शिमला। हिमाचल प्रदेश से एक बार फिर नशे के बढ़ते कारोबार और उसके खतरनाक दुष्परिणामों की दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। राजधानी शिमला के ठियोग क्षेत्र में चिट्टे की कथित ओवरडोज ने एक परिवार का जवान बेटा छीन लिया। बताया जा रहा है कि युवक ने अपने एक दोस्त के साथ नशीले पदार्थ का इंजेक्शन लगाया था, जिसके कुछ समय बाद उसकी तबीयत अचानक बिगड़ गई और देखते ही देखते उसकी मौत हो गई। इस घटना के बाद पूरे क्षेत्र में सनसनी फैल गई है।
दो दोस्तों ने लिया नशे का इंजेक्शन, एक की चली गई जान
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार मृतक युवक अपने साथियों के साथ एक होटल के स्टाफ क्वार्टर में रह रहा था। बताया जा रहा है कि घटना वाली रात युवक का एक परिचित वहां पहुंचा। आरोप है कि दोनों ने सफेद रंग के संदिग्ध नशीले पदार्थ को तैयार कर इंजेक्शन के माध्यम से शरीर में लिया। नशा करने के कुछ समय बाद युवक की हालत बिगड़ने लगी। साथ में मौजूद लोगों ने उसे संभालने की कोशिश की, लेकिन उसकी स्थिति लगातार गंभीर होती चली गई। कुछ ही देर में युवक ने दम तोड़ दिया, जिससे उसके परिजनों पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा।
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चिट्टे का जाल युवाओं को बना रहा शिकार
हिमाचल प्रदेश में चिट्टे का बढ़ता प्रचलन लगातार चिंता का विषय बना हुआ है। आए दिन नशे की गिरफ्त में फंस रहे युवा या तो अपराध की राह पकड़ रहे हैं या फिर अपनी जान गंवा रहे हैं। ठियोग की यह घटना भी नशे के उसी भयावह चेहरे को उजागर करती है, जिसने एक और घर का चिराग बुझा दिया। स्थानीय लोगों का कहना है कि नशे का यह जहर गांवों और कस्बों तक पहुंच चुका है, जिससे युवाओं का भविष्य अंधकार में जा रहा है।
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चश्मदीद के बयान पर पुलिस हरकत में
घटना के समय कमरे में मौजूद युवक 21 वर्षीय हरदीप सिंह ने पूरी जानकारी पुलिस को दी। उसने बताया कि वह एक निजी होटल में काम करता है और दो साथियों उमेश और करण के साथ स्टाफ क्वार्टर में रहता है। हरदीप के अनुसार 19 जून की रात को उसके साथ कमरे में रहने वाले करण नामक युवक का दोस्त बलवंत उनके कमरे में आया था।
उसके बाद दोनों ने सफेद पाउडर को पानी में मिलाकर उसका इंजेक्शन लिया। जिसके बाद करण की तबीयत बिगड़ गई और उसकी मौत हो गई। हरदीप के बयान के आधार पर पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस का मानना है कि प्रथम दृष्टया मामला नशीले पदार्थ के सेवन के बाद हुई मौत से जुड़ा हुआ प्रतीत हो रहा है।
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दोस्त के खिलाफ गैर-इरादतन हत्या का मामला दर्ज
पुलिस ने मृतक करण के दोस्त बलवंत के खिलाफ के खिलाफ गैर. इरादतन हत्या का मामला दर्ज कर लिया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस हर पहलू से जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि मौत के वास्तविक कारणों का पता पोस्टमार्टम रिपोर्ट और फोरेंसिक जांच के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा।
फोरेंसिक जांच से खुलेगा मौत का राज
पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। साथ ही विसरा नमूनों को जांच के लिए प्रयोगशाला भेजा जा रहा है। जांच रिपोर्ट आने के बाद यह स्पष्ट होगा कि युवक की मौत किस नशीले पदार्थ के सेवन से हुई और घटना के पीछे क्या परिस्थितियां थीं।
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नशे के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जरूरत
इस घटना ने एक बार फिर प्रदेश में बढ़ते नशे के कारोबार पर सवाल खड़े कर दिए हैं। सामाजिक संगठनों और स्थानीय लोगों का कहना है कि युवाओं को नशे के दलदल से बचाने के लिए जागरूकता के साथ-साथ तस्करों और सप्लायरों के खिलाफ और अधिक सख्त कार्रवाई की जरूरत है। एक बार फिर चिट्टे ने एक परिवार से उसका जवान बेटा छीन लिया है। यह घटना न केवल एक परिवार के लिए अपूरणीय क्षति है, बल्कि समाज के लिए भी एक गंभीर चेतावनी है कि नशे का यह जहर कितनी तेजी से युवाओं की जिंदगी को निगल रहा है।
