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August 31, 2026

हिमाचल: फौजी पिता की जुड़वां बेटियों ने बढ़ाया मान, एक साथ पास की NEET परीक्षा; दोनों बनेंगी डॉक्टर

दोनों बहनों ने एक साथ पास की NEET परीक्षा

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Himachal Pradesh Hamirpur News

हमीरपुर। बड़े शहर, महंगी कोचिंग और लाखों रुपये खर्च किए बिना भी बड़े सपने पूरे किए जा सकते हैं। हिमाचल प्रदेश के हमीरपुर की जुड़वां बहनों पलक और पायल ने अपनी मेहनत से यही साबित कर दिखाया है। एक ही परिवार की दोनों बेटियों ने NEET-UG परीक्षा में सफलता हासिल कर अब डॉक्टर बनने की राह पकड़ ली है।

दोनों बहनों ने एक साथ पास की NEET परीक्षा

कलौहण निवासी सरकारी शिक्षक की बेटियों पलक और पायल ने लिटिल एंजल्स पब्लिक स्कूल मैहरे से पढ़ाई की है। दोनों बहनों का एक साथ सरकारी मेडिकल कॉलेज में चयन होना न केवल परिवार बल्कि पूरे नादौन क्षेत्र के लिए गर्व की बात बन गया है।

 

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एक बहन हमीरपुर, दूसरी नाहन में बनेगी डॉक्टर

NEET-UG में पलक ने 490 अंक हासिल किए। उनके प्रदर्शन के आधार पर उन्हें मेडिकल कॉलेज हमीरपुर में MBBS सीट मिली है। वहीं उनकी जुड़वां बहन पायल ने 481 अंक हासिल कर मेडिकल कॉलेज नाहन में MBBS में प्रवेश पाया है।

स्कूल ने बताया दोनों की सफलता का राज

लिटिल एंजल्स पब्लिक स्कूल मैहरे की प्रधानाचार्य डिंपल कपिल ने पलक और पायल को इस उपलब्धि पर बधाई दी। उन्होंने कहा कि दोनों छात्राएं शुरू से ही अनुशासित और मेहनती रही हैं।

 

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प्रधानाचार्य के अनुसार स्कूल के विद्यार्थियों ने पहले भी बोर्ड परीक्षाओं के साथ-साथ NEET, JEE और सैनिक स्कूल जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं में अच्छा प्रदर्शन किया है। पलक और पायल का एक साथ सरकारी मेडिकल कॉलेजों में चयन स्कूल के लिए भी खास उपलब्धि है।

मेहनत के आगे संसाधन नहीं बने बाधा

पलक और पायल की कहानी इसलिए भी खास है क्योंकि यह केवल NEET में दो सफल उम्मीदवारों की कहानी नहीं है। यह उन परिवारों के लिए भी मिसाल है, जो सीमित संसाधनों के बावजूद बच्चों के बड़े सपनों को पूरा करने की कोशिश कर रहे हैं।

 

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दोनों बहनों ने लगातार मेहनत और अनुशासन के दम पर मेडिकल प्रवेश परीक्षा में सफलता हासिल की। परिवार और स्कूल ने उनकी इस उपलब्धि में अहम भूमिका निभाई।

दो बहनों की सफलता ने पूरे इलाके को दिया संदेश

बता दें कि दोनों बेटियों के पिता भूतपूर्व सैनिक राजेश कुमार सेना में अपनी सेवाएं दे चुके है। एक ही घर की दो बेटियों का एक साथ सरकारी मेडिकल कॉलेज में चयन होना नादौन क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है। परिवार, स्कूल और स्थानीय लोगों में दोनों की उपलब्धि को लेकर खुशी का माहौल है।

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