#अपराध
February 25, 2026
हिमाचल: डंपिंग साइट पर मिली बुजुर्ग की ला.श- खनन माफिया पर आरोप, SHO को हटाने की मांग
टिप्पर से कुचलने की आशंका, नालागढ़ में हत्या का मामला दर्ज
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सोलन। हिमाचल प्रदेश के जिला सोलन स्थित नालागढ़ में नदी किनारे की रेत से उठती धूल अब सियासी और सामाजिक तूफान में बदल गई है। यहां शेरावाला गांव के 65 वर्षीय हलवाई प्रीतम उर्फ प्रीतू की संदिग्ध हालात में मौत ने पूरे इलाके को झकझोर दिया है। डंपिंग साइट पर मिला उनका कुचला हुआ शव अब अवैध खनन और कानून-व्यवस्था पर बड़े सवाल खड़े कर रहा है।
बगलैहड़ नदी के किनारे अवैध खनन से जुड़ी बताई जा रही डंपिंग साइट पर बीती रात प्रीतम का शव मिला। परिजनों का कहना है कि रात करीब आठ-नौ बजे तक वह घर पर थे, लेकिन इसके बाद लापता हो गए। अगले दिन तलाश के दौरान सूचना मिली कि डंपिंग ग्राउंड में एक शव पड़ा है।
मौके पर पहुंचने पर परिजनों ने पहचान की। उनके चेहरे और शरीर पर गंभीर चोटों के निशान थे और चेहरा बुरी तरह कुचला हुआ बताया जा रहा है। आशंका जताई जा रही है कि किसी टिप्पर से कुचलकर उनकी हत्या की गई। पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
बुधवार को सैकड़ों ग्रामीण और मृतक के परिजन नालागढ़ सिविल अस्पताल पहुंचे, जहां जमकर नारेबाजी हुई। प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि पुलिस उनके बयान दर्ज करने में देरी कर रही है और मामले को दबाने की कोशिश की जा रही है। परिजनों ने दावा किया कि जिस व्यक्ति पर उन्हें शक है, वह पिछले दो दिनों से पुलिस के साथ घूमता देखा गया था। उन्होंने आरोप लगाया कि आरोपी को बचाने के लिए कार्रवाई नहीं हो रही।
लोगों ने मांग की कि हत्या में शामिल सभी आरोपियों को तुरंत गिरफ्तार किया जाए, संबंधित टिप्पर और अन्य वाहनों को जब्त किया जाए और जांच किसी निष्पक्ष एजेंसी से कराई जाए। वहीं स्थानीय लोगों ने एसएचओ को भी हटाने की मांग की। उनका कहना है कि पुलिस वाले भी खनन माफिया के साथ मिले हुए हैं।
ग्रामीणों का कहना है कि इलाके में लंबे समय से अवैध खनन चल रहा है और स्थानीय स्तर पर इसकी अनदेखी की जा रही है। आरोप है कि एक ही अधिकारी लंबे समय से तैनात है और शिकायतों पर ठोस कार्रवाई नहीं होती।
लोगों का दावा है कि क्षेत्र में आए दिन गोलीकांड, हमले और हिंसक घटनाएं हो रही हैं, लेकिन प्रशासन की ओर से सख्ती नजर नहीं आती। प्रीतम शेरावाला गांव के निवासी थे और पंजेरा में हलवाई का काम करते थे। शांत स्वभाव के इस बुजुर्ग की मौत ने गांव में मातम का माहौल पैदा कर दिया है।