#हादसा
May 6, 2026
हिमाचल: गहरी नींद में सो रहे थे प्रोजेक्ट कर्मचारी, अचानक दहक उठा शेड; दो मजदूर जिं*दा ज..ले
काशंग प्रोजेक्ट के लेबर कैंप में भीषण अ*ग्निकांड
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रिकांगपिओ (किन्नौर)। हिमाचल प्रदेश के जनजातीय जिला किन्नौर से एक ऐसी हृदयविदारक घटना सामने आई है जिसने पूरे प्रदेश को झकझोर कर रख दिया है। जिला के पांगी स्थित काशंग जलविद्युत परियोजना के लेबर कैंप में मंगलवार देर रात भड़की भीषण आग ने दो मजदूरों को मौत की गहरी नींद सुला दिया। यह हादसा उस समय हुआ जब दिनभर की हाड़.तोड़ मेहनत के बाद मजदूर अपनी थकान मिटाने के लिए गहरी नींद में सो रहे थे, उन्हें जरा भी इल्म नहीं था कि यह उनकी आखिरी रात होगी।
प्राप्त जानकारी के अनुसार हादसा मंगलवार देर रात का है जब लेबर कैंप के एक शेड में अचानक आग की लपटें उठने लगीं। देखते ही देखते आग ने इतना विकराल रूप धारण कर लिया कि अंदर सो रहे मजदूरों को संभलने या भागने का मौका तक नहीं मिला। इस अग्निकांड में दो मजदूरों की जिंदा जलने से मौके पर ही मौत हो गई।
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इस घटना में रंजीत कुमार (33), निवासी उधम सिंह नगर (उत्तराखंड) और जगत वारे रुकाया (31), निवासी नेपाल की मौके पर ही मौत हो गई। जहां दो साथियों के लिए यह आग काल बन गई, वहीं उत्तराखंड का रहने वाला सरवन नामक एक अन्य मजदूर कुदरत के करिश्मे से इस मौत के तांडव के बीच से सुरक्षित निकलने में कामयाब रहा। सरवन ने किसी तरह भागकर अपनी जान बचाई, हालांकि वह अपने साथियों को बचाने में बेबस नजर आया।
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हादसे के बाद जो जानकारी सामने आई है वह सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल उठाती है। बताया जा रहा है कि लेबर कैंप का शेड बाहर से तो लोहे का था, लेकिन अंदर उसे आरामदायक बनाने के लिए चारों तरफ प्लाई बोर्ड लगाए गए थे। इसी प्लाई बोर्ड के बीच से बिजली की वायरिंग गुजर रही थी। प्रारंभिक जांच में अंदेशा जताया जा रहा है कि या तो शॉर्ट सर्किट हुआ या फिर किसी जलती हुई बीड़ी-सिगरेट ने इस तबाही को न्योता दिया। प्लाई बोर्ड होने के कारण आग चंद सेकंडों में पूरे शेड में फैल गई और अंदर सो रहे मजदूरों के लिए वह शेड लोहे का जलता हुआ पिंजरा बन गया।
हादसे की सूचना मिलते ही रिकांगपिओ से दमकल विभाग की टीम बिना समय गंवाए मौके पर पहुंची। घटनास्थल पर पहुंचकर दमकल कर्मियों और काशंग परियोजना के कर्मचारियों ने जान जोखिम में डालकर आग पर काबू पाने की कोशिश की। कड़ी मशक्कत के बाद जब आग बुझाई गई, तब तक सबकुछ राख हो चुका था और दो जिंदगियां खत्म हो चुकी थीं।
किन्नौर पुलिस ने इस मामले में तत्परता दिखाते हुए घटना का संज्ञान लिया है और मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम और अन्य कानूनी औपचारिकताओं के लिए भेज दिया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आग लगने के असल कारणों की गहनता से तफ्तीश की जा रही है और यह भी देखा जा रहा है कि क्या वहां सुरक्षा मानकों की अनदेखी तो नहीं हुई थी।