#यूटिलिटी
September 23, 2026
पर्यटन कारोबार को मिल सकता है फायदा

शिमला। हिमाचल प्रदेश में कारोबार करने वालों के लिए सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। अब दुकानें, रेस्टोरेंट, गेस्ट हाउस और अन्य वाणिज्यिक प्रतिष्ठान अपनी जरूरत के हिसाब से दिन-रात संचालित किए जा सकेंगे।
सरकार ने इन्हें सप्ताह के सातों दिन खोलने की भी अनुमति दे दी है। खास बात यह है कि यह छूट तत्काल प्रभाव से लागू कर दी गई है। श्रम, रोजगार एवं ओवरसीज प्लेसमेंट विभाग की ओर से मंगलवार को इस संबंध में अधिसूचना जारी की गई। यह व्यवस्था फिलहाल एक साल के लिए लागू रहेगी। सरकार ने हिमाचल प्रदेश दुकान एवं वाणिज्यिक प्रतिष्ठान अधिनियम, 1969 की धारा 9 और 10 के तहत निर्धारित नियमों में छूट देते हुए यह प्रावधान किया है।
नई व्यवस्था के बाद संबंधित प्रतिष्ठान अपने कारोबार की जरूरत और ग्राहकों की मांग के अनुसार संचालन का समय तय कर सकेंगे। यानी किसी दुकान या रेस्टोरेंट को केवल निर्धारित दिन या समय तक ही सीमित रखने की बाध्यता नहीं होगी। जरूरत के अनुसार रात में भी कारोबार जारी रखा जा सकेगा और सप्ताह के सातों दिन प्रतिष्ठान संचालित किए जा सकेंगे।
हालांकि, सरकार ने इसके साथ कर्मचारियों के हितों को लेकर भी नियम स्पष्ट किए हैं। 24 घंटे प्रतिष्ठान खुले रहने की अनुमति का अर्थ यह बिल्कुल नहीं है कि किसी एक कर्मचारी से लगातार 24 घंटे काम करवाया जा सकेगा।
अधिसूचना के अनुसार कर्मचारियों की ड्यूटी निर्धारित कार्य अवधि के हिसाब से लगानी होगी। उन्हें साप्ताहिक अवकाश देना भी अनिवार्य रहेगा। यानी प्रतिष्ठान का संचालन चौबीसों घंटे हो सकता है, लेकिन कर्मचारियों के काम के घंटे श्रम कानूनों के तहत ही तय होंगे।
इसके अलावा कारोबारियों को हिमाचल प्रदेश दुकान एवं वाणिज्यिक प्रतिष्ठान अधिनियम, 1969 और इसके तहत बनाए गए नियमों के साथ-साथ अन्य लागू श्रम कानूनों का पालन करना होगा। सरकार के इस फैसले का असर हिमाचल के पर्यटन कारोबार पर भी देखने को मिल सकता है।
प्रदेश में विंटर टूरिज्म सीजन शुरू होने वाला है और इस दौरान शिमला, मनाली, धर्मशाला, कसौली, डलहौजी समेत प्रमुख पर्यटन स्थलों पर पर्यटकों की आवाजाही बढ़ती है। ऐसे में ये फैसला पर्यटकों के लिए राहत भरा है।
देर रात पहुंचने वाले पर्यटकों, सुबह जल्दी यात्रा शुरू करने वाले लोगों और रात के समय जरूरी सामान की तलाश करने वालों के लिए 24 घंटे खुले रहने वाले प्रतिष्ठान उपयोगी साबित हो सकते हैं। रेस्टोरेंट और अन्य सेवाओं के लंबे समय तक उपलब्ध रहने से पर्यटन कारोबार से जुड़े लोगों को भी अतिरिक्त व्यापार का अवसर मिल सकता है।