#अपराध
August 9, 2026
हिमाचल: 18 वर्षीय युवक के पास मिली चिट्टे की बड़ी खेप, हरियाणा रोडवेज की बस में ला रहा था नशा
पंजाब से चिट्टा लेकर आने की आशंका, पुलिस खंगाल रही नेटवर्क
शेयर करें:

शिमला। हिमाचल प्रदेश में नशे के खिलाफ पुलिस की कार्रवाई के बीच राजधानी शिमला से चौंकाने वाला मामला सामने आया है। शोघी के पास पुलिस ने हरियाणा रोडवेज की बस में सवार महज 18 वर्षीय युवक को चिट्टे के साथ गिरफ्तार किया है। तलाशी के दौरान नशीला पदार्थ युवक के पिट्ठू बैग से बरामद हुआ। इतनी कम उम्र में नशे की खेप के साथ पकड़े जाने के बाद पुलिस अब इस मामले के पीछे सक्रिय सप्लाई नेटवर्क की कड़ियां जोड़ने में जुट गई है।
पुलिस को आशंका है कि आरोपी युवक किसी अन्य राज्य से चिट्टा लेकर शिमला की ओर आ रहा था। शुरुआती जांच में पंजाब से नशे की खेप लाए जाने की आशंका भी जताई जा रही है, हालांकि इसका वास्तविक स्रोत जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि युवक के संपर्क में कौन लोग थे और बरामद चिट्टा शिमला में किसे पहुंचाया जाना था।
शिमला पुलिस की स्पेशल सेल शनिवार को शोघी क्षेत्र के आसपास वाहनों और सार्वजनिक परिवहन की जांच कर रही थी। इसी दौरान टीम ने हरियाणा रोडवेज की एक बस को जांच के लिए रोका। बस में सवार यात्रियों की तलाशी के दौरान पुलिस की नजर 18 वर्षीय प्रदीप कुमार के पिट्ठू बैग पर गई। बैग की तलाशी लेने पर पुलिस को उसमें छिपाकर रखा गया करीब 9 ग्राम चिट्टा बरामद हुआ। नशीला पदार्थ मिलने के बाद पुलिस ने युवक को मौके पर ही हिरासत में ले लिया और बरामद खेप को कब्जे में लेकर आगामी कार्रवाई शुरू कर दी।
यह भी पढ़ें : हिमाचल : थाने के पास कांड- पहले चोरों ने लूटी दुकान, फिर शटर पर अपना ताला जड़ हुए फरार
गिरफ्तार युवक की पहचान प्रदीप कुमार निवासी रामपुर जिला शिमला के रूप में हुई है। महज 18 वर्ष की उम्र में नशीले पदार्थ के साथ पकड़े जाने की घटना ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि युवा किस तरह नशे के कारोबार में इस्तेमाल किए जा रहे हैं। पुलिस अब केवल बरामद चिट्टे तक जांच सीमित नहीं रखना चाहती, बल्कि यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि युवक इस नेटवर्क से कब और कैसे जुड़ा। उसके मोबाइल फोन, संपर्कों और आने-जाने के रास्तों समेत अन्य पहलुओं की भी जांच की जा सकती है।
जांच में पुलिस इस दिशा में भी जानकारी जुटा रही है कि चिट्टे की यह खेप आखिर कहां से लाई गई थी। आशंका है कि युवक पड़ोसी राज्य पंजाब से नशीला पदार्थ लेकर हिमाचल पहुंचा हो सकता है। हालांकि पुलिस ने अभी इस संभावित रूट की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है। अगर जांच में पंजाब से चिट्टे की सप्लाई का कनेक्शन सामने आता है तो पुलिस के लिए यह मामला और महत्वपूर्ण हो सकता है। अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि युवक को यह नशा किसने दिया और शिमला पहुंचने के बाद इसे किस व्यक्ति तक पहुंचाया जाना था।
मामले को लेकर पुलिस थाना बालूगंज में अभियोग संख्या 164/26 दिनांक 8 अगस्त 2026 दर्ज किया गया है। आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की धारा 21 के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस आरोपी को न्यायालय के समक्ष पेश कर रही है। इसके बाद जांच में आगे की कार्रवाई की जाएगी। पुलिस यह भी पता लगाने का प्रयास करेगी कि आरोपी पहले भी इस तरह की किसी गतिविधि में शामिल रहा है या नहीं और उसके पीछे किसी बड़े नशा सप्लाई नेटवर्क की भूमिका तो नहीं है।
शिमला पुलिस ने नशे की तस्करी रोकने के लिए सार्वजनिक परिवहन और प्रमुख प्रवेश मार्गों पर निगरानी बढ़ा रखी है। दूसरे राज्यों से हिमाचल आने वाली बसों और वाहनों की जांच इसी अभियान का हिस्सा है। शोघी शिमला का प्रमुख प्रवेश मार्ग होने के कारण पुलिस की नजर यहां से आने-जाने वाले वाहनों पर रहती है। पुलिस का कहना है कि नशे की तस्करी के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा और नशीले पदार्थों की सप्लाई में शामिल लोगों तक पहुंचने के लिए जांच को आगे बढ़ाया जाएगा।
18 वर्षीय युवक से बरामद करीब 9 ग्राम चिट्टा केवल एक खेप की बरामदगी नहीं, बल्कि इस बात की भी चिंता बढ़ाता है कि नशे के कारोबार में कम उम्र के युवाओं को किस तरह इस्तेमाल किया जा रहा है। अब पुलिस की जांच का असली फोकस इस खेप के पीछे मौजूद सप्लायर और पूरे नेटवर्क तक पहुंचने पर है।