#विविध
January 28, 2026
हिमाचल में UGC नियमों का विरोध: BJP दफ्तर के बाहर गले में फं.दा- हाथों में हथकड़ी लगाकर नारेबाजी
UGC के ‘समानता विनियम 2026’ को लेकर असंतोष अब खुलकर सामने आने लगा है
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शिमला। हिमाचल की राजधानी शिमला में UGC के नए नियमों को लेकर सियासी माहौल गरमा गया है। उच्च शिक्षा से जुड़े एक फैसले ने सड़क पर विरोध की शक्ल ले ली है। भाजपा प्रदेश कार्यालय के बाहर हुए प्रदर्शन ने यह साफ कर दिया कि UGC के ‘समानता विनियम 2026’ को लेकर असंतोष अब खुलकर सामने आने लगा है।
राष्ट्रीय देवभूमि पार्टी (RDP) ने शिमला स्थित भाजपा प्रदेश कार्यालय के बाहर जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान कुछ कार्यकर्ता गले में रस्सी का फंदा और हाथों में हथकड़ी पहनकर पहुंचे, जिससे माहौल और ज्यादा तनावपूर्ण हो गया। पार्टी कार्यकर्ताओं ने UGC के नए नियमों को शिक्षा व्यवस्था और सामाजिक समरसता के खिलाफ बताया।
RDP प्रमुख रुमित सिंह ठाकुर ने केंद्र सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि UGC के ये नए विनियम न केवल शिक्षा प्रणाली को प्रभावित करेंगे, बल्कि समाज के ताने-बाने को भी नुकसान पहुंचाएंगे। उनका कहना था कि ये नियम कुछ वर्गों को निशाना बनाते हैं और युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ है।

प्रदर्शन के दौरान रुमित ठाकुर ने नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर, केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा, सांसद अनुराग ठाकुर, अभिनेत्री एवं सांसद कंगना रनोट और राजीव भारद्वाज पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि “बंटेंगे तो कटेंगे” जैसे नारे देने वाले भाजपा नेता इस मुद्दे पर चुप हैं, जबकि उनके अनुसार यह सवर्ण समाज के हितों पर सीधा प्रहार है।
रुमित ठाकुर ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से सवाल किया कि वे किसी एक वर्ग के प्रधानमंत्री हैं या पूरे देश के। उन्होंने आरोप लगाया कि नए कानूनों के जरिए एक वर्ग को लगातार निशाना बनाया जा रहा है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि UGC के ये नियम वापस नहीं लिए गए तो पूरे हिमाचल में आंदोलन तेज किया जाएगा और प्रदेश बंद तक का आह्वान किया जाएगा।
RDP का कहना है कि ‘उच्च शिक्षा संस्थानों में समानता को बढ़ावा देने संबंधी विनियम, 2026’ के तहत लाए जा रहे प्रावधान शिक्षा संस्थानों में सामाजिक संतुलन को बिगाड़ सकते हैं। पार्टी का आरोप है कि ये नियम मेरिट आधारित शिक्षा व्यवस्था को कमजोर करेंगे और कुछ वर्गों के खिलाफ भेदभाव को बढ़ावा देंगे, जिसका सीधा असर छात्रों और युवाओं के भविष्य पर पड़ेगा।