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September 5, 2026
हिमाचल में भारी बारिश का अलर्ट! कई जिलों में बरसेंगे मेघ, जाने अगले चार दिन का हाल
धर्मशाला में पानी की सप्लाई हुई प्रभावित
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शिमला। हिमाचल प्रदेश के सोलन जिले में गुरुवार को हुई लगातार भारी बारिश से लोगों की मुश्किलें बढ़ गईं। चंडीगढ़-शिमला हाईवे के एक हिस्से पर मलबा आने से सड़क बंद हो गई और ट्रैफिक प्रभावित हुआ। वहीं, तेज बहाव के साथ आया पानी सड़क किनारे बनी कुछ दुकानों में घुस गया। मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में भी प्रदेश के कई जिलों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। राज्य में 9 सितंबर तक बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है।
परवाणू से करीब 10 किलोमीटर दूर चक्की मोड़ के पास चंडीगढ़-शिमला फोरलेन हाईवे पर मलबा आने से सड़क का एक हिस्सा बंद करना पड़ा। ऐसे में वाहनों को सिर्फ एक लेन से निकालना पड़ा, जिससे कुछ समय के लिए ट्रैफिक जाम की स्थिति बन गई।
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भारी बारिश के कारण हाईवे से बहकर आया पानी धर्मपुर के पास जबली इलाके की कुछ दुकानों में घुस गया। वहीं, परवाणू के कई हिस्सों में भी पानी भर गया। पहाड़ी इलाकों से पानी और मलबा तेजी से नीचे आने के कारण लोगों में डर का माहौल बन गया।
अधिकारियों के मुताबिक अभी तक बारिश के कारण किसी की मौत या घायल होने की खबर नहीं है। हालांकि, कसौली विधानसभा क्षेत्र में भारी बारिश से लाखों रुपये की संपत्ति को नुकसान पहुंचा है। प्रशासन कसौली, धर्मपुर, चक्की मोड़ और परवाणू समेत आसपास के इलाकों पर लगातार नजर बनाए हुए है।
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कसौली के एसडीएम महेंद्र प्रताप सिंह ने लोगों से सावधानी बरतने की अपील की है। उन्होंने कहा कि भारी बारिश के दौरान लोग बेवजह घरों से बाहर न निकलें और नदी-नालों व जलाशयों के पास जाने से बचें।
कांगड़ा जिले में भी बारिश और भूस्खलन के कारण लोगों को परेशानी उठानी पड़ रही है। धर्मशाला शहर को पानी पहुंचाने वाली मुख्य ग्रेविटी पाइपलाइनें नड्डी इलाके में भूस्खलन के कारण क्षतिग्रस्त हो गईं। इसके चलते शहर के कई हिस्सों में पीने के पानी की सप्लाई प्रभावित हुई है।
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गुरुवार को बिलासपुर के नैना देवी में सबसे ज्यादा 130.6 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। इसके बाद मंडी के मुरारी देवी में 85.8 मिलीमीटर, जट्टोन बैराज में 67.6 मिलीमीटर, नाहन में 45.4 मिलीमीटर और कसौली में 45 मिलीमीटर बारिश हुई। धर्मशाला में 44.3 मिलीमीटर, पच्छाद में 33 मिलीमीटर और कांगड़ा में 25.2 मिलीमीटर बारिश रिकॉर्ड की गई।
भारी बारिश और भूस्खलन के कारण गुरुवार शाम तक हिमाचल प्रदेश में कुल 95 सड़कें ट्रैफिक के लिए बंद थीं। सबसे ज्यादा सड़कें मंडी जिले में बंद हैं। इसके अलावा कुल्लू, सिरमौर, कांगड़ा, चंबा, ऊना, शिमला, सोलन, लाहौल-स्पीति और बिलासपुर में भी कई सड़कें प्रभावित हुई हैं।
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बारिश का असर सिर्फ सड़कों तक ही सीमित नहीं रहा। प्रदेश में 43 बिजली के ट्रांसफार्मर और 35 जलापूर्ति योजनाएं भी प्रभावित हुई हैं। इससे कई इलाकों में बिजली और पानी की समस्या पैदा हो गई है।
स्टेट इमरजेंसी ऑपरेशन सेंटर के मुताबिक 30 जून को मानसून शुरू होने के बाद से अब तक हिमाचल प्रदेश में बारिश से जुड़ी घटनाओं में करीब 108 लोगों की जान जा चुकी है। वहीं, प्रदेश को करीब 1,235 करोड़ रुपये का नुकसान होने का अनुमान है।