कुल्लू। हिमाचल प्रदेश के कुल्लू जिला से एक दिल को दहला देने वाला मामला सामने आया है। कुल्लू जिला के सैंज में एक व्यक्ति की हत्या के बाद उसकी पत्नी पर अपनों ने ही ऐसा कहर बरपाया कि आज वह दर दर भटकने को मजबूर है। इस 27 साल की विधवा महिला से ना सिर्फ उसके दो बच्चे छीन लिए गए, बल्कि उसे घर से भी बाहर निकाल दिया गया। यह खुलासा सैंज घाटी की एक 27 साल की महिला वंती देवी ने किया है।
27 साल की महिला हुई थी लापता
दरअसल करीब दो सप्ताह पहले सैंज घाटी की बनोगी पंचायत के पातल गांव की 27 वर्षीय वंती देवी पत्नी कमलेश कुमार अचानक लापता हो गई थी। वंती देवी पल्दी के गनेउली गांव स्थित अपने मायके से गलु के रास्ते पैदल ही ससुराल के लिए निकली थी, लेकिन वह ससुराल नहीं पहुंची। जिसके चलते मायके वालों ने पुलिस थाना बंजार में उसकी गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज करवाई।
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जंगल में अचेत अवस्था में मिली
हालांकि ग्रामीणों ने अपने स्तर पर भी महिला की तलाश की लेकिन उसका कोई सुराग नहीं लगा। इसी बीच गुमशुदगी के करीब पांच दिन बाद पहाड़ियों में चील.कौए मंडराते दिखो। ऐसे में जंगल में घास लेने गई महिलाओं ने वंती देवी को अचेत अवस्था में पाया। जिसके बाद वंती देवी को कुल्लू अस्पताल में भर्ती करवाया गया। करीब एक सप्ताह इलाज चलने के बाद अब वंती देवी ने मामले में बड़े खुलासे किए हैं।
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महिला के पति की हुई थी हत्या
वंती देवी ने बताया कि करीब एक साल पहले उसके पति कमलेश की सैंज में हत्या हुई थी। पति की मौत के बाद ससुराल पक्ष वाले उसे प्रताड़ित करने लगे। वंती देवी ने बताया कि कमलेश को उसके ताया ने गोद लिया था और अपनी जमीन और मकान कमलेश के नाम किया था। उसकी मौत के बाद उसकी जमीन और मकान मेरे दो बेटों और मेरे नाम पर होना था। लेकिन कमलेश के असल माता पिता को यह सब रास नहीं आया।
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सास ससुर ने छीन लिए बच्चे, संपत्ति भी हड़प ली
वंती देवी ने बताया कि उसके सास ससुर उसे संपत्ति में हिस्सेदारी देने के पक्ष में नहीं थे, जिसके चलते ही वह उस पर अत्याचार करने लगे और उसे घर से बाहर निकालने का प्रयास करने लगे। वंती देवी ने बताया कि कुछ दिन पहले उसकी सास उसके दोनों बेटों को उससे छीन कर कुल्लू ले आई। हालात से तंग आकर वह दो दिन के लिए अपने मायके थाटीबीड़ स्थित मायके चली गई।
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मायके से ससुराल जाते हुई थी लापता
मायके में अपने बच्चों के बिना उसका मन नहीं लगा तो वह दो दिन रहने के बाद पैदल की ससुराल के लिए निकल पड़ी, लेकिन जंगल में रास्ता भटक गई। वह पांच दिन कैसे जीवित रही यह अभी भी एक पहेली बना हुआ है। अस्पताल से छुट्टी होने के बाद वंती देवी ने अब बंजार थाना में अपने ससुराल पक्ष पर मामला दर्ज करवाया है और न्याय की गुहार लगाई है।
क्या कहते हैं थाना प्रभारी
वहीं इस बारे में थाना प्रभारी बंजार चंद्रशेखर ने बताया कि बीते सप्ताह महिला को मायके वालों के हवाले किया गया। हालत नाजुक होने से वह बयान देने की हालत में नहीं थी। एक सप्ताह उपचार के बाद अब महिला ने बंजार थाना में प्राथमिकी दर्ज कराई है। इसमें उसने ससुराल पक्ष पर प्रताड़ित करने के आरोप लगाए हैं। पुलिस मामले की आगामी जांच कर रही है।
