#अपराध
April 1, 2026
हिमाचल में पुलिसवाले ने मांगी रिश्वत... नहीं दे पाया युवक, तो काटा 5000 का चालान
कैश नहीं था तो गूगल पे कर देने को कहा पैसे
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कांगड़ा। हिमाचल प्रदेश में पुलिस की कार्यप्रणाली पर एक बार फिर सवाल उठ खड़े हुए हैं। कांगड़ा जिले में ड्यूटी पर तैनात एक पुलिसकर्मी पर चालान के नाम पर पैसे वसूलने के गंभीर आरोप लगे हैं।
इस पूरी घटना की एक वीडियो भी सामने आई है- जिसमें कथित तौर पर पुलिस जवान युवक से कहता सुनाई दे रहा है कि “गूगल पे कर दो, नहीं तो कोर्ट में चालान भुगतना पड़ेगा।” वीडियो वायरल होने के बाद मामला चर्चा का विषय बन गया है।
जानकारी के अनुसार, नालागढ़ के भटोली गांव निवासी मोहित कुमार अपने एक दोस्त के साथ बाइक पर माता बंगलामुखी मंदिर दर्शन के लिए गया था। दर्शन के बाद जब वे देहरा की ओर लौट रहा था- तो मंदिर से करीब 2-3 किलोमीटर पहले पुलिस ने उनकी बाइक को रोक लिया।
पुलिस ने सबसे पहले युवक से ड्राइविंग लाइसेंस मांगा, जिसे मोहित ने तुरंत दिखा दिया। इसके बाद पुलिसवाले ने पॉल्यूशन सर्टिफिकेट मांगा। मगर मोहित के पास उस समय पॉल्यूशन की कॉपी मौजूद नहीं थी। ऐसे में मोहित ने अपने भाई को फोन कर दस्तावेज मंगवाने की कोशिश की, लेकिन संपर्क नहीं हो पाया।
मोहित कुमार का आरोप है कि इसके बाद पुलिसकर्मी ने उसे दो विकल्प दिए। 5000 रुपये का चालान कटवाकर कोर्ट में पेश हों या फिर मौके पर एक हजार देकर मामला खत्म कर दे। जब मोहित ने कहा कि उसके पास नकद पैसे नहीं हैं, तो पुलिसकर्मी ने उन्हें डिजिटल पेमेंट करने के लिए कहा।

बताया जा रहा है कि इसके बाद ‘नीरज कुमार’ नाम के गूगल पे खाते पर पैसे ट्रांसफर किए गए। इसी दौरान मोहित ने पूरे घटनाक्रम की वीडियो रिकॉर्डिंग कर ली, जो कि अब सोशल मीडिया पर काफी वायरल हो रही है।
मोहित कुमार ने बताया कि वह एक गरीब परिवार से ताल्लुक रखता है और मजदूरी कर परिवार का पालन-पोषण करता है। उनके लिए ₹5000 का चालान भरना बेहद मुश्किल है। उसने कहा कि इसी मजबूरी का फायदा उठाकर उनसे पैसे वसूले गए।
हिमाचल में पुलिसवाले ने मांगी रिश्वत : नहीं दे पाया युवक, तो काटा 5000 का चालान- देखें वीडियो pic.twitter.com/mbC7vxSRpn
— News 4 Himalayan (@news4himalayan) April 1, 2026
मोहित ने CM सुखविंदर सिंह सुक्खू, विजिलेंस विभाग और पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों से अपील की है कि मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।
मोहित ने यह भी आरोप लगाया है कि पैसे देने से पहले उन्हें डराया-धमकाया गया और अभद्र भाषा का इस्तेमाल किया गया। उसका कहना है कि अगर वह वीडियो नहीं बनाता, तो शायद यह मामला सामने ही नहीं आता।
इस पूरे मामले पर पुलिस का आधिकारिक पक्ष अभी तक सामने नहीं आ पाया है। अब ये देखना अहम होगा कि वायरल वीडियो के बाद पुलिस विभाग क्या कार्रवाई करता है।
घटना के सामने आने के बाद लोगों में रोष देखा जा रहा है। सोशल मीडिया पर भी लोग इस तरह की घटनाओं पर सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। यह मामला न केवल पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़ा करता है, बल्कि सिस्टम में पारदर्शिता और जवाबदेही की जरूरत को भी उजागर करता है।