मंडी। हिमाचल प्रदेश के मंडी जिले की चौहारघाटी में आधी रात को अचानक पहाड़ी दरकने से हड़कंप मच गया। ग्राम पंचायत धमच्याण के चेलंग में शुक्रवार देर रात करीब 3 बजे बड़े पैमाने पर भूस्खलन हुआ। पहाड़ी से आई जोरदार गड़गड़ाहट की आवाज सुनकर टिक्कन गांव के ग्रामीण सहम गए। जब लोग घरों से बाहर निकले तो पहाड़ी से मलबा नीचे गिरता दिखाई दिया।
आवाज सुनकर घरों से बाहर निकले ग्रामीण
भूस्खलन की घटना के बाद ग्रामीणों में दहशत फैल गई। एहतियात के तौर पर कई लोग रात में ही सुरक्षित स्थानों पर चले गए और जागकर रात काटी। गनीमत रही कि घटना के समय मौसम साफ था और कोई बड़ा नुकसान नहीं हुआ।
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घटना की सूचना मिलते ही नायब तहसीलदार टिक्कन प्यार चंद, क्षेत्रीय कानूनगो अजय किशोर और पुलिस चौकी टिक्कन को दी गई। इसके बाद उपमंडल प्रशासन को भी इसकी जानकारी दी गई।
एसडीएम ने मौके पर पहुंचकर लिया जायजा
शनिवार सुबह एसडीएम पद्धर सुरजीत सिंह ठाकुर ने घटनास्थल का दौरा कर स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने बताया कि चेलंग की पहाड़ी से बहुत बड़ा लैंडस्लाइड हुआ है। सबसे चिंता की बात यह है कि पहाड़ी के पीछे भी बड़ी दरार आ गई है। इसे देखते हुए प्रशासन ने एहतियाती कदम उठाए हैं।
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4 परिवारों को सुरक्षित स्थान पर जाने के निर्देश
प्रशासन ने पहाड़ी के ठीक नीचे स्थित मकानों में रहने वाले रीता देवी, राम सिंह, श्याम लाल और जोगिंदर सिंह के परिवारों को सुरक्षित स्थान पर शिफ्ट होने के निर्देश दिए हैं। प्रभावित परिवारों के लिए उचित व्यवस्था करने की जिम्मेदारी नायब तहसीलदार टिक्कन को दी गई है।
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भूवैज्ञानिक विशेषज्ञ करेंगे जांच
एसडीएम ने बताया कि पहाड़ी दरकने के कारणों का पता लगाने के लिए भूवैज्ञानिक विशेषज्ञों को मौके पर बुलाया जाएगा। विशेषज्ञ पहाड़ी की स्थिति और आई दरारों का निरीक्षण करेंगे। ग्रामीणों का कहना है कि गनीमत रही कि यह घटना साफ मौसम के दौरान हुई। अगर बारिश के बीच पहाड़ी दरकती तो बड़ा नुकसान हो सकता था।
