शिमला: हिमाचल प्रदेश में इस बार मानसून केवल बारिश नहीं, बल्कि आफत बनकर बरस रहा है। लगातार हो रही मूसलाधार बारिश से प्रदेश के पहाड़ दरक रहे हैं, नदियां और नाले उफान पर हैं, जबकि जगह-जगह भूस्खलन और फ्लैश फ्लड की घटनाएं लोगों के लिए जानलेवा साबित हो रही हैं। अब तक कई लोगों की जान जा चुकी है और करोड़ों रुपये की सरकारी व निजी संपत्ति को नुकसान पहुंच चुका है। हालात ऐसे हैं कि मौसम विभाग ने अभी राहत के कोई संकेत नहीं दिए हैं और प्रदेश में 31 जुलाई तक लगातार बारिश का पूर्वानुमान जताया है।

भूस्खलन और फ्लैश फ्लड ने ली कई जिंदगियां

इस मानसून सीजन में लगातार हो रहे भूस्खलन और अचानक आई बाढ़ ने कई परिवारों की खुशियां छीन ली हैं। प्रदेश में अब तक भूस्खलन की घटनाओं में कई लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि फ्लैश फ्लड की एक घटना में भी एक व्यक्ति की जान गई है। बीते दिनों लाहौल-स्पीति में पहाड़ से गिरी विशाल चट्टानों ने एक वाहन को चंद सेकंड में मलबे के नीचे दबा दिया था, जिसमें 13 लोगों की दर्दनाक मौत हो गई। इसके अलावा प्रदेश के कई जिलों में लगातार पहाड़ दरकने और सड़कें बंद होने की घटनाएं सामने आ रही हैं।

 

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28 जुलाई से फिर भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट

भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार हिमाचल प्रदेश में मौसम का मिजाज अभी और बिगड़ सकता है। 28 से 30 जुलाई के बीच प्रदेश के कई हिस्सों में भारी से बहुत भारी बारिश होने की संभावना है, जिसके चलते ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। 28 जुलाई को हमीरपुर, मंडी, सोलन और सिरमौर जिलों में भारी बारिश की चेतावनी दी गई है। वहीं 29 और 30 जुलाई को कांगड़ा, मंडी, शिमला और सिरमौर में भी भारी वर्षा की आशंका जताई गई है। अन्य जिलों में भी येलो अलर्ट जारी किया गया है।

 

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शिमला समेत कई जिलों में झमाझम बारिश

शनिवार को राजधानी शिमला सहित प्रदेश के कई हिस्सों में अच्छी बारिश दर्ज की गई। शिमला शहर में हुई तेज बारिश के कारण कई नाले उफान पर आ गए और कई स्थानों पर नालों का पानी सड़कों पर बहने लगा।

भूस्खलन से 134 सड़कें बंद, लोगों की बढ़ी मुश्किलें

लगातार बारिश के कारण प्रदेशभर में जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हो रहा है। भूस्खलन की वजह से 134 सड़कें बंद पड़ी हैं, जिनमें कई सड़कें एक सप्ताह से अधिक समय से अवरुद्ध हैं। मंडी-धर्मपुर राष्ट्रीय राजमार्ग-003 पर रोपड़ू नाला के पास भारी भूस्खलन के कारण हाईवे करीब 8 घंटे तक बंद रहा। सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और यात्रियों को घंटों इंतजार करना पड़ा। बाद में मशीनों की मदद से मलबा हटाकर यातायात बहाल किया गया।

 

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नदी-नालों से दूर रहने की सलाह

मौसम विभाग और राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण ने लोगों को विशेष सतर्कता बरतने की सलाह दी है। प्रशासन ने नदी-नालों, खड्डों और भूस्खलन संभावित क्षेत्रों से दूर रहने की अपील की है। साथ ही खराब मौसम के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचने और प्रशासन की एडवाइजरी का पालन करने को कहा गया है। विशेषज्ञों का कहना है कि लगातार हो रही बारिश से पहाड़ों की मिट्टी कमजोर हो चुकी है, जिससे आने वाले दिनों में भूस्खलन और फ्लैश फ्लड का खतरा और बढ़ सकता है।

 

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फिलहाल राहत नहीं, पूरे सप्ताह बरसेंगे बादल

मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार हिमाचल प्रदेश में अगले एक सप्ताह तक बारिश का सिलसिला जारी रहेगा। 31 जुलाई तक प्रदेश के अधिकांश क्षेत्रों में रुक-रुक कर बारिश होने की संभावना है। ऐसे में लोगों को सतर्क रहने और मौसम संबंधी अपडेट पर लगातार नजर रखने की सलाह दी गई है।

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