#हादसा

August 14, 2025

हिमाचल: पहाड़ी से गिरे पत्थरों की चपेट में आई 20 वर्षीय युवती, मौके पर ही थम गई सांसें

पिछले 30 घंटों में 5 लोग गंवा चुके हैं अपनी जान 

शेयर करें:

Shimla Rampur News

शिमला। हिमाचल प्रदेश में भारी बारिश के चलते हालात लगातार बिगड़ते जा रहे हैं। पहाड़ी क्षेत्रों में लगातार हो रहे भूस्खलन और पत्थर गिरने की घटनाओं ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित किया है। बीते 30 घंटों के भीतर राज्य में पांच लोगों की मौत हो चुकी है, जिससे पूरे प्रदेश में चिंता का माहौल है। ताजा हादसा शिमला जिले के रामपुर उपमंडल में सामने आया है, जहां एक 20 वर्षीय युवती की जान एक गिरते पत्थर ने ले ली।

युवती को मिली दर्दनाक मौत

मिली जानकारी के अनुसार रामपुर के तकलेच क्षेत्र में यह हादसा उस समय हुआ जब तकलेच की रहने वाली 20 वर्षीय मीरा किसी कार्य से खोल्टी नाला क्षेत्र से गुजर रही थी। इसी दौरान अचानक पहाड़ी से पत्थर गिरने लगे एक और एक पत्थर की चपेट में मीरा आ गई। पत्थर की चपेट में आने से मीरा को गंभीर चोटें आईं और उसने मौके पर ही दम तोड़ दिया।

 

यह भी पढ़ें : हिमाचल के बाद अब यहां फटा बादल, 12 श्रद्धालुओं की गई जा*न; 25 लोग लापता; बेस कैंप तबाह

 

स्थानीय लोगों ने हादसे की जानकारी तुरंत प्रशासन को दी और युवती को खनेरी अस्पताल पहुंचाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। हादसे के बाद क्षेत्र में शोक की लहर है और लोगों में गहरा रोष भी है। ग्रामीणों का कहना है कि प्रशासन ने खतरे वाले इलाकों में कोई चेतावनी या सुरक्षा इंतजाम नहीं किए, जिससे ऐसी घटनाएं बढ़ रही हैं।

पिछले 30 घंटों में 5 मौतें

मीरा की मौत के साथ ही बीते 30 घंटों में हिमाचल प्रदेश में बारिश से जुड़ी घटनाओं में जान गंवाने वालों की संख्या पांच हो चुकी है। चंबा जिला की ऐतिहासिक मणिमहेश यात्रा में जा रहे एक श्रद्धालु की मौत भी पहाड़ी से गिरे पत्थरों की चपेट में आने से हो गई है। इस श्रद्धालु के शव को भरमौर लाया जा रहा है। इसी तरह से मंडी और सोलन जिलों में भी भारी भूस्खलन और पानी के तेज बहाव में लोग अपनी जान गंवा चुके हैं। कई सड़कें बंद हैं और कई ग्रामीण क्षेत्रों का संपर्क जिला मुख्यालयों से पूरी तरह कट चुका है।

यह भी पढ़ें : हिमाचल : शहीद की देह देख बेटियों की निकली चीखें, बुजुर्ग माता- पिता के नहीं रूक रहे आंसू; पत्नी बेसुध

प्रशासन की ओर से लगातार चेतावनियां दी जा रही हैं, लेकिन कई क्षेत्रों में जानकारी समय पर नहीं पहुंच रही है। नतीजतन, जानमाल का नुकसान बढ़ता जा रहा है। आपदा प्रबंधन विभाग ने लोगों से अपील की है कि अत्यधिक बारिश के दौरान पहाड़ी ढलानों और नालों के पास जाने से बचें और प्रशासन द्वारा जारी की गई सलाहों का सख्ती से पालन करें।

सुरक्षा इंतजामों को लेकर उठे सवाल

स्थानीय ग्रामीणों ने बरसात के मौसम में सुरक्षा उपायों को लेकर प्रशासन पर लापरवाही के आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि खतरे वाले इलाकों की पहचान पहले ही की जानी चाहिए थी और इन क्षेत्रों में अस्थायी चेतावनी बोर्ड, सुरक्षा बैरिकेड्स और निगरानी दल तैनात किए जाने चाहिए थे।

यह भी पढ़ें : हिमाचल में 6 जगह फटे बादल- जलमग्न हुए कई गांव, प्रशासन ने खाली करवाए मकान- जानें

हिमाचल प्रदेश में मानसून के सक्रिय रहने के कारण आने वाले दिनों में भी भारी बारिश की संभावना है। मौसम विभाग ने अगले 48 घंटों के लिए येलो अलर्ट जारी किया है और विशेष रूप से शिमला, कुल्लू, चंबा, मंडी और सिरमौर जिलों में सतर्कता बरतने की सलाह दी है।

नोट : ऐसी ही तेज़, सटीक और ज़मीनी खबरों से जुड़े रहने के लिए इस लिंक पर क्लिक कर हमारे फेसबुक पेज को फॉलो करें।

ट्रेंडिंग न्यूज़
LAUGH CLUB
संबंधित आलेख