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August 19, 2026

हिमाचल:15 महीने के अद्वैत में है अदभुत प्रतिभा, विलोम शब्द सुनाकर वर्ल्ड रिकॉर्ड्स इंडिया में दर्ज हुआ नाम

खेल-खेल में शुरू हुई पढ़ाई

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Adwait Singh Thakur

चंबा। उम्र महज 15 महीने, लेकिन याददाश्त ऐसी कि बड़े-बड़े भी हैरान रह जाएं। चंबा के सिहंता के रहने वाले नन्हे अद्वैत सिंह ठाकुर ने इतनी कम उम्र में अपनी शानदार याददाश्त से खास पहचान बनाई है। 12 मार्च 2025 को जन्मे अद्वैत ने विलोम शब्द सुनाकर रिकॉर्ड अपने नाम किया है। उनकी इस उपलब्धि को वर्ल्ड रिकॉर्ड्स इंडिया ने 10 जुलाई 2026 को दर्ज किया है।

परिवार में खुशी का माहौल

अद्वैत की इस कामयाबी से पूरा परिवार बेहद खुश है। उनके पिता अभिषेक ठाकुर और माता वंदना ठाकुर बेटे की उपलब्धि पर गर्व महसूस कर रहे हैं। वहीं, दादा बचितर सिंह ठाकुर और दादी नीलम ठाकुर भी अद्वैत की इस प्रतिभा से काफी खुश और गौरवान्वित हैं।

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खेल-खेल में शुरू हुई पढ़ाई

परिवार के अनुसार, अद्वैत को शब्दों से परिचित कराने की शुरुआत पढ़ाई के तौर पर नहीं, बल्कि खेल-खेल में हुई। उसकी मां वंदना ठाकुर उसे सुलाते समय अलग-अलग शब्द सुनाया करती थीं। धीरे-धीरे अद्वैत उन शब्दों को याद करने लगा। खास बात यह रही कि सोते समय सुनी हुई बातें भी वह आसानी से याद रखता था।

किताबों से बढ़ा शब्दों का ज्ञान

बाद में परिवार ने अद्वैत को किताबों के जरिए अलग-अलग शब्दों से परिचित करवाना शुरू किया। वह सिर्फ शब्द सुनता ही नहीं था, बल्कि उन्हें याद करके उनके विलोम शब्द भी बताने लगा। उसकी इस क्षमता को देखकर परिवार के लोग भी काफी हैरान हुए।

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इतनी छोटी उम्र में बना खास पहचान

आमतौर पर इस उम्र में बच्चे बोलना और नए-नए शब्द सीखना शुरू करते हैं। ऐसे में अद्वैत ने अपनी याददाश्त और सीखने की क्षमता से अलग पहचान बनाई है। इतनी कम उम्र में विलोम शब्द सुनाकर रिकॉर्ड बनाना उसकी प्रतिभा को दिखाता है।

परिवार के सहयोग से निखरी प्रतिभा

अद्वैत के परिवार का कहना है कि बच्चों को अगर सही माहौल, लगातार अभ्यास और परिवार का प्यार व प्रोत्साहन मिले तो वे छोटी उम्र में भी बहुत कुछ सीख सकते हैं। अद्वैत की कहानी दूसरे अभिभावकों के लिए भी एक उदाहरण है कि बच्चों को खेल-खेल में नई चीजें सिखाने से उनकी सीखने की क्षमता को बढ़ावा मिल सकता है।

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अद्वैत की उपलब्धि से क्षेत्र में खुशी

नन्हे अद्वैत की इस उपलब्धि से न सिर्फ उसका परिवार खुश है, बल्कि सिहंता क्षेत्र में भी खुशी का माहौल है। महज 15 महीने की उम्र में वर्ल्ड रिकॉर्ड अपने नाम करने वाले अद्वैत ने अपनी प्रतिभा से परिवार और क्षेत्र का नाम रोशन किया है।

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