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August 28, 2025

आपदा के बीच CM सुक्खू के दिल्ली दौरे पर सदन में हंगामा, विपक्ष ने सत्र स्थगित करने की उठाई मांग

आपदा के बीच CM की गैरमौजूदगी पर विवाद

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Himachal Monsoon Session

शिमला। हिमाचल प्रदेश विधानसभा के मानसून सत्र की आज नौवें दिन की शुरुआत पक्ष-विपक्ष की तीखी नोकझोंक से हुई। सदन की कार्यवाही शुरू होते ही विपक्ष ने मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू की गैरमौजूदगी पर सवाल उठाए और काफी हंगामा किया।

आपदा के बीच CM की गैरमौजूदगी पर विवाद

प्रदेश इस समय लगातार बारिश और भूस्खलन से आई भीषण आपदा से जूझ रहा है। हजारों लोग प्रभावित हैं और कई क्षेत्र पूरी तरह से संपर्क से कट गए हैं। इस बीच मुख्यमंत्री का दिल्ली दौरे पर होना विपक्ष को खल गया। भरमौर से भाजपा विधायक ने मांग की कि, मानसून सत्र को स्थगित कर विधायकों को आपदा प्रभावित क्षेत्रों का दौरा करना चाहिए।

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उनका आरोप था कि जब हजारों पर्यटक और श्रद्धालु फंसे हुए हैं, तब मुख्यमंत्री राजनीतिक कार्यक्रमों में व्यस्त हैं। चुराह से भाजपा विधायक ने भी कहा कि, जिले में बड़ी संख्या में श्रद्धालु फंसे हुए हैं और तुरंत रेस्क्यू ऑपरेशन चलाने की आवश्यकता है।

कार्यवाही स्थगित

विपक्ष की आपत्तियों पर स्पीकर कुलदीप सिंह पठानिया ने कहा कि सत्र स्थगित करने के लिए पक्ष और विपक्ष, दोनों की सहमति जरूरी है। विपक्ष के लगातार विरोध के कारण विधानसभा की कार्यवाही पंद्रह मिनट के लिए रोकनी पड़ी।

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डिप्टी सीएम मुकेश अग्निहोत्री ने विपक्ष के आरोपों को निराधार बताते हुए कहा कि सरकार पूरी तरह राहत और बचाव कार्य में जुटी है। सभी जिलों के उपायुक्तों से सीधे संपर्क किया जा रहा है और अब तक हजारों लोगों को सुरक्षित निकाला गया है। उन्होंने साफ किया कि मणिमहेश में 10 हज़ार लोगों के फंसे होने की बात अतिशयोक्ति है।

सरकारी होटलों के निजीकरण का मुद्दा

सत्र में आज एक और बड़ा मसला उठने वाला है- पर्यटन विकास निगम (HPTDC) के घाटे वाले होटलों को निजी हाथों में सौंपने का फैसला। धर्मशाला से भाजपा विधायक सुधीर शर्मा ने इस पर सवाल उठाए हैं। यह मुद्दा सदन में जोरदार बहस का कारण बन सकता है, क्योंकि कांग्रेस की सरकार ने 14 होटलों को प्राइवेट सेक्टर को देने का निर्णय लिया है।

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दिलचस्प बात यह है कि इस फैसले पर HPTDC के चेयरमैन आरएस बाली भी असहमति जता चुके हैं। उन्होंने खुले मंच से सरकार से फैसले पर पुनर्विचार की अपील की थी। यह वही मुद्दा है, जिस पर विपक्ष में रहते हुए कांग्रेस ने भाजपा सरकार का विरोध किया था, और अब खुद उसी राह पर चलते देख विपक्ष कांग्रेस को घेरने की तैयारी में है।

प्राइवेट मेंबर डे पर उठेंगे अहम प्रश्न

आज प्राइवेट मेंबर डे पर कई विधायक अपने सुझाव और मांगें रखने वाले हैं। इनमें पूर्व मंत्री सुखराम चौधरी बरसात और मलबे से नष्ट हुई उपजाऊ जमीन के मुआवजे के लिए नीति बनाने की बात करेंगे। जीत राम कटवाल इको-टूरिज्म पॉलिसी में सुधार की सिफारिश करेंगे। डॉ. जनकराज राज्य की परिस्थितियों के अनुसार नई शिक्षा नीति की मांग उठाएंगे।

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