धर्मशाला। हिमाचल प्रदेश में प्रस्तावित पंचायत चुनावों को लेकर सियासी सरगर्मियां तेज हो गई हैं। हिमाचल प्रदेश में होने वाले पंचायत चुनावों को लेकर अहम अपडेट सामने आया है। हाईकोर्ट द्वारा निर्धारित समयसीमा खत्म होने से ठीक पहले पंचायती राज विभाग ने पंचायतों और शहरी निकायों के लिए आरक्षण रोस्टर जारी कर दिए हैं।
इसी कड़ी में जिला कांगड़ा में पंचायत चुनावों के लिए आरक्षण रोस्टर जारी कर दिया है। रोस्टर जारी होते ही जिला परिषद वार्डों, पंचायत समिति अध्यक्ष.उपाध्यक्ष और पंचायत प्रधान पदों की स्थिति पूरी तरह स्पष्ट हो गई है, जिसके बाद चुनाव लड़ने के इच्छुक संभावित उम्मीदवारों ने अपनी तैयारियां तेज कर दी हैं। विभागीय सूत्रों के अनुसार देर शाम तक प्रदेश की सभी पंचायतों के लिए आरक्षण सूची सार्वजनिक कर दी जाएगी।
महिलाओं की बढ़ेगी भागीदारी
जिला परिषद कांगड़ा के 54 वार्डों के लिए जारी इस रोस्टर में महिलाओं की भागीदारी अहम रूप से सामने आई है। कुल 27 वार्ड महिलाओं के लिए आरक्षित किए गए हैं, जिससे यह स्पष्ट है कि इस बार आधी आबादी पंचायत चुनावों में निर्णायक भूमिका निभाएगी। वहीं] अनारक्षित वार्डों सहित अनुसूचित जाति (एससी), अनुसूचित जनजाति (एसटी) और अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) के लिए आरक्षित सीटों पर भी महिला उम्मीदवार चुनाव मैदान में उतर सकेंगी।
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- आरक्षण के अनुसार जिले में कुल 11 वार्ड एससी, एसटी और ओबीसी वर्ग के लिए निर्धारित किए गए हैं। इनमें छह वार्ड अनुसूचित जाति, एक वार्ड अनुसूचित जनजाति और चार वार्ड अन्य पिछड़ा वर्ग के लिए आरक्षित किए गए हैं।
- एससी महिला वर्ग के लिए मझैरना, तरेहल, लंबागांव, डमटाल, गदियाड़ा और भत्तला वार्ड आरक्षित किए गए हैं, जबकि कुदैल, बढल, बणी, शेखपुर, ममूह गुरचाल और नच्छीर बंदला वार्ड एससी वर्ग के लिए तय हुए हैं।
- इसी तरह अनुसूचित जनजाति वर्ग के लिए नगरी कलुंड और अवैरी वार्ड महिला वर्ग के लिए आरक्षित किए गए हैं, जबकि भाली वार्ड एसटी वर्ग के लिए निर्धारित किया गया है।
- अन्य पिछड़ा वर्ग की बात करें तो मस्सल, दौलतपुर, भडियारा और ठाकुरद्वारा वार्ड ओबीसी महिला वर्ग के लिए आरक्षित हैं, जबकि ठारू, खोली, तियारा और झिकली इच्छी वार्ड ओबीसी वर्ग के लिए तय किए गए हैं।
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- इसके अतिरिक्त कई वार्ड सामान्य महिला वर्ग के लिए आरक्षित किए गए हैं, जिनमें नौरा, हरिपुर, सुन्नी, बाडी, सुलह, कोपड़ा, नंगल चौक, मंझग्रां, बारी कलां, अधवानी, चड़ी, फारियां, घाटी, अरला और आलमपुर शामिल हैं।
वहीं, जरोट, रैहन-दो, कवाड़ी, सौकनी दा कोट, मनोह सिहाल, रियाली, मैरा, परागपुर, भडवार, गुरियाल, गंगथ, इंदौरा, बरंडा, भलेटा, संसाल और हलेड़कलां वार्ड अनारक्षित रखे गए हैं। - रोस्टर जारी होने के साथ ही जिले में राजनीतिक हलचल और तेज हो गई है।
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संभावित उम्मीदवार अपने-अपने क्षेत्रों में सक्रिय हो गए हैं और समर्थन जुटाने के लिए रणनीति बनाने में जुट गए हैं। अब सभी की नजरें चुनाव कार्यक्रम की घोषणा पर टिकी हैं, जिसके बाद पंचायत चुनावों की तस्वीर पूरी तरह साफ हो जाएगी।
