#हादसा
May 13, 2026
हिमाचल : लापरवाही बनी काल... टिप्पर से तेज रफ्तार बाइक की टक्कर, परिजनों ने खोया कमाऊ बेटा
गलत दिशा की तरफ मोड़ दी बाइक
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ऊना। हिमाचल प्रदेश में लगातार बढ़ रहे सड़क हादसे अब गंभीर चिंता का कारण बनते जा रहे हैं। तेज रफ्तार और लापरवाही लोगों की जान पर भारी पड़ रही है। ताजा मामला जिला ऊना से सामने आया है, जहां एक दर्दनाक सड़क हादसे ने पूरे इलाके को दहला दिया। यहां तेज रफ्तार बाइक सामने से आ रहे टिप्पर से जा टकराई। टक्कर इतनी भीषण थी कि बाइक सवार युवक ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। हादसे के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, हादसा जिला ऊना के हरोली उपमंडल अंतर्गत आने वाले दुलैहड़ बस स्टैंड के पीछे स्थित एक मोड़ के पास हुआ। टिप्पर चालक ब्रजेश सिंह, जो उत्तर प्रदेश के प्रतापगढ़ जिले का रहने वाला है। पुलिस को दिए बयान में बताया कि वह पंजाब के लुधियाना से टिप्पर लेकर गोन्दपुर बुल्ला स्थित स्टोन क्रशर की तरफ जा रहा था।
जब वह दुलैहड़ बस स्टैंड के पीछे मोड़ के पास पहुंचा, तभी सामने से आ रही बाइक अचानक गलत दिशा में आ गई और सीधे टिप्पर से टकरा गई। चालक के अनुसार बाइक काफी तेज रफ्तार में थी और चालक ने संतुलन खो दिया, जिस कारण हादसा हुआ।
हादसे के तुरंत बाद स्थानीय लोगों ने मानवता दिखाते हुए घायल युवक को सड़क से उठाया और बिना समय गंवाए इलाज के लिए दुलैहड़ के स्थानीय अस्पताल पहुंचाया। हालांकि तब तक युवक की हालत बेहद गंभीर हो चुकी थी। अस्पताल में मौजूद डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया।
रविन्द्र कुमार उम्र 35 साल, पुत्र अशोक कुमार निवासी गांव दुलैहड़, तहसील हरोली के रूप में हुई है।
सूचना मिलने के बाद पुलिस टीम भी तुरंत मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने हादसे से जुड़े सबूत जुटाए और दोनों वाहनों को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी। साथ ही मृतक और टिप्पर चालक दोनों का मेडिकल भी करवाया गया। पुलिस ने एहतियात के तौर पर टिप्पर चालक का ब्लड सैंपल भी कब्जे में लिया है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि हादसे के समय किसी तरह का नशा या अन्य कारण तो जिम्मेदार नहीं था।
SP ऊना सचिन हिरेमठ ने मामले की पुष्टि करते हुए बताया कि पुलिस ने संबंधित थाने में मामला दर्ज कर लिया है। फिलहाल हादसे के हर पहलू की गहनता से जांच की जा रही है। पुलिस आसपास के लोगों के बयान भी दर्ज कर रही है ताकि दुर्घटना के सही कारणों का पता लगाया जा सके।