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January 7, 2026
हिमाचल में घर-जमीन खरीदना हुआ महंगा, सुक्खू सरकार ने चार गुना बढ़ा दी रजिस्ट्रेशन फीस
रेरा पंजीकरण से जुड़े नियम-3 में बदलाव
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शिमला। हिमाचल प्रदेश में रियल एस्टेट से जुड़ी परियोजनाओं की रजिस्ट्रेशन अब महंगी हो गई है। राज्य सरकार ने रियल एस्टेट अधिनियम, 2016 के तहत नियमों में संशोधन करते हुए प्लॉट और फ्लैट परियोजनाओं की रजिस्ट्रेशन फीस में बड़ा इजाफा किया है। शहरी आवास विभाग की ओर से जारी अधिसूचना के अनुसार नई दरें राजपत्र में प्रकाशित होने की तिथि से प्रभावी मानी जाएंगी।
हिमाचल प्रदेश रियल एस्टेट यानी विनियमन और विकास संशोधन नियम, 2025 के तहत रेरा पंजीकरण से जुड़े नियम-3 में बदलाव किया गया है। इसके अंतर्गत ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों के लिए अलग-अलग फीस तय की गई है। सरकार का कहना है कि इससे रेरा की निगरानी और नियामक व्यवस्था को और मजबूत किया जा सकेगा।
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संशोधित नियमों के अनुसार, अब किसी भी परियोजना की रजिस्ट्रेशन के लिए प्रमोटर को फीस डिमांड ड्राफ्ट या ऑनलाइन माध्यम से जमा करना होगा। ग्रामीण क्षेत्रों में घरेलू प्लॉट विकास के लिए रजिस्ट्रेशन फीस पहले के मुकाबले तीन गुना बढ़ाकर 30 रुपये प्रति वर्ग मीटर कर डि गई है, जबकि शहरी क्षेत्रों में यह फीस चार गुना बढ़कर 40 रुपये प्रति वर्ग मीटर तय की गई है।
वाणिज्यिक प्लॉट डेवलपमेंट के मामले में ग्रामीण क्षेत्रों में फीस 20 से बढ़ाकर 60 रुपये प्रति वर्ग मीटर और शहरी क्षेत्रों में 80 रुपये प्रति वर्ग मीटर कर दी गई है। इसी तरह मिश्रित यानी आवासीय और वाणिज्यिक उपयोग वाले प्लॉट प्रोजेक्ट्स के लिए ग्रामीण क्षेत्र में 45 रुपये और शहरी क्षेत्र में 60 रुपये प्रति वर्ग मीटर फीस निर्धारित की गई है।
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फ्लैट परियोजनाओं पर भी नई दरें लागू होंगी। आवासीय फ्लैट डेवलपमेंट के लिए ग्रामीण क्षेत्रों में फीस 30 रुपये और शहरी क्षेत्रों में 40 रुपये प्रति वर्ग मीटर (निर्मित क्षेत्र के आधार पर) तय की गई है। वहीं वाणिज्यिक फ्लैट परियोजनाओं के लिए ग्रामीण क्षेत्र में 60 रुपये और शहरी क्षेत्र में 80 रुपये प्रति वर्ग मीटर फीस देनी होगी।
मिश्रित उपयोग वाली फ्लैट परियोजनाओं के लिए ग्रामीण क्षेत्रों में 45 रुपये और शहरी क्षेत्रों में 60 रुपये प्रति वर्ग मीटर फीस निर्धारित की गई है। सरकार का मानना है कि संशोधित दरों से रियल एस्टेट सेक्टर में पारदर्शिता बढ़ेगी और उपभोक्ताओं के हितों की बेहतर सुरक्षा सुनिश्चित की जा सकेगी।