#राजनीति
January 23, 2026
मंत्री विक्रमादित्य के बयान के बाद सख्ती : कांग्रेस अध्यक्ष ने चेताया- पार्टी लाइन के बाहर नहीं होगी बयानबाजी
पार्टी की अंदरूनी कलह को किया सार्वजनिक
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शिमला। हिमाचल प्रदेश कांग्रेस में मंत्री विक्रमादित्य सिंह की पोस्ट के बाद चली बयानबाजी के बाद अब संगठन ने सख्त रुख अपनाया है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष विनय कुमार ने पार्टी लाइन से इतर बोलने वाले मंत्रियों, विधायकों और बोर्ड-निगमों के अध्यक्षों व उपाध्यक्षों को कड़ी चेतावनी जारी की है। उन्होंने साफ कहा है कि यदि किसी भी नेता का बयान पार्टी या सरकार की छवि को नुकसान पहुंचाता है, तो उसके खिलाफ बिना किसी पूर्व चेतावनी के अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।
अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (AICC) के निर्देशों पर जारी पत्र में विनय कुमार ने स्पष्ट किया कि हाल के दिनों में कुछ नेताओं के सार्वजनिक बयानों ने पार्टी की आधिकारिक नीति का उल्लंघन किया है।
इससे न केवल संगठनात्मक अनुशासन पर सवाल उठे हैं, बल्कि सरकार की छवि को भी नुकसान पहुंचा है। इस स्थिति पर केंद्रीय नेतृत्व ने गंभीर नाराजगी जताई है और प्रदेश संगठन को सख्ती बरतने के निर्देश दिए हैं।
हालांकि पत्र में किसी नेता या घटना का नाम नहीं लिया गया है, लेकिन राजनीतिक गलियारों में इसे पीडब्ल्यूडी मंत्री विक्रमादित्य सिंह के हालिया सोशल मीडिया पोस्ट और बयानों से जोड़कर देखा जा रहा है।
उनके बयान के बाद प्रदेश सरकार के भीतर कई मंत्री आमने-सामने आ गए थे। कैबिनेट मंत्री जगत सिंह नेगी, अनिरुद्ध सिंह और राजेश धर्माणी ने विक्रमादित्य के बयान से असहमति जताई, जबकि रोहित ठाकुर ने उन्हें एक कुशल मंत्री बताया।
इस दौरान पंचायती राज मंत्री अनिरुद्ध सिंह और विक्रमादित्य सिंह के बीच जुबानी जंग भी देखने को मिली। अनिरुद्ध सिंह के हमलों के जवाब में विक्रमादित्य ने तीखा पलटवार किया, जिससे विवाद और गहरा गया। इस पूरे घटनाक्रम पर कांग्रेस और युवा कांग्रेस के कई नेताओं की प्रतिक्रियाओं ने पार्टी की अंदरूनी कलह को सार्वजनिक कर दिया।
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए PCC अध्यक्ष विनय कुमार ने दो टूक कहा है कि अब कोई भी नेता मीडिया, सोशल मीडिया या सार्वजनिक मंच से पार्टी, सरकार या किसी पार्टी नेता के खिलाफ बयानबाजी नहीं करेगा। अनुशासनहीनता पर कोई सफाई या दलील स्वीकार नहीं की जाएगी।