#विविध
July 17, 2026
PM मोदी हिमाचलियों को देंगे बड़ा गिफ्ट- नए रेलवे स्टेशन का आज लोकार्पण, ट्रेन भी होगी रवाना
अंब अंदौरा स्टेशन को मिला आधुनिक स्वरूप, करटोली-अंबाला नई ट्रेन भी होगी शुरू
शेयर करें:

ऊना। हिमाचल प्रदेश के रेल यात्रियों के लिए शुक्रवार का दिन कई मायनों में खास रहने वाला है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत देशभर के 75 पुनर्विकसित रेलवे स्टेशनों का वर्चुअल लोकार्पण करेंगे।
इस राष्ट्रीय कार्यक्रम के तहत उत्तर रेलवे के अंबाला मंडल के चार प्रमुख रेलवे स्टेशन अंब अंदौरा, आनंदपुर साहिब, साहिबजादा अजीत सिंह नगर (मोहाली) और कालका भी औपचारिक रूप से राष्ट्र को समर्पित किए जाएंगे। इसके साथ ही पंजाब के करटोली रेलवे स्टेशन से अंबाला कैंट तक नई रेल सेवा की भी शुरुआत होगी, जिससे हिमाचल, पंजाब और हरियाणा के हजारों यात्रियों को सीधा लाभ मिलने की उम्मीद है।
अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत अंब अंदौरा रेलवे स्टेशन का व्यापक रूप से पुनर्विकास किया गया है। स्टेशन पर यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए आधुनिक प्रतीक्षालय, आकर्षक प्रवेश द्वार, बेहतर बैठने की व्यवस्था, दिव्यांगजन अनुकूल सुविधाएं, उच्च गुणवत्ता वाली प्रकाश व्यवस्था, स्वच्छ शौचालय, पार्किंग क्षेत्र और अन्य आधुनिक सुविधाएं विकसित की गई हैं।
स्टेशन का स्वरूप पहले की तुलना में अधिक आधुनिक, सुविधाजनक और आकर्षक बनाया गया है। रेलवे अधिकारियों का कहना है कि इस योजना का उद्देश्य केवल भवनों का सौंदर्यीकरण करना नहीं, बल्कि यात्रियों को सुरक्षित, आरामदायक और विश्वस्तरीय सुविधाएं उपलब्ध कराना है। इससे आने वाले वर्षों में रेलवे स्टेशनों की कार्यक्षमता और यात्री अनुभव दोनों में सुधार होगा।
उत्तर रेलवे के अंबाला मंडल के जनसंपर्क कार्यालय के अनुसार, पुनर्विकसित स्टेशनों पर शुक्रवार दोपहर लगभग तीन बजे उद्घाटन समारोह आयोजित किए जाएंगे। अंब अंदौरा रेलवे स्टेशन पर भी विशेष कार्यक्रम होगा, जिसमें रेलवे के वरिष्ठ अधिकारी, जनप्रतिनिधि, स्थानीय प्रशासन के अधिकारी तथा बड़ी संख्या में आम नागरिक शामिल होंगे।
कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी वर्चुअल माध्यम से देशभर के पुनर्विकसित रेलवे स्टेशनों का लोकार्पण करेंगे। समारोह का सीधा प्रसारण भी किया जाएगा, ताकि स्थानीय लोग इस ऐतिहासिक अवसर का हिस्सा बन सकें।
रेल यात्रियों के लिए एक और बड़ी राहत के रूप में रेलवे बोर्ड ने करटोली पंजाब-अंबाला कैंट-करटोली पंजाब एक्सप्रेस (14502/14501) के नियमित संचालन को मंजूरी दे दी है। उद्घाटन के अवसर पर 17 जुलाई को ट्रेन संख्या 04560 करटोली पंजाब-अंबाला कैंट उद्घाटन स्पेशल एक्सप्रेस एक तरफा यात्रा करेगी।
इसके बाद नियमित ट्रेन सेवा शुरू कर दी जाएगी, जबकि इसकी विस्तृत समय-सारिणी अलग से जारी की जाएगी। रेलवे अधिकारियों ने उद्घाटन यात्रा को सफल बनाने के लिए सभी संबंधित मंडलों और विभागों को आवश्यक तैयारियां पूरी करने के निर्देश दिए हैं।
रेलवे सूत्रों के अनुसार दिल्ली-दौलतपुर चौक हिमाचल एक्सप्रेस का विस्तार कर उसे भविष्य में करटोली रेलवे स्टेशन तक चलाने की योजना पर भी काम किया जा रहा है। यदि यह योजना लागू होती है तो हिमाचल प्रदेश के यात्रियों को और अधिक बेहतर रेल संपर्क मिलेगा तथा क्षेत्र की कनेक्टिविटी में उल्लेखनीय सुधार होगा।
उद्घाटन स्पेशल ट्रेन शुक्रवार दोपहर 3:40 बजे करटोली पंजाब रेलवे स्टेशन से रवाना होगी। इसके बाद यह ट्रेन दौलतपुर चौक, अंब अंदौरा, ऊना हिमाचल, नंगल डैम, आनंदपुर साहिब, रूपनगर, मोरिंडा, सरहिंद जंक्शन, राजपुरा जंक्शन और चंडीगढ़ सिटी सहित विभिन्न स्टेशनों पर निर्धारित ठहराव करते हुए रात 9:20 बजे अंबाला कैंट पहुंचेगी। इन प्रमुख स्टेशनों पर ठहराव मिलने से यात्रियों को विभिन्न शहरों के लिए बेहतर रेल संपर्क उपलब्ध होगा।
नई ट्रेन सेवा शुरू होने से सबसे अधिक लाभ ऊना जिले के लोगों को मिलने की संभावना है। ऊना हिमाचल, अंब अंदौरा, दौलतपुर चौक तथा आसपास के क्षेत्रों के यात्रियों को अब अंबाला कैंट तक एक अतिरिक्त सीधी रेल सेवा उपलब्ध होगी।
इससे दिल्ली, चंडीगढ़, हरियाणा, उत्तर प्रदेश और देश के अन्य राज्यों की यात्रा पहले की तुलना में अधिक सुविधाजनक और आसान हो जाएगी। रेल विशेषज्ञों का मानना है कि नई रेल सेवा शुरू होने से न केवल यात्रियों को राहत मिलेगी बल्कि क्षेत्र में व्यापार, पर्यटन और आर्थिक गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलेगा।
अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत देशभर के रेलवे स्टेशनों को आधुनिक सुविधाओं से लैस किया जा रहा है। इस योजना के अंतर्गत स्टेशनों की आधारभूत संरचना को मजबूत करने, यात्रियों की सुविधा बढ़ाने, डिजिटल सेवाओं का विस्तार करने और स्टेशन परिसरों को अधिक स्वच्छ एवं व्यवस्थित बनाने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
हिमाचल प्रदेश के लिए यह परियोजना इसलिए भी महत्वपूर्ण मानी जा रही है क्योंकि इससे प्रदेश के सीमावर्ती क्षेत्रों की रेल कनेक्टिविटी मजबूत होगी और आने वाले समय में यात्रियों के साथ-साथ पर्यटन एवं स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी नई गति मिलने की उम्मीद है।