#विविध

August 28, 2025

हिमाचल के लाहौल से पांच मरीज किए एयरलिफ्ट, सीएम के प्रयासों से बची जान

उपायुक्त लाहौल किरण भड़ाना ने की त्वरित कार्रवाई 

शेयर करें:

Himachal Lahaul News

केलांग। हिमाचल में भारी बारिश ने प्रदेश में जमकर तबाही मचाई है। प्रदेश के मंडी कुल्लू चंबा और लाहौल स्पीति जिला में सबसे अधिक हालात खराब हुए हैं। लाहौल.स्पीति जिले में भीषण बाढ़ और भूस्खलनों ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित किया है। सड़कों का संपर्क टूटने से न केवल यातायात ठप हुआ, बल्कि दूरदराज़ क्षेत्रों में फंसे मरीजों की जान पर भी बन आई। ऐसे संकट के समय मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू और जिला प्रशासन ने तत्परता और संवेदनशीलता का परिचय देते हुए एक मिशाल कायम की है।

स्टिंगरी से एयरलिफ्ट किए मरीज

मुख्यमंत्री के निर्देश पर और उपायुक्त किरण भड़ाना के नेतृत्व में लाहौल.स्पीति के दुर्गम गांव स्टिंगरी से पांच गंभीर रूप से बीमार मरीजों को हवाई मार्ग से सुरक्षित एयरलिफ्ट कर जिला अस्पताल कुल्लू पहुंचाया गया। इन मरीजों में सड़क दुर्घटना में घायल पूरन सिंह, डायलिसिस की आवश्यकता वाले आयुष (21), गंभीर बुखार और अन्य जटिलताओं से पीड़ित बालक रेयांश (9), गर्भवती महिला अलका (33), और रेयांश की मां संजीता, जो स्वयं भी अस्वस्थ थीं।

 

यह भी पढ़ें : माता बगलामुखी की चेतावनी: प्रकृति से छेड़छाड़ नहीं हुई बंद तो और भयानक होंगे परिणाम

सीएम सुक्खू ने दिए थे निर्देश

मुख्यमंत्री को जैसे ही स्थिति की जानकारी मिली, उन्होंने कुल्लू जिला प्रशासन को तुरंत हवाई सहायता से मरीजों को सुरक्षित निकालने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने चिकित्सकों को यह भी निर्देश दिया कि मरीजों को सर्वोत्तम इलाज और हर संभव सहायता सुनिश्चित की जाए। इससे पहले भी मुख्यमंत्री सुक्खू ने ऐसे अनेक अवसरों पर राज्य के दूरदराज़ और आपदा.ग्रस्त क्षेत्रों में फंसे नागरिकों की मदद के लिए त्वरित कदम उठाए हैं।

डीसी लाहौल ने सुनिश्चित की सुविधाएं

उधर, उपायुक्त लाहौल-स्पीति किरण भड़ाना ने मौके की गंभीरता को समझते हुए युद्धस्तर पर राहत कार्य शुरू करवाए। स्टिंगरी हेलीपैड से हवाई माध्यम द्वारा मरीजों को कुल्लू पहुंचाने के साथ ही, ज़रूरी दवाइयों और राहत सामग्री की आपूर्ति भी हेलीकॉप्टर के ज़रिए सुनिश्चित की गई। बाढ़ से सबसे ज्यादा प्रभावित क्षेत्रों में टेलिंग नाला और पागल नाला शामिल हैं, जहां सड़कें बह चुकी हैं। हालांकि प्रशासन ने बिजली और दूरसंचार सेवाओं को प्राथमिकता के आधार पर बहाल कर लिया है।

 

यह भी पढ़ें : मणिमहेश यात्रा: भरमौर में फंसे लोगों की पहली लिस्ट जारी, नेटवर्क अभी भी ठप; रेस्क्यू ऑपरेशन जारी

 

राहत एवं बचाव कार्यों के लिए सिस्सू में एक ष्वार रूमष् की स्थापना की गई है, जहां सभी विभागों के अधिकारी समन्वय के साथ काम कर रहे हैं। कार्यकारी सहायक आयुक्त डॉ. विवेक गुलेरिया भी राहत कार्यों की निगरानी में जुटे हैं। इस मानवीय अभियान की स्थानीय जनता ने भरपूर सराहना की है। मरीजों के परिजनों ने कहा कि यदि प्रशासन और सरकार इतनी त्वरित प्रतिक्रिया न करती, तो हालात और बिगड़ सकते थे।

नोट : ऐसी ही तेज़, सटीक और ज़मीनी खबरों से जुड़े रहने के लिए इस लिंक पर क्लिक कर हमारे फेसबुक पेज को फॉलो करें

ट्रेंडिंग न्यूज़
LAUGH CLUB
संबंधित आलेख