ऊना। हिमाचल प्रदेश के प्रसिद्ध शक्तिपीठों में देश-दुनिया के श्रद्धालुओं की गहरी आस्था है। माता के दरबार में पहुंचने वाला हर भक्त अपनी श्रद्धा के अनुसार मां के चरणों में भेंट अर्पित करता है। कोई प्रसाद चढ़ाता है तो कोई अपनी मनोकामना पूरी होने पर मंदिर में विशेष पूजा करवाता है।
ऐसी ही आस्था और श्रद्धा की एक अनोखी तस्वीर देखने को मिली। यहां पर पंजाब के जालंधर से आए एक श्रद्धालु परिवार ने माता के चरणों में करीब डेढ़ किलो चांदी का भव्य छत्र अर्पित किया है। मन्नत पूरी होने पर परिवार ने पूरे श्रद्धाभाव के साथ यह भेंट माता के दरबार में चढ़ाई।
जिंदल परिवार ने चढ़ाया 1 किलो 490 ग्राम चांदी का छत्र
जालंधर के जिंदल परिवार की ओर से चढ़ाए गए इस चांदी के छत्र का वजन 1 किलो 490 ग्राम है। इसकी कीमत करीब 4 लाख रुपये बताई जा रही है। छत्र को काफी सुंदर तरीके से तैयार किया गया है और इसकी कारीगरी देखते ही बनती है।
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धार्मिक चिह्नों और चांदी की लड़ियों से सजाया गया छत्र
चांदी के इस छत्र के चारों तरफ आकर्षक लड़ियां लगाई गई हैं। वहीं, छत्र पर ओम और स्वास्तिक समेत कई धार्मिक चिह्न भी बनाए गए हैं। इनकी वजह से छत्र की खूबसूरती और भी बढ़ गई है। अब यह भव्य छत्र माता की पवित्र पिंडी के ऊपर सुशोभित किया गया है।
मंत्रोच्चारण के साथ हुई छत्र की पूजा
माता के चरणों में छत्र चढ़ाने से पहले मंदिर के पुजारियों ने इसकी विधिवत पूजा करवाई। इस दौरान वैदिक मंत्रों का जाप किया गया और पूरे विधि-विधान से पूजा-अनुष्ठान पूरा किया गया। इसके बाद छत्र को माता की पवित्र पिंडी के ऊपर स्थापित किया गया।
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मन्नत पूरी होने पर परिवार ने चढ़ाई भेंट
जालंधर से आए जिंदल परिवार के सदस्यों ने बताया कि वे पिछले कई सालों से माता चिंतपूर्णी जी के दरबार में दर्शन के लिए आते रहे हैं। परिवार का कहना है कि उन पर माता की कृपा बनी हुई है। उनकी एक मनोकामना पूरी हुई थी, जिसके बाद उन्होंने अपनी श्रद्धा और इच्छा से माता के चरणों में यह चांदी का छत्र भेंट किया।
