#अपराध
January 4, 2026
हिमाचल : आर्मी कैंप से लापता फौजी पुल के नीचे खड्ड के पास मिला, आखिर क्यों हुआ था गायब?
पुल के पास खड़ी मिली सिपाही की मोटरसाइकिल
शेयर करें:

कांगड़ा। देश की सरहदों की सुरक्षा करने वाले सैनिक, सभी देशवासियों के लिए हीरो की तरह होते हैं। मगर कई बार कुछ अनहोनी घटनाओं से परेशानियों का सामना करना पड़ जाता है। ऐसा ही एक मामला हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा जिले से सामने आया है। जहां, योल कैंट क्षेत्र से 105 इंजीनियर रेजिमेंट के सिपाही निलेश यादव लापता हो गए थे।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, सिपाही के लापता होने की सूचना मिलते ही योल पुलिस चौकी और 105 इंजीनियर रेजिमेंट के अधिकारियों ने तुरंत आपसी समन्वय के साथ तलाश शुरू की। पुलिस और सेना ने संयुक्त सर्च ऑपरेशन चलाकर सुरक्षित बरामद कर लिया है। सिपाही 3 जनवरी से लापता थे, जिससे सैन्य अधिकारियों और परिजनों की चिंता बढ़ गई थी।
यह भी पढ़ें : ईमानदारी की सजा! हिमाचल में रिश्वत न लेने पर पटवारी को पीटा- कुर्सी से घसीटकर की धुनाई
पुलिस ने तकनीकी सहायता लेते हुए सैनिक के मोबाइल फोन की लोकेशन ट्रेस की, जो ठानपुरी क्षेत्र में सामने आई। इसके आधार पर इलाके में व्यापक तलाशी अभियान चलाया गया। तलाशी के दौरान पुलिस और सेना की संयुक्त टीम को ठानपुरी से आगे नेशनल हाईवे पर बने एक पुल के पास सिपाही की मोटरसाइकिल खड़ी मिली। इससे टीम को अंदेशा हुआ कि सिपाही आसपास ही हो सकते हैं।
इसके बाद पुल के नीचे खड्ड की ओर जाने वाली पगडंडी और आसपास के जंगलनुमा क्षेत्र की गहन जांच की गई। लगातार प्रयासों के बाद टीम को पुल के नीचे खड्ड किनारे एक आम के पेड़ के नीचे सिपाही निलेश यादव सुरक्षित अवस्था में मिले। हालांकि वे काफी थके हुए थे, लेकिन उन्हें किसी तरह की गंभीर चोट नहीं आई थी।
यह भी पढ़ें : धर्मशाला छात्रा मौ*त मामला उलझा- क्लासमेट ने खोले कई राज, क्या झूठ बोल रहा कॉलेज प्रबंधन?
मौके पर ही प्राथमिक पूछताछ और संतोषजनक स्थिति की पुष्टि के बाद उन्हें सुरक्षित बाहर निकाला गया। रेस्क्यू के बाद सिपाही को योल पुलिस चौकी लाया गया, जहां आवश्यक कानूनी औपचारिकताएं पूरी की गईं। इसके बाद उन्हें 105 इंजीनियर रेजिमेंट के सैन्य अधिकारियों के सुपुर्द कर दिया गया।
पुलिस और सेना के बीच बेहतर तालमेल और त्वरित कार्रवाई की स्थानीय लोगों और सैन्य परिवारों ने सराहना की है। फिलहाल, सिपाही के लापता होने के कारणों को लेकर आंतरिक स्तर पर पूछताछ की जा रही है, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोका जा सके।