कुल्लू। भगवान भोले के भक्तों के लिए एक बार फिर कठिन तपस्या और आस्था की परीक्षा का समय करीब आ गया है। हिमाचल प्रदेश के जिला कुल्लू में समुद्र तल से करीब 18 हजार फीट की ऊंचाई पर स्थित श्रीखंड महादेव के दर्शन के लिए प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं।

10 जुलाई से शुरू होगी यात्रा

हर साल हजारों श्रद्धालु इस दुर्गम यात्रा का हिस्सा बनते हैं और इस बार भी यात्रा को सुरक्षित और व्यवस्थित बनाने पर विशेष जोर दिया जा रहा है। कुल्लू जिले के आनी विधानसभा क्षेत्र के निरमंड में आयोजित श्रीखंड महादेव यात्रा ट्रस्ट की बैठक में इस वर्ष की यात्रा को लेकर कई महत्वपूर्ण फैसले लिए गए।

यह भी पढ़ें : हिमाचल में 'फिर हेराफेरी' :  मृतकों के खातों से निकाली पेंशन, पोस्टमास्टर के घर CBI की रेड

ट्रस्ट के अध्यक्ष एवं उपायुक्त कुल्लू ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से बैठक की अध्यक्षता करते हुए सभी विभागों को यात्रा शुरू होने से पहले तैयारियां पूरी करने के निर्देश दिए। इस वर्ष श्रीखंड महादेव कैलाश यात्रा 10 जुलाई से 23 जुलाई तक आयोजित होगी। इसके लिए ऑनलाइन पंजीकरण पोर्टल भी जल्द खोला जाएगा।

मेडिकल और बचाव दलों की रहेगी विशेष तैनाती

श्रीखंड महादेव यात्रा ट्रस्ट के उपाध्यक्ष एवं एसडीएम निरमंड डॉ. जगदीप सिंह कंवर ने बताया कि यात्रा के दौरान विभिन्न विभागों के अधिकारियों को अलग-अलग जिम्मेदारियां सौंपी जाएंगी। मेडिकल टीम, राजस्व विभाग, पुलिस, वन विभाग और बचाव दलों की विशेष तैनाती की जाएगी, ताकि श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधाओं का पूरा ध्यान रखा जा सके।

यह भी पढ़ें : चंबा ह*त्याकांड में सनसनीखेज खुलासा: कमरे में पी.टा, गाड़ी में टॉ.र्चर; फिर पुल से नाले में फेंका युवक

क्षतिग्रस्त रास्तों की मरम्मत 

डॉ. कंवर ने बताया कि जल शक्ति विभाग को यात्रा के सभी पड़ावों पर पेयजल की पर्याप्त व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा गया है। वहीं, खंड विकास कार्यालय और वन विभाग को पिछले वर्ष मानसून की भारी बारिश से क्षतिग्रस्त हुए मार्गों की मरम्मत का कार्य जल्द पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं।

छह सेक्टरों में बांटा गया यात्रा मार्ग

इस बार यात्रा मार्ग को छह सेक्टरों में विभाजित किया गया है। बागीपुल-जाओं के मध्य सेक्टर मजिस्ट्रेट कैंप स्थापित किया जाएगा। इसके अलावा सिंहगाड़, थाचडू, कुनशा, भीम डवारी और पार्वती बाग में बेस कैंप बनाए जाएंगे, जहां श्रद्धालुओं के लिए आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध करवाई जाएंगी।

यह भी पढ़ें : हिमाचल में 7वीं के छात्र ने कमरे में लगा लिया फं*दा, बेटे की देह देख मां-बाप की निकली चीखें

माता चलाशनी के दर्शन की परंपरा फिर शुरू

धार्मिक मान्यता के अनुसार श्रद्धालु श्रीखंड यात्रा पर रवाना होने से पहले जाओं स्थित क्षेत्र की अधिष्ठात्री देवी माता चलाशनी के दर्शन कर आशीर्वाद लेते हैं। प्रशासन इस परंपरा को पुनर्जीवित करने के लिए साइन बोर्ड और सूचना पट लगाएगा, ताकि अधिक से अधिक श्रद्धालु इस परंपरा से जुड़ सकें।

 

बैठक में श्रीखंड यात्रा ट्रस्ट के संस्थापक सदस्य एवं हिमाचल प्रदेश मिल्क फेडरेशन के चेयरमैन बुद्धि सिंह ठाकुर, ट्रस्ट सदस्य गोविंद प्रसाद शर्मा सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी भी मौजूद रहे।

नोट : ऐसी ही तेज़, सटीक और ज़मीनी खबरों से जुड़े रहने के लिए इस लिंक पर क्लिक कर हमारे फेसबुक पेज को फॉलो करें