#राजनीति
January 22, 2026
जयराम ठाकुर का दावा- कर्ज के सहारे चल रही सुक्खू सरकार की गाड़ी, अपने ही बोझ से गिरेगी
"जनता को नहीं पता कि पैसा कहां जा रहा है, CM “मित्र मंडली” के घर जरूर भर रहे हैं"
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कांगड़ा। हिमाचल की सियासत में इन दिनों अस्थिरता, नाराज़गी और अविश्वास की बातें आम हो चली हैं। इसी माहौल के बीच कांगड़ा की धरती से नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने सुक्खू सरकार पर ऐसा हमला बोला, जिसमें सिर्फ सरकार ही नहीं, बल्कि कांग्रेस की अंदरूनी हालत भी कठघरे में खड़ी नजर आई। उन्होंने दावा किया कि मौजूदा सरकार किसी साजिश से नहीं, बल्कि अपने ही बोझ और कुप्रबंधन से गिरने की ओर बढ़ रही है।
अपने तीन दिवसीय प्रवास के पहले दिन जयराम ठाकुर दिल्ली से सीधे कांगड़ा पहुंचे। एयरपोर्ट पर उनका भव्य स्वागत किया गया। इसके बाद उन्होंने नगरोटा बगवां और धर्मशाला में भाजपा की संगठनात्मक बैठकों को संबोधित किया।
जयराम ठाकुर ने कहा कि सुक्खू सरकार बाहर से नहीं, बल्कि अंदर से कमजोर हो चुकी है। उनके मुताबिक सरकार पर इतना प्रशासनिक और आर्थिक बोझ है कि वह कभी भी अपने ही वजन से गिर सकती है।
कांगड़ा पहुंचने के बाद जयराम ठाकुर ने रक्षित चौहान के घर जाकर परिवार से मुलाकात की। रक्षित रूसी जहाज ‘बेला-1’ में क्रू मेंबर हैं, जिसे अमेरिका ने सीज कर लिया है। जयराम ठाकुर ने परिवार को भरोसा दिलाया कि भारत सरकार और विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर पूरे मामले पर नजर बनाए हुए हैं और रक्षित की सुरक्षित स्वदेश वापसी के लिए प्रयास जारी हैं।
नगरोटा बगवां में पूर्व विधायक अरुण कुमार कुक्का और धर्मशाला में विधायक सुधीर शर्मा की मौजूदगी में जयराम ठाकुर ने सुक्खू सरकार को हिमाचल के इतिहास की पहली ऐसी सरकार बताया, जो संस्थान खोलने के बजाय उन्हें बंद करने के लिए जानी जाएगी।
उन्होंने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री सिर्फ उद्घाटन और फीता काटने की राजनीति कर रहे हैं। भाजपा सरकार के कार्यकाल में 2022 में लोकार्पित संजौली हेलीपोर्ट जैसे कार्यों का दोबारा उद्घाटन कर जनता को भ्रमित किया जा रहा है।
प्रदेश की आर्थिक स्थिति को लेकर जयराम ठाकुर ने गंभीर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार ने पांच साल में 19 हजार करोड़ रुपये का कर्ज लिया था, जिसका बड़ा हिस्सा पुराने कर्ज चुकाने में गया।
इसके उलट मौजूदा सरकार ने मात्र तीन साल में प्रदेश पर 40 हजार करोड़ रुपये का अतिरिक्त कर्ज लाद दिया है। उन्होंने आरोप लगाया कि विकास कार्य ठप हैं और जनता को नहीं पता कि पैसा कहां जा रहा है, लेकिन मुख्यमंत्री की “मित्र मंडली” के घर जरूर भर रहे हैं।
जयराम ठाकुर ने कांग्रेस की अंदरूनी राजनीति पर भी हमला बोला। उन्होंने कहा कि जब वरिष्ठ नेताओं और विधायकों को अपमानित किया जाएगा और बदले की राजनीति चलेगी, तो असंतोष बढ़ना तय है।
विधायक सुधीर शर्मा का उदाहरण देते हुए उन्होंने कहा कि जहां सम्मान नहीं मिलता, वहां चुप रहना आत्मसम्मान के खिलाफ होता है। उन्होंने दावा किया कि आज केवल विपक्ष ही नहीं, बल्कि सत्तापक्ष के विधायकों के क्षेत्रों में भी विकास कार्य ठप पड़े हैं।
अपने संबोधन के अंत में जयराम ठाकुर ने कार्यकर्ताओं से अपील की कि वे सरकार की नाकामियों को गांव-गांव, घर-घर तक पहुंचाएं। उन्होंने कहा कि जनता मित्रों की सरकार से त्रस्त हो चुकी है और प्रदेश बदलाव के मूड में है। न्होंने चेतावनी दी कि कांग्रेस का राम नाम का विरोध और आंतरिक कलह उसे राजनीतिक रूप से और नीचे ले जाएगी।