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August 17, 2025
हिमाचल में फ्लैश फ्लड से तबाही : मकान, दुकानें और पुल बहे- आया आंसुओं का सैलाब
बारिश ने मचाई तबाही : घर बहे, पुल टूटे, सड़कें बंद
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मंडी। हिमाचल प्रदेश में इस बार के मानसून ने पूरी तरह से कहर मचा के रखा हुआ है। जिसके चलते मंडी ज़िले के उत्तरशाल क्षेत्र में बीती रात मूसलाधार बारिश ने भारी तबाही मचाई। अचानक तेज़ बारिश से ग्राम पंचायत शेगली में एक परिवार का घर बह गया, जबकि कटौला से माहुर को जोड़ने वाला पुल तेज़ बहाव में बहने की खबर है।
जानकारी के अनुसार, बधेरी के आरंग स्कूल के आसपास का नज़ारा बेहद भयावह बताया जा रहा है। स्थानीय लोगों के अनुसार कई वाहन बाढ़ के पानी में बह गए हैं, खेतों की फसलें पूरी तरह से नष्ट हो चुकी हैं और मवेशियों के बह जाने की भी आशंका जताई जा रही है।
इसी बीच बागी खड्ड उफान पर है और लगातार बढ़ते जलस्तर ने लोगों में दहशत का माहौल बना दिया है। प्रशासन ने एहतियातन सभी ग्रामीणों से अपील की है कि वे सतर्क रहें और सुरक्षित स्थानों पर शरण लें।
कुल्लू ज़िले के पाहनाला क्षेत्र में भी फ्लैश फ्लड ने तबाही मचाई। अचानक आए पानी के तेज़ बहाव से दो दुकानें और एक पुल बह गया। जगह-जगह भूस्खलन होने के कारण ग्रामीण इलाकों की 60 से अधिक सड़कें बंद हो गई हैं। नदी-नालों का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है, जिससे जनजीवन अस्त-व्यस्त है।
राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण की रिपोर्ट के अनुसार, इस बरसात के मौसम में अब तक हिमाचल प्रदेश को भारी नुकसान झेलना पड़ा है। अब तक 261 लोगों की मौत हो चुकी है, 37 लोग लापता हैं, जबकि 332 लोग घायल हुए हैं।
कुल 2385 घर पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गए हैं और 2174 पशुशालाएं तथा 360 दुकानें जमींदोज हो चुकी हैं। सिर्फ इंसानों को ही नहीं, बल्कि पशुधन को भी बड़ा नुकसान हुआ है, जहां 1626 मवेशी और 25,755 पोल्ट्री बर्ड्स की मौत दर्ज की गई है।
प्रदेश में सड़क और बिजली व्यवस्था भी बुरी तरह चरमराई हुई है। दो राष्ट्रीय राजमार्गों समेत 311 सड़कें अभी बंद हैं। 348 ट्रांसफॉर्मर बंद होने से कई क्षेत्रों में अंधेरा पसरा हुआ है और 119 पेयजल योजनाएं भी ठप हैं। कुल मिलाकर अब तक हिमाचल प्रदेश को 2144 करोड़ रुपये से अधिक का नुकसान हो चुका है।