#अपराध
March 21, 2025
हिमाचल में नशेड़ी ड्राइवर-कंडक्टर की करतूत, बस को बनाया नशे का अड्डा
बस स्टाफ की हरकत से लोग हैरान
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कुल्लू। हिमाचल प्रदेश में चिट्टे (हेरोइन) के बढ़ते मामलों ने अब खतरनाक मोड़ ले लिया है। ताजा मामला कुल्लू जिले से सामने आया है, जहां एक निजी बस के ड्राइवर और कंडक्टर को बस के अंदर ही सिरिंज से चिट्टे का नशा करते हुए देखा गया। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद पुलिस ने दोनों को तलब कर लिया है और उनके सैंपल जांच के लिए भेजे गए हैं।
स्थानीय लोगों के लिए यह घटना चौंकाने वाली है क्योंकि यह ड्राइवर और कंडक्टर सैकड़ों यात्रियों की सुरक्षा के जिम्मेदार होते हैं। यदि नशे में धुत व्यक्ति बस चला रहा हो, तो यह यात्रियों के लिए बेहद खतरनाक साबित हो सकता है। वीडियो सामने आने के बाद पुलिस ने तुरंत एक्शन लिया और दोनों आरोपियों को पकड़कर मेडिकल जांच के लिए भेजा।
इस मामले के तूल पकड़ने के बाद प्रशासन ने निजी बस ऑपरेटर्स को सख्त चेतावनी दी है। आदेश में कहा गया है कि यदि कोई भी बस ड्राइवर या कंडक्टर नशे में पाया जाता है, तो उसके खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। साथ ही, यह भी कहा गया है कि समय-समय पर बस स्टाफ का मेडिकल टेस्ट किया जाएगा ताकि ऐसे मामलों पर काबू पाया जा सके।
कुल्लू और मंडी जिले में चिट्टे के सेवन और तस्करी के वीडियो लगातार सामने आ रहे हैं। मंडी के बल्ह इलाके में तो यह समस्या और भी गंभीर हो चुकी है। आंकड़ों के मुताबिक, बीते ढाई महीनों में प्रदेश में 13 युवकों की मौत चिट्टे के कारण हो चुकी है। यह मामले कुल्लू, मंडी, शिमला, सोलन और बिलासपुर में सामने आए हैं, जिससे साफ जाहिर होता है कि नशे का यह जाल हिमाचल में तेजी से फैल रहा है।
हिमाचल विधानसभा के बजट सत्र में भी यह मामला उठा, जहां CM सुखविंदर सिंह सुक्खू ने नशे के खिलाफ सख्त कार्रवाई की बात कही। उन्होंने बताया कि अब तक 60 सरकारी कर्मचारियों को चिट्टे की सप्लाई में शामिल पाए जाने पर पकड़ा गया है, जबकि 20 बड़े ड्रग तस्करों की संपत्तियां सरकार द्वारा जब्त की जा चुकी हैं।
स्थानीय लोग अब प्रशासन से यह मांग कर रहे हैं कि सार्वजनिक परिवहन में सफर करने वाले ड्राइवरों और कंडक्टरों की नियमित जांच हो और नशे में पाए जाने पर उनकी नौकरी तुरंत समाप्त की जाए। साथ ही, ड्रग तस्करी को रोकने के लिए सख्त कानून लागू करने की भी मांग की जा रही है ताकि हिमाचल को इस नशे के जाल से बचाया जा सके।