#यूटिलिटी
January 11, 2026
अब वर्दी नहीं चलेगी! HRTC बस में फ्री सफर के लिए पुलिसवालों को भी बनवाना होगा कार्ड
बस में 50% छूट पाने के लिए महिलाओं को भी बनाना होगा हिम कार्ड
शेयर करें:

शिमला। हिमाचल प्रदेश में अब HRTC की बसों में पुलिसवालों के लिए मुफ्त यात्रा उतनी आसान नहीं रहेगी, जितनी अब तक थी। सुक्खू सरकार ने फ्री ट्रैवल पॉलिसी में बड़ा बदलाव करते हुए इसे पहचान और पंजीकरण से जोड़ दिया है।
अब बस में चढ़ते ही पुलिसवालों को मुफ्त या रियायती सफर के लिए पहले जेब से पैसे निकालकर कार्ड बनवाना होगा। सरकार का कहना है कि इस बदलाव से व्यवस्था में पारदर्शिता आएगी और सही लाभार्थियों तक ही सुविधा पहुंचेगी।
आपको बता दें कि प्रदेश में अब पुलिस कर्मियों को HRTC की बसों में यात्रा की सुविधा केवल हिम बस कार्ड के माध्यम से ही मिलेगी। सरकार के निर्देशों के बाद HRTC ने इस व्यवस्था को लागू करने की प्रक्रिया तेज कर दी है।
इसके तहत कांस्टेबल से लेकर इंस्पेक्टर रैंक तक के करीब 15 हजार पुलिस कर्मियों के लिए हिम बस कार्ड बनवाना अनिवार्य कर दिया गया है। HRTC के अनुसार सभी पात्र पुलिस कर्मियों को 31 जनवरी तक अपना हिम बस कार्ड बनवाना होगा। 1 फरवरी से यह व्यवस्था सख्ती से लागू कर दी जाएगी और बिना कार्ड के पुलिस कर्मियों को बसों में यात्रा की अनुमति नहीं मिलेगी।
हिम बस कार्ड बनवाने के लिए एचआरटीसी ने ऑनलाइन पोर्टल buspassonline.hrtchp.com शुरू किया है। पुलिस कर्मी घर बैठे ही आवेदन कर सकेंगे। आवेदन के दौरान पासपोर्ट साइज फोटो और पुलिस आईकार्ड की फोटो पोर्टल पर अपलोड करना अनिवार्य किया गया है। इससे कार्ड निर्माण की प्रक्रिया को सरल और तेज बनाया गया है।
गौरतलब है कि पुलिस कर्मी बस में यात्रा करते समय मौके पर किराया नहीं देते, लेकिन उनके वेतन से हर महीने 600 रुपये की राशि काटकर विभाग HRTC को भुगतान करता है। यानी यह सुविधा पूरी तरह “मुफ्त” नहीं है, बल्कि रीइंबर्समेंट के आधार पर दी जाती है।
HRTC का तर्क है कि हिम बस कार्ड योजना का मुख्य उद्देश्य इस सुविधा को अधिक पारदर्शी और व्यवस्थित बनाना है। कार्ड प्रणाली लागू होने से यह सुनिश्चित किया जा सकेगा कि बसों में मुफ्त यात्रा का लाभ केवल पात्र कर्मियों को ही मिले। निगम अधिकारियों के अनुसार, इस योजना से यह भी स्पष्ट आंकड़ा मिल सकेगा कि वास्तव में कितने कर्मचारी इस सुविधा का उपयोग कर रहे हैं, जिससे भविष्य की योजना और बजट प्रबंधन आसान होगा।
सरकार के नए अपडेट के मुताबिक, 31 जनवरी 2026 से पहले प्रदेश के सभी 12 जिलों की महिलाओं को HRTC बसों के किराए में 50 प्रतिशत छूट लेने के लिए हिम बस कार्ड बनवाना अनिवार्य होगा। बिना कार्ड के अब न तो मुफ्त और न ही रियायती यात्रा का लाभ मिलेगा।
सरकार ने साफ कर दिया है कि अब महिलाओं और स्कूली छात्रों को HRTC बसों में मुफ्त या रियायती यात्रा के लिए ‘हिम बस कार्ड’ बनवाना होगा। इसके लिए 236 रुपये का शुल्क तय किया गया है। पहले महिलाओं को बिना किसी पहचान पत्र के भी फ्री यात्रा की सुविधा मिल जाती थी, लेकिन अब यह व्यवस्था खत्म कर दी गई है।
शिमला में CM ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू की अध्यक्षता में हुई मंत्रिमंडल बैठक में यह निर्णय लिया गया था। बैठक में HRTC की मुफ्त यात्रा योजना की समीक्षा की गई थी, जिसके बाद सरकार ने इसे कार्ड आधारित प्रणाली से जोड़ने की मंजूरी दी थी।
यह भी पढ़ें : हिमाचल में एक और म*र्डर : दो दोस्तों ने साथ बैठ पी शराब, फिर एक ने दूसरे को ब्यास में दे दिया धक्का
यह नियम केवल महिलाओं तक सीमित नहीं रहेगा। स्कूल के छात्रों को भी बसों में रियायती या मुफ्त यात्रा के लिए यही प्रक्रिया अपनाई जा रही है। सरकार का तर्क है कि इससे फर्जी लाभार्थियों पर रोक लगेगी और निगम को हो रहे आर्थिक नुकसान को भी कम किया जा सकेगा।