#अपराध
February 18, 2026
हिमाचल: 8 बार नशे के साथ पकड़ा गया तस्कर, फिर भी नहीं सुधरा- इस बार मिली ऐसी सजा
आदतन तस्कर पर चला प्रिवेंटिव डिटेंशन का हथौड़ा
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शिमला। हिमाचल प्रदेश में नशा तस्करी के खिलाफ कार्रवाई तेज होने के बावजूद कुछ तस्कर बाज आने का नाम नहीं ले रहे हैं। कभी एक इलाके में पकड़े जाते हैं, तो कभी दूसरे स्थान पर फिर सक्रिय हो जाते हैं। बार-बार गिरफ्तारी और मुकदमों के बाद भी जब नशा तस्करी नहीं रुकी, तो इस बार शिमला पुलिस ने सख्त कदम उठाते हुए एक आदतन आरोपी को निवारक नजरबंदी के तहत सीधे जेल की राह दिखा दी।
जिला पुलिस शिमला ने नशा तस्करी पर प्रभावी अंकुश लगाने के लिए पीआईटी-एनडीपीएस एक्ट के प्रावधानों का इस्तेमाल किया है। पुलिस ने चिट्टा तस्करी में बार-बार संलिप्त पाए गए आरोपी अजीत राम को प्रिवेंटिव डिटेंशन के तहत गिरफ्तार कर तीन महीने के लिए जेल भेज दिया है। आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत कुल आठ मामले दर्ज हैं।
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गिरफ्तार आरोपी की पहचान अजीत राम पुत्र मिश्री लाल निवासी डाऊनडेल, फागली रोड, महाशिव कॉलोनी, डाकघर एजी शिमला, पुलिस थाना सदर, तहसील व जिला शिमला के रूप में हुई है। पुलिस ने आरोपी को अदालत में पेश किया, जहां से उसे तीन माह की निवारक नजरबंदी के आदेश दिए गए।
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार अजीत राम वर्ष 2016 से लगातार नशा तस्करी की गतिविधियों में शामिल रहा है। उसका पहला मामला 13 जनवरी 2016 को दर्ज हुआ, जब उसे करीब 4.220 ग्राम स्मैक के साथ पकड़ा गया। इसके बाद 14 अक्तूबर 2017 को वह 18 ग्राम चरस और 3 ग्राम स्मैक के साथ दोबारा गिरफ्तार हुआ।
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वर्ष 2019 में आरोपी दो बार पुलिस के हत्थे चढ़ा। 29 मई 2019 को उसके पास से लगभग 1.70 ग्राम चिट्टा बरामद किया गया, जबकि 21 अगस्त 2019 को करीब 0.69 ग्राम चिट्टे के साथ फिर से गिरफ्तारी हुई। इसके बावजूद उसने नशा तस्करी का रास्ता नहीं छोड़ा।
15 मई 2020 को आरोपी को 36.15 ग्राम चिट्टे की बड़ी खेप के साथ पकड़ा गया, जो उसके खिलाफ दर्ज मामलों में सबसे बड़ी बरामदगी मानी जाती है। इसके बाद 18 मई 2021 को भी उसके पास से करीब 13.400 ग्राम चिट्टा बरामद हुआ। लगातार सक्रियता के चलते आरोपी पुलिस के लिए गंभीर चिंता का कारण बन गया था।
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पुलिस का कहना है कि नशा तस्करी से समाज और युवाओं को बचाने के लिए अब केवल मुकदमे ही नहीं, बल्कि निवारक नजरबंदी जैसे कड़े प्रावधानों का भी इस्तेमाल किया जाएगा। यह कार्रवाई ऐसे तस्करों के लिए कड़ा संदेश है, जो बार-बार अपराध में लौट आते हैं।