#विविध
April 30, 2025
व्यवस्था परिवर्तन: अब हिमाचल के सभी सरकारी स्कूलों में को-एजुकेशन, मई से होगी शुरुआत
नई शिक्षा नीति के तहत मर्ज होंगे स्कूल
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शिमला। हिमाचल में व्यवस्था परिवर्तन और शिक्षा की गुणवत्ता सुधारने की दिशा में सुक्खू सरकार ने सभी सरकारी स्कूलों में को-एजुकेशन लागू करने की तैयारी कर ली है। फिलहाल अलग-अलग चल रहे ब्वॉयज और गर्ल्स स्कूलों को मर्ज कर कोएड बनाया जाएगा। नई व्यवस्था मई 2025 से ही शुरू हो जाएगी।
पहले चरण में कक्षा-11वीं और 12वीं के स्कूलों को मर्ज कर को-एड बनाया जाएगा। शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर ने इसकी जानकारी देते हुए बताया कि अगर एक ही जगह पर इन कक्षाओं के अलग-अलग स्कूल हैं तो भी उन्हें एक कर कोएड में तब्दील किया जाएगा।
हालांकि, इस योजना को कैबिनेट की मंजूरी मिलनी अभी बाकी है, लेकिन शिक्षा विभाग ने योजना पर काम शुरू कर दिया है। विभाग का तर्क है कि इससे लड़के-लड़कियों में कंपटीशन बढ़ेगा और शिक्षकों की कमी भी दूर होगी।
शिक्षा विभाग योजना के दूसरे चरण में 6 से 10वीं तक के लड़कों और लड़कियों के स्कूलों को मर्ज करेगी। इसके लिए जन प्रतिनिधियों, विधायक और समाज के लोगों से भी सुझाव मांगे जाएंगे।
विभाग ने छात्र व छात्राओं के स्कूल को मर्ज करने के लिए कक्षा 6 से 10 तक विद्यार्थियों की संख्या 500 तय की गई है। यदि इससे कम संख्या होती है तो दोनों स्कूलों को मर्ज कर एक स्कूल बनाया जाएगा। यह योजना सीएम सुक्खू के निर्देश पर बनी है।
शिक्षा विभाग ने सभी उप शिक्षा निदेशकों से स्कूलों में दाखिले के रिकॉर्ड मंगवाए हैं। 5 व 6 मई को शिक्षा निदेशालय में आयोजित होने वाली बैठक में इस पर चर्चा होगी। प्राइमरी, मिडिल, उच्च और वरिष्ठ माध्यमिक स्कूलों को लेकर अलग-अलग फॉर्मेट पर जानकारी मांगी गई है। स्कूलों में सृजित पदों से लेकर नजदीक के स्कूलों की दूरी, इन स्कूलों के लिए भौगोलिक दिक्कते क्या हैं, यह सूचना भी उप निदेशकों को देनी होगी।