों के अनुसार इलाके में पिछले कुछ दिनों से जमीन में दरारें पड़ने लगी हैं और कई जगहों पर मिट्टी धीरे-धीरे खिसक रही है। इससे आसपास रहने वाले परिवारों में डर का माहौल है। लोगों का कहना है कि अगर स्थिति पर जल्द काबू नहीं पाया गया तो आने वाले समय में मकानों और सड़कों को भी नुकसान पहुंच सकता है।

डंगा के कारण हो रहा ऐसा...

ग्रामीणों का आरोप है कि इस भूस्खलन की मुख्य वजह वहां बनाया गया डंगा है। उनका कहना है कि निर्माण कार्य के दौरान तकनीकी मानकों का सही तरीके से पालन नहीं किया गया, जिसके कारण जमीन की पकड़ कमजोर हो गई है।

यह भी पढ़ें : हिमाचल : काम से घर लौट रहा था ड्राइवर, गहरी खाई में समाई बोलेरो- मौके पर ही तोड़ा दम

लापरवाही से मंडराया खतरा

लोगों ने बताया कि जब डंगे का निर्माण हो रहा था, तब भी उन्होंने संभावित खतरे को लेकर अधिकारियों को आगाह किया था, लेकिन उनकी बातों को गंभीरता से नहीं लिया गया। स्थानीय निवासियों ने संबंधित विभाग और NHAI पर भी लापरवाही के आरोप लगाए हैं।

 

जल्दबाजी में किया गया काम

उनका कहना है कि निर्माण कार्य में गुणवत्ता का ध्यान नहीं रखा गया और जल्दबाजी में काम किया गया, जिसका असर अब साफ दिखाई दे रहा है। कई लोगों ने बताया कि डंगे के पास से गुजरने वाली सड़क भी जगह-जगह से क्षतिग्रस्त होने लगी है, जिससे आवाजाही में खतरा बढ़ गया है।

यह भी पढ़ें : हिमाचल : नशेड़ी था ड्राइवर, स्कूल से लौट रही दो बहनों पर चढ़ाई बस- एक की थमी सांसें

डर के साए में लोग

इलाके के लोगों का कहना है कि जमीन के लगातार खिसकने से उनके घरों पर भी खतरा मंडराने लगा है। लोग हर समय अनहोनी की आशंका में जी रहे हैं। ऐसे में उन्होंने जिला प्रशासन से जल्द से जल्द मौके का निरीक्षण करवाने की मांग की है।

बड़े हादसा का खतरा

स्थानीय जनता ने प्रशासन से इस मामले की उच्च स्तरीय जांच कराने और विशेषज्ञों की टीम भेजने की मांग उठाई है। उनका कहना है कि अगर समय रहते जमीन को स्थिर करने के लिए ठोस कदम नहीं उठाए गए तो न्यू कथेड़ क्षेत्र में कोई बड़ा हादसा हो सकता है। इसलिए प्रशासन को तुरंत हस्तक्षेप कर इलाके के लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करनी चाहिए।

नोट : ऐसी ही तेज़, सटीक और ज़मीनी खबरों से जुड़े रहने के लिए इस लिंक पर क्लिक कर हमारे फेसबुक पेज को फॉलो करें