ऊना। देशभक्ति और समर्पण की एक मिसाल पेश करते हिमाचल प्रदेश के जिला ऊना निवासी नरेंद्र कालिया इन दिनों अपनी अनोखी “भारत वॉक” को लेकर सुर्खियों में हैं। उन्होंने कन्याकुमारी से कश्मीर तक नंगे पांव पैदल यात्रा शुरू की है। इस यात्रा का उद्देश्य देश के वीर सैनिकों को सम्मान देना और शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित करना है। खास बात यह है कि यह पूरा सफर बिना किसी प्रायोजन या प्रचार के, केवल व्यक्तिगत संकल्प के बल पर किया जा रहा है।
प्रतिदिन तय कर रहे 30 से 35 किलोमीटर दूरी
मिली जानकारी के अनुसार, ऊना जिले के मदनपुर गांव के रहने वाले करीब 46 वर्षीय नरेंद्र कालिया प्रतिदिन लगभग 30 से 35 किलोमीटर की दूरी तय कर रहे हैं। सीमित संसाधनों के साथ चल रही इस यात्रा में उनके पास केवल जरूरी सामान जिनमें, कुछ कपड़े, पानी की बोतल और थोड़ा सूखा भोजन ही है।
यह भी पढ़ें : हिमाचल : बाबा बालक नाथ के दरबार में आस्था का सैलाब, 10 दिन में बिके 60 लाख के रोट
वे रास्ते में स्थानीय लोगों से मिलते हैं, उनके साथ समय बिताते हैं और देश की विविध संस्कृति को करीब से अनुभव कर रहे हैं।10 फरवरी से शुरू हुई यह यात्रा लगभग 4000 किलोमीटर लंबी है, जिसे वे 120 दिनों में पूरा कर श्रीनगर पहुंचने का लक्ष्य लेकर चल रहे हैं। अब तक वे करीब 1000 किलोमीटर का सफर तय कर दक्षिण भारत के कर्नाटक क्षेत्र तक पहुंच चुके हैं।
देशसेवा से जुड़ा है नरेंद्र का परिवार
उनकी इस पहल ने लोगों का ध्यान अपनी ओर खींचा है और जगह-जगह उन्हें सराहना मिल रही है। नरेंद्र कालिया का परिवार भी देशसेवा से जुड़ा रहा है। उनके पिता केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल यानी CISF में सेवाएं दे चुके हैं, जबकि उनके भाई रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (DRDO) में कार्यरत हैं। उनकी पत्नी शिक्षा क्षेत्र से जुड़ी हैं। स्वयं कालिया एक व्यवसायी होने के साथ-साथ पर्वतारोही और मैराथन धावक भी हैं, जिसने उन्हें इस कठिन यात्रा के लिए तैयार किया।
यह भी पढ़ें : सुक्खू सरकार का बड़ा फैसला- चिट्टा तस्कर नहीं लड़ पाएंगे पंचायत चुनाव, कैबिनेट में लगी मुहर
यहां होगा यात्रा का समापन
यात्रा के दौरान वे दिन में विश्राम के लिए सड़क किनारे छांव का सहारा लेते हैं और रात को मंदिर, गुरुद्वारा या अन्य सुरक्षित स्थानों पर रुकते हैं। उत्तर भारत पहुंचने के बाद वे प्रमुख सैन्य स्थलों और शहीद स्मारकों पर जाकर श्रद्धांजलि अर्पित करेंगे। श्रीनगर में यात्रा के समापन पर तिरंगा फहराने का भी कार्यक्रम प्रस्तावित है।
नोट : ऐसी ही तेज़, सटीक और ज़मीनी खबरों से जुड़े रहने के लिए इस लिंक पर क्लिक कर हमारे फेसबुक पेज को फॉलो करें
