#अपराध
May 9, 2026
हिमाचल : नशे के सौदागरों पर बड़ा एक्शन- बार-बार तस्करी कर रहे थे 3 आरोपी, अब भेजे कंडा जेल
सरकार की मंजूरी के बाद जारी हुए डिटेंशन ऑर्डर
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शिमला। हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला में पुलिस प्रशासन नशा तस्करी के खिलाफ लगातार सख्त कार्रवाई कर रहा है। इसी कड़ी में पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल करते हुए तीन आदतन नशा तस्करों को गिरफ्तार किया है। पुलिस का कहना है कि नशे के कारोबार में शामिल लोगों पर अब और कड़ा शिकंजा कसा जा रहा है, ताकि इस अवैध धंधे को पूरी तरह खत्म किया जा सके।
पुलिस के मुताबिक जिले में PIT-NDPS एक्ट को प्रभावी तरीके से लागू किया जा रहा है, ताकि आदतन ड्रग तस्करों को दोबारा अपराध करने से रोका जा सके। इसी अभियान के तहत तीन नशा तस्करों के खिलाफ PIT-NDPS एक्ट के तहत डिटेंशन की कार्रवाई अमल में लाई गई।
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जानकारी के अनुसार सचिन श्याम उर्फ सच्चु निवासी खोलीघाट बनोगा तहसील ननखड़ी, दीपक राजटा निवासी गांव तांदली तहसील रोहड़ू और शुभम कश्यप निवासी गांव जंदल तहसील सुन्नी के खिलाफ प्रस्तावित डिटेंशन कार्रवाई को हिमाचल प्रदेश सरकार ने मंजूरी दी थी। मंजूरी मिलने के बाद विधिवत डिटेंशन आदेश जारी किए गए।

इसके बाद 8 मई 2026 को थाना ननखड़ी, थाना रोहड़ू और SIU शिमला की टीमों ने DCRB जिला शिमला के सहयोग से शिमला और रोहड़ू क्षेत्र में दबिश देकर तीनों आरोपियों को हिरासत में लिया। अब आगामी कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद इन्हें आदर्श कारागार कंडा में दाखिल किया जा रहा है।
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पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक आरोपी सचिन श्याम उर्फ सच्चु लंबे समय से नशा तस्करी के कारोबार में सक्रिय था। उसके खिलाफ साल 2011 से लेकर 2026 तक NDPS एक्ट के तहत कई मामले दर्ज हैं। इनमें थाना न्यू शिमला, ढली, ननखड़ी और कुमारसैन में दर्ज एफआईआर शामिल हैं। पुलिस के अनुसार उसके खिलाफ NDPS एक्ट की विभिन्न धाराओं के तहत गंभीर मामले दर्ज किए जा चुके हैं।

वहीं आरोपी दीपक राजटा के खिलाफ भी वर्ष 2025 में थाना चिड़गांव और रोहड़ू में NDPS एक्ट के तहत मामले दर्ज किए गए थे। पुलिस का कहना है कि वह लगातार नशा तस्करी गतिविधियों में शामिल पाया गया और कई बार पुलिस की निगरानी में भी रहा।
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इसके अलावा शुभम कश्यप के खिलाफ भी थाना पूर्व शिमला और पश्चिम शिमला में NDPS एक्ट के तहत केस दर्ज हैं। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार वह भी ड्रग सप्लाई और तस्करी के नेटवर्क से जुड़ा हुआ था और युवाओं तक नशा पहुंचाने में सक्रिय भूमिका निभा रहा था।

पुलिस अधिकारियों ने साफ कहा है कि जिन अपराधियों में बार-बार अपराध करने की प्रवृत्ति पाई जाएगी, उनके खिलाफ PIT-NDPS एक्ट के तहत कठोर कार्रवाई जारी रहेगी। जिला पुलिस का कहना है कि हिमाचल में फैल रहे नशे के नेटवर्क को तोड़ने और युवाओं को नशे से बचाने के लिए यह अभियान आगे भी लगातार चलाया जाएगा।