#यूटिलिटी
August 9, 2026
हिमाचल में फिर भारी बारिश का अलर्ट : आज से 5 दिन बरसेंगे बादल, भूस्खलन का भी खतरा
नदी-नालों से दूर रहने की सलाह, खड्डों का भी बढ़ सकता है जलस्तर
शेयर करें:

शिमला। हिमाचल प्रदेश में मानसून ने एक बार फिर रफ्तार पकड़ ली है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक, प्रदेश में आज से 13 अगस्त तक कई हिस्सों में बारिश का सिलसिला जारी रह सकता है। इस दौरान कुछ क्षेत्रों में हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है, जबकि कई स्थानों पर भारी बारिश भी लोगों की मुश्किलें बढ़ा सकती है।
मौसम में बदलाव के बीच पहाड़ी क्षेत्रों में रहने वाले लोगों और यात्रियों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। लगातार बारिश के कारण पहले से संवेदनशील इलाकों में भूस्खलन और सड़क पर मलबा आने की घटनाएं सामने आ सकती हैं।
मौसम विभाग के अनुसार, 9 अगस्त को प्रदेश के कई हिस्सों में भारी बारिश हो सकती है। 10 अगस्त को भी बारिश का प्रभाव बने रहने का अनुमान है। इसके बाद 11 और 12 अगस्त को प्रदेश के कई इलाकों में बारिश होने की संभावना जताई गई है। वहीं, 13 अगस्त को भी कुछ स्थानों पर बारिश का दौर जारी रह सकता है।
मानसून की सक्रियता के कारण प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में मौसम का मिजाज बदल सकता है। कुछ क्षेत्रों में बारिश कम हो सकती है, जबकि स्थानीय मौसम परिस्थितियों के कारण कहीं-कहीं तेज बारिश भी देखने को मिल सकती है।
बारिश के दौरान पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन का खतरा बढ़ जाता है। इसके अलावा सड़कों पर पत्थर और मलबा गिरने से यातायात बाधित हो सकता है। संपर्क मार्गों पर भी इसका असर पड़ने की आशंका रहती है। खासकर उन सड़कों पर परेशानी अधिक बढ़ सकती है, जो पहले से ही बारिश के कारण संवेदनशील बनी हुई हैं।
मंडी समेत प्रदेश के कई पहाड़ी क्षेत्रों में बारिश के कारण सड़क यातायात प्रभावित होने की संभावना को देखते हुए वाहन चालकों को अतिरिक्त सतर्कता बरतने की जरूरत है। बारिश के दौरान वाहन चलाते समय गति नियंत्रित रखने और सामने की सड़क की स्थिति पर लगातार नजर रखने की सलाह दी गई है।
लगातार बारिश के कारण नदी, नालों, खड्डों और अन्य जलस्रोतों का जलस्तर अचानक बढ़ सकता है। ऐसे में लोगों को इन स्थानों के आसपास जाने से बचने की सलाह दी गई है। बारिश के दौरान पानी का बहाव तेज होने की स्थिति में किसी भी तरह का जोखिम उठाना खतरनाक हो सकता है।
स्थानीय लोगों के साथ-साथ पर्यटकों को भी मौसम खराब होने पर नदी-नालों और पहाड़ी क्षेत्रों के संवेदनशील स्थानों से दूरी बनाए रखने की जरूरत है। बारिश के दौरान पहाड़ी सड़कों पर दृश्यता कम होने, सड़क पर फिसलन बढ़ने और मलबा आने जैसी परिस्थितियां वाहन चालकों के लिए चुनौती पैदा कर सकती हैं।
लोगों को सलाह दी गई है कि यदि यात्रा जरूरी न हो तो खराब मौसम के दौरान अनावश्यक सफर से बचें। जो लोग यात्रा कर रहे हैं, वे रवाना होने से पहले अपने मार्ग की स्थिति की जानकारी लें और स्थानीय प्रशासन या संबंधित विभाग की ओर से जारी किसी भी चेतावनी को नजरअंदाज न करें।
मानसून के दौरान संभावित घटनाओं को देखते हुए प्रशासन और संबंधित विभागों को मौसम की स्थिति पर लगातार नजर रखने की जरूरत है। संवेदनशील क्षेत्रों में किसी भी तरह की परेशानी सामने आने पर समय रहते आवश्यक कदम उठाना महत्वपूर्ण होगा।
लोगों से अपील की गई है कि वे मौसम विभाग के पूर्वानुमान और स्थानीय प्रशासन की एडवाइजरी का पालन करें। भारी बारिश के दौरान सुरक्षित स्थान पर रहें और किसी भी आपात स्थिति में घबराने के बजाय प्रशासन की ओर से जारी निर्देशों का पालन करें।