#अपराध
August 17, 2025
हिमाचल : युवक ने झाड़ियों में छुपाया था चरस से भरा बैग, पुलिस के सामने किया मासूम होने का ड्रामा
रात को सड़क पर इधर-उधर घूम रहा था युवक
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बिलासपुर। हिमाचल प्रदेश में नशा तस्करी का काला धंधा दिन-प्रतिदिन बढ़ता जा रहा है। मगर हिमाचल पुलिस ने भी सूबे को नशा मुक्त बनाने की ठान रखी है। इसी के चलते पुलिस टीम द्वारा चप्पे-चप्पे पर निगरानी रखी जा रही है और तस्करों की धर-पकड़ की जा रही है।
ताजा मामला हिमाचल के बिलासपुर जिले से रिपोर्ट हुआ है- जहां पर पुलिस टीम ने एक 23 साल के लड़के को चरस की खेप के साथ गिरफ्तार किया है। पुलिस टीम को ये सफलता गश्त के दौरान मिली है।
मिली जानकारी के अनुसार, पुलिस टीम बीती रात को अलसू पुल के पास गश्त पर थी। इस दौरान पुलिस टीम को वहां एक युवक संदिग्ध दिखा। पुलिस टीम ने शक के आधार पर उसे तलाशी के लिए रोका- तो युवक मासूम बनने का ड्रामा करने लगा।
इसी बीच पुलिस टीम ने सख्ती से जब उससे पूछताछ की- तो उसने सच उगल दिया। उसने बताया कि उसने सड़क किनारे पैरापिट के साथ लगती झाड़ियों में बैग रखा हुआ है- जिसमें उसने चरस छुपाई हुई है।
उसकी सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने तुरंत झाड़ियों के पीछे से बैग निकालकर तलाशी ली। तलाशी के दौरान पुलिस को बैग में से 332.56 ग्राम चरस बरामद हुई। इसके बाद पुलिस टीम ने तुरंत कार्रवाई करते हुए चरस से भरे बैग को अपने कब्जे में ले लिया और युवक को भी मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया।
मामले की पुष्टि करते हुए DSP बिलासपुर मदन धीमान ने बताया कि आरोपी की पहचान 23 वर्षीय अक्षय कुमार के रूप में हुई है- जो कि हमीरपरुर के समोह गांव का रहने वाला है।आरोपी के खिलाफ बरमाणा थाने में NDPS एक्ट के तहत मामला दर्ज कर कार्रवाई अमल में लाई जा रही है। जल्द ही आरोपी को कोर्ट में पेश कर पुलिस रिमांड पर लिया जाएगा।
पुलिस टीम पता लगाने में जुटी हुई है कि आरोपी ये खेप कहां से खरीद कर लेकर आया था और रात को वो सड़क पर किसका इंतजार कर रहा था। उम्मीद जताई जा रही है कि आरोपी से पूछताछ में किसी बड़े नेटवर्क का खुलासा हो सकता है।
उन्होंने कहा कि हिमाचल पुलिस ने राज्य को नशा मुक्त बनाने के निर्णय लिया है। इसी के तहत नशे को जड़ से खत्म करने के लिए पुलिस टीम द्वारा हर संभव प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि पुलिस टीम द्वारा संवेदनशील इलाकों में कड़ी निगरानी रखी जा रही है। बाहरी राज्यों से आने-जाने वाले वाहनों की भी जांच की जा रही है- ताकि नशा तस्करी को जड़ से खत्म किया जा सके।