#उपलब्धि
January 24, 2026
हिमाचल : SSB में अफसर बना बेटा, कंधे पर बैज लगाते भावुक हुआ पिता- मां के भी नहीं थमे आंसू
नितिन को पूरे बैच में बेस्ट फायरर ऑफ द मैच का सम्मान मिला
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कांगड़ा। हिमाचल प्रदेश की वीरभूमि से एक ऐसी गौरवपूर्ण खबर सामने आई है- जिसने कांगड़ा जिला ही नहीं, बल्कि पूरे प्रदेश का सिर गर्व से ऊंचा कर दिया है। एक छोटे से गांव से निकलकर बड़े सपनों को साकार करने वाले युवा ने यह साबित कर दिया कि अगर इरादे मजबूत हों, तो मंजिल खुद रास्ता बना लेती है।
जिले के गांव कोट पलाहारी के होनहार बेटे नितिन धीमान का सशस्त्र सीमा बल (SSB) में असिस्टेंट कमांडेंट के पद पर चयन हुआ है। नितिन की ये सफलता से न सिर्फ उनके और उनके परिवार का नाम बल्कि पूरे क्षेत्र का नाम रोशन कर दिया है।
नितिन धीमान ने SSB अकादमी, भोपाल में दिसंबर 2024 से जनवरी 2026 तक चले 52 सप्ताह के कठिन, अनुशासित और चुनौतीपूर्ण ट्रेनिंग को सफलतापूर्वक पूरा किया। यह प्रशिक्षण केवल शारीरिक मजबूती की परीक्षा नहीं था, बल्कि मानसिक दृढ़ता, क्षमता और अनुशासन की भी कसौटी था।

लंबी दूरी की दौड़, कठोर ड्रिल, रणनीतिक अभ्यास और हथियारों की सटीक ट्रेनिंग जैसे हर मोर्चे पर नितिन ने खुद को साबित किया। प्रशिक्षण के दौरान कई ऐसे पल आए जब थकान और दबाव हावी होने की कोशिश करता है, लेकिन नितिन ने कभी हार नहीं मानी।
कठिन परिस्थितियों में भी उनका आत्मविश्वास और फोकस अडिग रहा। उनकी इसी लगन और निरंतर अभ्यास का परिणाम यह रहा कि उन्हें पूरे बैच में बेस्ट फायरर ऑफ द मैच का सम्मान मिला। यह सम्मान फायरिंग में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले अधिकारी को दिया जाता है और यह नितिन की सटीकता, धैर्य और कौशल का प्रमाण है।

जब प्रशिक्षण पूरी होने के बाद नितिन अपने पैतृक गांव कोट पलाहारी पहुंचे, तो मानो पूरे गांव में उत्सव छा गया। ढोल-नगाड़ों की गूंज, फूल-मालाओं से सजा स्वागत और मिठाइयों की मिठास के बीच ग्रामीणों ने अपने लाडले बेटे का भव्य अभिनंदन किया। हर चेहरे पर खुशी थी और हर आंख में गर्व- ऐसा लग रहा था जैसे गांव ने सामूहिक रूप से कोई बड़ी जीत हासिल कर ली हो।
नितिन के पिता जगदीश धीमान, जो कि एक रिटायर्ड प्रिंसिपल हैं, बेटे की इस उपलब्धि पर भावुक नजर आए। उन्होंने कहा कि यह उनके जीवन का सबसे गर्वपूर्ण क्षण है। उन्होंने बताया कि नितिन की यह सफलता वर्षों की मेहनत, अनुशासन और ईमानदारी का परिणाम है। बेटे को वर्दी में देखकर उनका सीना गर्व से चौड़ा हो गया। नितिन के कंधे पर बजाए लगाते वक्त उनके पिता भावुक हो गए और उनकी मां के भी खुशी के आंसू छलक पड़े।
इस मौके पर क्षेत्र के विधायक रणवीर सिंह निक्का भी नितिन के घर पहुंचे और उन्हें शुभकामनाएं दीं। विधायक ने कहा कि नितिन धीमान की यह उपलब्धि पूरे कांगड़ा क्षेत्र के युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत है। उन्होंने विश्वास जताया कि नितिन अपने कर्तव्यों का निर्वहन पूरी निष्ठा और ईमानदारी से करेंगे और देश की सीमाओं की सुरक्षा में अहम भूमिका निभाएंगे।
अपनी सफलता पर नितिन धीमान ने बेहद सादगी से कहा कि यह मुकाम उन्होंने अकेले नहीं, बल्कि अपने माता-पिता, परिवार, शिक्षकों और प्रशिक्षकों के मार्गदर्शन से हासिल किया है। उन्होंने कहा कि देश सेवा और सीमाओं की रक्षा करना उनके जीवन का सबसे बड़ा उद्देश्य है और वे इस जिम्मेदारी को पूरी निष्ठा के साथ निभाएंगे।