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April 19, 2025

हिमाचल में बनीं 32 दवाओं के सैंपल फिर फेल, जानें इस मामले का पाकिस्तान-चाइना कनेक्शन 

बीबीएन के साथ सिरमौर में बनी नकली दवाएं 

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Himachal Drug sample

सोलन। हिमाचल के सोलन जिले में बद्दी और बरोटीवाला की कंपनियों में बनीं 32 दवाओं के शनिवार को फिर फेल होने के साथ पाकिस्तान और चीन का कनेक्शन भी सामने आया है। 

देशभर में जारी हुआ अलर्ट 

केन्द्रीय दवा मानक नियंत्रण संगठन (सीडीएससीओ) ने कई अहम दवाओं के सैंपल फेल होने का ऐलान करते हुए बताया है कि मेड इन पाकिस्तान ब्यूटी क्रीम और मेड इन चाइना लिपिस्टिक, दोनों में पारे की मात्रा मानक स्तर से अधिक पाई गई है। सीडीएससीओ ने इस मामले में अलर्ट जारी किया है। मेड इन पाकिस्तान ब्यूटी क्रीम की 2 अलग-अलग ब्रांड के सैंपल फेल हुए हैं। चाइना के सैंपल फेल हुए हैं, जिनमें एक इंजेक्शन भी शामिल है।

 

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131 दवाओं के सैंपल फेल

सीडीएससीओ की जानकारी के अनुसार, देशभर में 131 दवाओं के सैंपल फेल हुए हैं, जिनमें हिमाचल प्रदेश के बद्दी-बरोटीवाला में बनीं 32 दवाएं भी शामिल हैं। बद्दी की 3-4 दवा निर्माता कंपनियों के 2 से अधिक सैंपल फेल हुए हैं। ये हार्ट के मरीजों, शुगर, जोड़ों के दर्द, विटामिन, आयरन, जीवाणु संक्रमण, एलर्जी, मस्कुलर डिस्ट्रॉफी, दर्द निवारक, किडनी की बीमारी के इलाज की दवाएं हैं। हिमाचल प्रदेश के बीबीएन में दवा कंपनियों की 19 दवाओं के सैंपल फेल हुए हैं। सिरमौर के पांवटा साहिब की दो कंपनियों की 9 दवाओं के सैंपल फेल हुए हैं।

 

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बता दें कि हिमाचल में आए दिन दवाओं के नमूने गुणवत्ता परीक्षण में फेल हो रहे हैं। कुछ समय पहले भी प्रदेश में बनी 38 दवाओं के सैंपल फेल हो गए थे। जिनमें से 19 नमूने सोलन जिले के बद्दी क्षेत्र में निर्मित दवाओं के थे, जो भारत का प्रमुख फार्मा हब माना जाता है। ​

 

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इन दवाओं में एसिडिटी, गले की खराश, रक्तचाप, अस्थमा, फंगल संक्रमण, टॉन्सिलिटिस, बवासीर, गठिया, अल्सर, मधुमेह, बुखार, माइग्रेन और सीने में दर्द जैसी बीमारियों के इलाज के लिए उपयोग होने वाली दवाएं शामिल हैं। ​पिछले दो सालों की बात करें तो कुल 1,471 दवाओं के  नमूने गुणवत्ता परीक्षण में फेल हो चुके हैं, जिनमें से 1,190 नमूने सोलन जिले से थे। ​

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