#राजनीति

September 12, 2025

हिमाचल: अनशन पर बैठे कांग्रेस MLA की बिगड़ी तबीयत, दौड़े आए गड़करी के अफसर; करने लगे ये आग्रह

केंद्रीय मंत्रालय के विंग मोर्थ के अधिकारियों ने दिलवाया भरोसा, पर नहीं माने विधायक

शेयर करें:

Congress MLA chander shkehar

मंडी। हिमाचल प्रदेश के मंडी ज़िले में जालंधर.मनाली नेशनल हाईवे के निर्माण में भारी अनियमितताओं के खिलाफ कांग्रेस विधायक चंद्रशेखर ठाकुर द्वारा शुरू किया गया आमरण अनशन अब निर्णायक मोड़ पर पहुंच चुका है। शुक्रवार को अनशन का चौथा दिन शुरू हुआ। इस दौरान विधायक की बिगड़ती तबीयत के बीच आखिरकार केंद्र सरकार के भी हाथ.पैर फूल गए।

 

अब तक शांत बैठे केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय के अफसरों को जब जनता के समर्थन से आंदोलन तेज़ होता दिखा, तो स्वयं केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी के अधीन काम करने वाले क्षेत्रीय अधिकारी अनिल कुमार कुशवाह धर्मपुर और हमीरपुर सीमा पर अवाहदेवी में अनशन स्थल पर विधायक से मिलने पहुंच गए। उन्होंने हाथ जोड़कर विधायक से अनशन समाप्त करने की भावुक अपील की और आश्वासन दिया कि उनकी शिकायतों को सीधे नीतिन गडकरी तक पहुंचाया जाएगा।

 

यह भी पढ़ें : सीएम सुक्खू ने मोदी सरकार से मांगे 50 हजार करोड़, आपदा राहत से अलग होगा ये फंड; जानें

चंद्रशेखर ठाकुर का दो टूक जवाब

विधायक चंद्रशेखर ठाकुर ने इस मुलाकात में साफ कर दिया कि अब सिर्फ आश्वासनों से काम नहीं चलेगा। उन्होंने कहा कि धर्मपुर की 80 हजार की जनता को सड़क निर्माण की लापरवाही की भारी कीमत चुकानी पड़ रही है। प्रोजेक्ट डायरेक्टर और संबंधित अधिकारियों ने हाईवे को बर्बाद कर दिया है। जनता की आवाज़ को नज़रअंदाज़ किया गया है। अब इन अधिकारियों को हटाए बिना कोई बात नहीं होगी। अगर ऐसा नहीं हुआ तो मैं असहयोग आंदोलन शुरू करूंगा और भविष्य में ये अधिकारी यहां जनता से किसी भी प्रकार का सहयोग नहीं पा सकेंगे।

 

यह भी पढ़ें : हिमाचल: डिपुओं में अब इन लोगों को नहीं मिलेगा सस्ता राशन, केंद्र ने 5 लाख उपभोक्ताओं की भेजी लिस्ट

दूत बनकर जाएं और गडकरी तक बात पहुंचाएं

विधायक चंद्रशेखर ठाकुर ने क्षेत्रीय अधिकारी से कहा कि वे केवल प्रशासनिक अधिकारी नहीं, बल्कि इस बार जनता की आवाज़ के दूत बनकर केंद्रीय मंत्री नीतिन गडकरी तक उनका संदेश पहुंचाएं। उन्होंने यह भी बताया कि मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू, डिप्टी सीएम मुकेश अग्निहोत्री, और लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह समेत राज्य सरकार के तमाम वरिष्ठ नेता इस गंभीर मामले पर गंभीरता से प्रयास कर रहे हैं।

 

यह भी पढ़ें : हिमाचल बॉर्डर पर 19 साल की लड़की ने नदी में लगाई छलांग, आठ घंटे बाद मिली देह

बिगड़ रही है विधायक की तबीयत

अनशन के चलते विधायक ठाकुर की तबीयत लगातार बिगड़ रही है। तीन दिनों से अधिक समय से उन्होंने भोजन और पेय पदार्थों का त्याग कर रखा है। चिकित्सकों के अनुसार उनका ब्लड शुगर लेवल गिर गया है, हालांकि ब्लड प्रेशर और अन्य शरीर क्रियाएं अब तक सामान्य हैं। लेकिन शरीर में कमजोरी स्पष्ट रूप से दिखाई देने लगी है। एक चिकित्सकों की टीम लगातार मौके पर मौजूद रहकर उनके स्वास्थ्य की निगरानी कर रही है।

 

यह भी पढ़ें : सुक्खू सरकार की बड़ी कार्रवाई, KCC बैंक की पूरी बीओडी निलंबित; 10 दिन में मांगा जवाब

जनता का समर्थन, प्रशासन की बेचैनी

स्थानीय जनता भी विधायक के समर्थन में खुलकर सामने आ गई है। अनशन स्थल पर लोगों की भीड़ लगातार बढ़ रही है, जिससे प्रशासन की बेचैनी और बढ़ गई है। केंद्र सरकार को अंदेशा है कि यदि आंदोलन ने व्यापक रूप धारण कर लिया, तो इसके राजनीतिक प्रभाव गंभीर हो सकते हैं।

यह भी पढ़ें : हिमाचल : जिस घर में गूंजी बेटे की किलकारी, 24 घंटे बाद उसी आंगन से एक साथ उठीं दो अर्थियां

धर्मपुर में हाईवे निर्माण को लेकर उठी यह आवाज़ अब सिर्फ एक क्षेत्रीय मुद्दा नहीं रह गया है, बल्कि यह जनता बनाम तंत्र की सीधी लड़ाई बन चुकी है। एक निर्वाचित विधायक को अपनी जनता के हक के लिए आमरण अनशन पर बैठना पड़े, यह अपने आप में व्यवस्था पर सवाल खड़े करता है। अब देखना यह है कि क्या केंद्र सरकार इन मांगों को गंभीरता से लेते हुए ठोस कदम उठाती है, या फिर यह आंदोलन और विकराल रूप लेगा।

नोट : ऐसी ही तेज़, सटीक और ज़मीनी खबरों से जुड़े रहने के लिए इस लिंक पर क्लिक कर हमारे फेसबुक पेज को फॉलो करें।

ट्रेंडिंग न्यूज़
LAUGH CLUB
संबंधित आलेख